कितने में बुक होता है रामलीला मैदान का वो हिस्सा? जहां विपक्ष कर रहा महारैली

रामलीला मैदान में रविवार को इंडिया ब्लॉक की महारैली होनी है. ऐसे में जानते हैं रामलीला बुकिंग के क्या नियम हैं और इसे बुक करने में कितने रुपये लगते हैं.

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रामलीला मैदान में  रैली करने से पहले इसकी बुकिंग करवानी होती है. (Photo: PTI) रामलीला मैदान में रैली करने से पहले इसकी बुकिंग करवानी होती है. (Photo: PTI)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 01 नवंबर 2026,
  • अपडेटेड 12:22 PM IST

दिल्ली का रामलीला मैदान आज फिर से चर्चा में है. चर्चा में आने की वजह ये है कि ये मैदान एक बार फिर सियासी हलचल का गवाह बनने जा रहा है. यहां विपक्ष की ओर से 'वोट बचाओ, देश बचाओ' महारैली का आयोजन किया जा रहा है. कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों के नेताओं की इस रैली में शामिल होने की उम्मीद है. क्या आप जानते हैं जिस रामलीला मैदान में ये महारैली हो रही है, उसे प्रदर्शन के लिए बुक करना होता है और उसका चार्ज भी देना होता है. ऐसे में जानते हैं कि यहां प्रदर्शन के लिए कितने रुपये देने होते हैं? 

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दरअसल, दिल्ली में प्रदर्शन के लिए निर्धारित जगहों को लेकर हाल ही में बड़ा बदलाव हुआ है. दिल्ली पुलिस ने जंतर-मंतर को प्रदर्शन स्थल के तौर पर डी-नोटिफाई कर दिया है. यानी अब जंतर-मंतर पहले की तरह निर्धारित प्रदर्शन स्थल नहीं रहेगा. इसकी जगह दिल्ली पुलिस ने तीन नए स्थान तय किए हैं. इनमें रामलीला मैदान, उत्तरी दिल्ली का बुराड़ी ग्राउंड और पूर्वी दिल्ली का सीबीडी ग्राउंड शामिल हैं. 

अब बात करते हैं रामलीला मैदान की. यहां प्रदर्शन करने के लिए दो तरह की जगह उपलब्ध हैं. एक ऐसी जगह जहां कोई किराया नहीं देना पड़ता और दूसरी वह जगह, जहां बड़े स्तर पर प्रदर्शन करने के लिए बुकिंग करानी होती है.

रामलीला मैदान में कहां फ्री में कर सकते हैं प्रदर्शन?

रामलीला मैदान का नाम सुनते ही एक बड़े मैदान की तस्वीर सामने आती है, जहां हजारों लोग एक साथ जुट सकते हैं. लेकिन यहां पूरा मैदान मुफ्त में इस्तेमाल करने की सुविधा नहीं है. नगर निगम के अधिकारियों के मुताबिक, मैदान का एक छोटा हिस्सा ऐसा है, जहां प्रदर्शन और सभाएं करने के लिए कोई किराया नहीं देना पड़ता. हालांकि, इस फ्री जगह की क्षमता बहुत ज्यादा नहीं है. यहां एक बार में करीब 150 लोग ही जुट सकते हैं. अगर किसी संगठन या समूह को छोटी सभा करनी है या सीमित संख्या में लोगों के साथ प्रदर्शन करना है तो वह इस जगह का इस्तेमाल कर सकता है.

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50 हजार लोगों को जुटाना है तो कितना देना होगा किराया?

अब मान लीजिए कि किसी संगठन को 150 नहीं, बल्कि 5 हजार या 10 हजार लोगों के साथ बड़ा प्रदर्शन करना है. या फिर किसी रैली में करीब 50 हजार लोगों को जुटाने की योजना है. ऐसे में छोटे हिस्से से काम नहीं चलेगा. इसके लिए रामलीला मैदान का बड़ा हिस्सा बुक कराना होगा. करीब 12 एकड़ में फैले इस मैदान में लगभग 50 हजार लोगों के जुटने की क्षमता है. लेकिन इसके लिए पैसे खर्च करने पड़ते हैं. अधिकारियों के मुताबिक, बड़े मैदान की बुकिंग का किराया 50 हजार रुपये प्रतिदिन है.

इसके अलावा 55 हजार रुपये सिक्योरिटी डिपॉजिट के तौर पर जमा कराने होते हैं. यह रकम रिफंडेबल होती है, यानी तय शर्तों के मुताबिक मैदान इस्तेमाल करने के बाद इसे वापस किया जा सकता है. अब इसमें टैक्स भी जोड़ लीजिए. इस तरह एक दिन के लिए रामलीला मैदान बुक कराने पर शुरुआती भुगतान करीब 1.21 लाख रुपये पहुंच जाता है. सिक्योरिटी मनी वापस मिल जाती है. 

कैसे बुक होता है रामलीला मैदान?

अब सवाल है कि अगर किसी संगठन को यहां प्रदर्शन करना है तो उसे बुकिंग के लिए कहां आवेदन करना होगा? क्या इसके लिए दिल्ली पुलिस के पास जाना पड़ता है या नगर निगम से संपर्क करना होता है? दरअसल, रामलीला मैदान की बुकिंग दिल्ली नगर निगम (MCD) के हॉर्टिकल्चर डिपार्टमेंट के जरिए होती है. यही विभाग मैदान के इस्तेमाल की अनुमति देता है. लेकिन सिर्फ नगर निगम में आवेदन कर देने से बुकिंग पक्की नहीं होती.

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इसके लिए दिल्ली पुलिस से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट यानी एनओसी लेना जरूरी है. दिल्ली पुलिस की तरफ से एनओसी मिलने के बाद ही नगर निगम बुकिंग की प्रक्रिया को मंजूरी देता है. यानी मैदान इस्तेमाल करने के लिए पुलिस और नगर निगम, दोनों की अनुमति जरूरी है.

इस साल बुकिंग के लिए सिर्फ तीन तारीखें बचीं

अगर कोई संगठन इस साल रामलीला मैदान में प्रदर्शन करने की योजना बना रहा है तो उसके सामने एक और परेशानी है. मैदान की उपलब्धता. अधिकारियों के मुताबिक, इस साल बुकिंग के लिए सिर्फ 29, 30 और 31 दिसंबर की तारीखें उपलब्ध हैं. बाकी तारीखों पर मैदान पहले से बुक है.
 

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