त्योहारों के मद्देनजर उत्तराखंड में मिलावट, जमाखोरी और खाद्य मानकों के उल्लंघन के खिलाफ जिला स्तर पर जांच अभियान तेज किया गया है. मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर सभी जिलाधिकारियों को एक सप्ताह तक विशेष अभियान चलाने को कहा गया है. अभियान की निगरानी की जिम्मेदारी मंडलायुक्तों को दी गई है. सोमवार को प्रदेश के विभिन्न जिलों में जिला प्रशासन और खाद्य संरक्षा एवं औषधि प्रशासन की संयुक्त टीमों ने व्यापारिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया. इस दौरान खाद्य पदार्थों के नमूने लिए गए और जहां आवश्यक हुआ, दुकानदारों को नोटिस जारी किए गए. एक्सपायरी या खराब खाद्य सामग्री मिलने पर उसे मौके पर नष्ट कराया गया.
जांच के दायरे में केवल खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता ही नहीं, बल्कि चीनी की संभावित जमाखोरी और घरेलू एलपीजी सिलेंडरों के व्यावसायिक इस्तेमाल की भी जांच की जा रही है.
किस जिले में क्या-क्या हुई कार्रवाई
चमोली- तीन खाद्य नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए. एक्सपायरी डेट की सामग्री मिलने पर दो दुकानदारों को नोटिस जारी किया गया और संबंधित सामग्री नष्ट कराई गई. दो कंपनियों के उत्पादों की लेबलिंग और पैकेजिंग निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं मिली, जिस पर संबंधित निर्माताओं को नोटिस देने की प्रक्रिया शुरू की गई.
रुद्रप्रयाग- 12 दुकानों का निरीक्षण कर छह नमूने लिए गए. छह दुकानों में एक्सपायरी डेट का सामान मिलने पर दुकानदारों को चेतावनी दी गई और सामग्री नष्ट कराई गई.
अल्मोड़ा- दो मिठाई उत्पादों के नमूने लिए गए.
बागेश्वर- आठ प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर तीन नमूने लिए गए.
पिथौरागढ़- दो खाद्य नमूने लिए गए.
चंपावत- जिले में जांच अभियान एक अगस्त से जारी है. अब तक 21 स्थानों का निरीक्षण किया गया है. इनमें से 10 स्थानों से नमूने लेकर प्रयोगशाला भेजे गए, जबकि सर्वे के लिए तीन नमूने लिए गए हैं.
देहरादून- सोमवार को 11 खाद्य नमूने एकत्र किए गए और तीन प्रतिष्ठानों को व्यवस्थाओं में सुधार के लिए चेतावनी दी गई. एक अगस्त से अब तक जिले में 70 प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 48 नमूने लिए जा चुके हैं. सर्वे के लिए 20 अतिरिक्त नमूने लिए गए हैं. 11 दुकानदारों को सुधार संबंधी नोटिस दिए गए हैं, जबकि एडीएम कोर्ट में चार मामले दर्ज कराए गए हैं.
हरिद्वार- यहां 17 अगस्त से अभियान चल रहा है. अब तक 47 व्यापारिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण कर 27 नमूने लिए गए हैं. 10 दुकानदारों को नोटिस जारी किए गए हैं और विभिन्न अदालतों में चार मामले दर्ज किए गए हैं.
अंकित शर्मा