MP News: सागर में जहरीली शराब मामले में मुख्य आरोपियों में से एक को शुक्रवार सुबह शॉर्ट एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया गया. इस दौरान पुलिस पर 3 राउंड फायरिंग करने वाले आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे तुरंत हिरासत में लेकर इलाज के लिए पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के बांदा स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया है. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस कामयाबी का श्रेय पुलिस की कुशलता को दिया और कहा कि किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा और इस जहरीली शराब त्रासदी के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
पुलिस ने बताया कि उन्होंने मुख्य आरोपी रवि लखेरा (45) को जिला मुख्यालय से लगभग 40 किमी दूर बरायथा जंगल में रोका, जिसके बाद दोनों तरफ से गोलीबारी हुई.
ASP जयवीर भदौरिया ने बताया कि मुठभेड़ के दौरान रवि लखेरा के पैर में गोली लगी, जबकि उसके साथ बाइक पर सवार उसके दो साथी भागने में सफल रहे.
भदौरिया ने फोन कॉल पर एक न्यूज एजेंसी को बताया कि उसे इलाज के लिए पड़ोसी राज्य उत्तर प्रदेश के बांदा के एक अस्पताल में ले जाया गया. पुलिस सूत्रों ने बताया कि लखेरा की हालत स्थिर है.
आरोप है कि लखेरा, लाइसेंस प्राप्त शराब ठेकेदार मनीष लोधी उर्फ यशवंत सिंह लोधी के साथ मिलकर जहरीली शराब बनाने में शामिल था, जिसे बाद में सागर जिले में शराब बेचने वालों के जरिए बांटा जाता था.
यूपी के ललितपुर का रहने वाला है लखेरा
पुलिस सूत्रों ने बताया कि लखेरा उत्तर प्रदेश के ललितपुर की गंगापुरम कॉलोनी का रहने वाला है. बता दें कि ललितपुर की सीमा सागर जिले से काफी हद तक जुड़ी हुई है. आरोपी के खिलाफ एमपी, यूपी और अन्य जगहों पर तकरीबन 25 आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें से ज्यादातर आबकारी अधिनियम के तहत हैं. वह मूल रूप से यूपी के महोबा जिले का रहने वाला है, जहां उसके माता-पिता रहते हैं.
शराब बनाने वाली टीम का सरगना
सूत्रों ने बताया कि वह सागर के बहेरिया पुलिस स्टेशन में 2025 में अवैध शराब बनाने के सिलसिले में दर्ज एक मामले में भी वांटेड था. लखेरा शराब बनाने और उसके उत्पादन में इस्तेमाल होने वाली सामग्री जुटाने में माहिर माना जाता है और वह जहरीली शराब बनाने वाली एक टीम का संचालन करता था.
मुख्यमंत्री यादव का बयान
सागर की घटना का जिक्र करते हुए सीएम यादव ने पत्रकारों से कहा कि उन्होंने प्रशासन को सख्त कार्रवाई करने और त्रासदी के लिए जिम्मेदार किसी भी व्यक्ति को न बख्शने का निर्देश दिया था. पुलिस ने अपनी कुशलता का परिचय दिया, और इसीलिए मैंने वे निर्देश जारी किए थे. सरकार किसी भी परिस्थिति में किसी को नहीं बख्शेगी.
CM यादव ने आगे कहा, "हम राज्य में नशीले पदार्थों के खिलाफ अभियान शुरू करेंगे और ऐसी घटनाओं के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेंगे.
जहरीली शराब से 16 मौतें
बता दें कि सागर जिले में जहरीली शराब पीने से 16 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 32 लोग अलग-अलग अस्पतालों में इलाज करवा रहे हैं. आरोपी बनाए गए 30 लोगों में से 17 को गिरफ़्तार कर लिया गया है.
मुख्यमंत्री ने इस घटना की न्यायिक जांच के आदेश दिए हैं, वहीं कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (मार्क्सवादी) ने मध्य प्रदेश सरकार पर शराब माफिया को बचाने का आरोप लगाया है. साथ ही, पार्टी ने सागर के एसपी के उस दावे पर भी सवाल उठाए हैं जिसमें कहा गया था कि जहरीली शराब ललितपुर से सप्लाई की गई थी.
हिमांशु पुरोहित