भारत ने गाजा की गंभीर मानवीय स्थिति पर चिंता जताई है. भारत की सचिव (CPV & OIA) और राजदूत श्रीप्रिया रंगनाथन ने मंगलवार को रामल्लाह में फिलिस्तीन के विदेश मामलों और प्रवासी मामलों के मंत्री डॉ. वारसेन अगाबेकियन शाहिन से मुलाकात की. यह फिलिस्तीन की उनकी आधिकारिक यात्रा के दौरान पहली बैठक थी.
बैठक में भारत-फिलिस्तीन संबंधों से जुड़े व्यापक मुद्दों पर चर्चा हुई. बातचीत में फिलिस्तीन की मौजूदा स्थिति, गाजा में घटनाक्रम, मानवीय जरूरतों और फिलिस्तीनी लोगों के साथ भारत की लंबे समय से चली आ रही विकास साझेदारी पर खास ध्यान दिया गया. दोनों पक्षों ने द्विपक्षीय संबंधों और सहयोग को आगे बढ़ाने के तरीकों पर भी चर्चा की.
श्रीप्रिया रंगनाथन ने फिलिस्तीनी लोगों और बातचीत के जरिए दो-राज्य समाधान के लिए भारत के लगातार समर्थन को दोहराया. उन्होंने गाजा की गंभीर मानवीय स्थिति को लेकर भारत की चिंता भी जताई. साथ ही, गाजा की नागरिक आबादी तक मानवीय सहायता की सुरक्षित, निरंतर और बिना किसी बाधा के पहुंच सुनिश्चित करने के महत्व पर जोर दिया.
भारत ने शांति और स्थिरता के प्रयासों के साथ-साथ संवाद और कूटनीति के जरिए संघर्ष के स्थायी राजनीतिक समाधान के लिए अपने समर्थन को भी दोहराया. बैठक में फिलिस्तीन के लिए भारत के विकास और मानवीय सहयोग पर भी चर्चा हुई. भारत की ओर से दिए जा रहे सहयोग और उससे जुड़ी पहलों की स्थिति पर भी विचार किया गया.
दोनों पक्षों ने स्वास्थ्य, शिक्षा और क्षमता निर्माण से जुड़ी जारी पहलों की प्रगति की समीक्षा की. फिलिस्तीनी जरूरतों को पूरा करने में भारत के विकास संबंधी अनुभवों से मदद मिल सकने वाले सहयोग के नए क्षेत्रों पर भी चर्चा हुई. इस दौरान विकास साझेदारी के तहत चल रहे काम पर भी बातचीत हुई.
फिलिस्तीन के विदेश मंत्री ने इस साल जनवरी में भारत की अपनी सफल यात्रा को याद किया और विकास परियोजनाओं, क्षमता निर्माण कार्यक्रमों, छात्रवृत्तियों, मानवीय सहायता तथा फिलिस्तीनी संस्थानों और संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों को दिए जा रहे योगदान के जरिए भारत के लगातार समर्थन की सराहना की. उन्होंने भारत के सहयोग की सराहना की.
बैठक में भारत सरकार द्वारा वित्त पोषित फिलिस्तीनी इंस्टीट्यूट ऑफ डिप्लोमेसी की प्रगति और सुषमा स्वराज फॉरेन सर्विस इंस्टीट्यूट के साथ अपेक्षित सहयोग पर भी विशेष ध्यान दिया गया. इन दोनों पहलों से जुड़े मुद्दों को चर्चा में प्रमुखता दी गई और उनके संबंध में प्रगति की समीक्षा की गई.
भारत और फिलिस्तीन के बीच लंबे समय से चली आ रही दोस्ती को भी दोनों पक्षों ने दोहराया. साथ ही, दोनों ने द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने तथा दोनों देशों के बीच करीबी संबंधों को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता जताई. बैठक में सहयोग के मौजूदा क्षेत्रों के साथ-साथ फिलिस्तीनी जरूरतों से जुड़े नए सहयोग क्षेत्रों पर भी विचार हुआ.
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