प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी IIT दिल्ली के 57वें दीक्षांत समारोह में शामिल हुए और छात्रों को नई शुरुआत के लिए शुभकामनाएं दीं। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि वह “बाबा बागेश्वर” नहीं हैं, लेकिन हर छात्र के मन में भविष्य को लेकर अलग-अलग सपने और योजनाएं जरूर चल रही होंगी।