World IVF Day 2026 : किस महिला को होती है IVF की जरूरत, जानें कब कपल्स को डॉक्टर देते हैं इसकी सलाह

25 जुलाई को विश्व आईवीएफ दिवस मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य आईवीएफ के बारे में जागरूकता बढ़ाना है. आईवीएफ ने बांझपन से जूझ रहे लाखों लोगों की जिंदगी बदली है.

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IVF के फायदे IVF के फायदे

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 25 जुलाई 2026,
  • अपडेटेड 9:06 AM IST

दुनियाभर में 25 जुलाई को World IVF Day मनाया जाता है. इसका मकसद लोगों को आईवीएफ के बारे में जागरूक करना है. बीते कुछ सालों में आईवीएफ कराने वालों की संख्या काफी बढ़ी है.इसने बांझपन से जुड़ी समस्याओं से जूझ रहे लाखों लोगों की ज़िंदगी बदल दी है. हालांकि हर उस महिला के लिए ज़रूरी इलाज नहीं है जो गर्भधारण करने की कोशिश कर रही है।.यह सलाह तब दी जाती है जब दोनों पार्टनर की मेडिकल जांच के बाद यह पता चलता है कि सामान्य इलाज के तरीकों से बच्चा स होने की संभावना कम है.

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IVF उन महिलाओं के लिए सही हो सकता है जिनकी फैलोपियन ट्यूब ब्लॉक या डैमेज हैं, जिन्हें गंभीर एंडोमेट्रियोसिस है, या जिनके पुरुष पार्टनर में सीमेन से जुड़ी असामान्य समस्याएँ हैं, जैसे स्पर्म काउंट कम होना या स्पर्म की मोटिलिटी  खराब हो गई है.  जिन जोड़ों में फर्टिलिटी की समस्या का कोई स्पष्ट कारण नहीं पता चल पाता और ओव्यूलेशन इंडक्शन या इंट्रा-यूटेरिन इनसेमिनेशन (IUI) जैसे इलाज के बावजूद गर्भधारण नहीं हो पाता, उन्हें भी IVF से फ़ायदा हो सकता है.

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30 की उम्र के बाद फर्टिलिटी होने लगती है कम

इस बारे में पंचशील पार्क के मैक्स हॉस्पिटल में फर्टिलिटी एवं आईवीएफ विभाग की डायरेक्टर डॉ. तान्या रोहतगी ने बताया है. डॉ तान्या बताती हैं कि एक महिला जन्म के समय ही अपने एग्स (अंडे) के साथ पैदा होती है. जन्म के समय इनकी संख्या लगभग 10 से 20 लाख होती है. फर्टिलिटी 20 से 25 साल की उम्र के बीच सबसे अधिक होती है, 30 साल की उम्र के बाद धीरे-धीरे कम होने लगती है और 35 साल के बाद इसमे गिरावट आती है.

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डॉ तान्या बताती हैं कि 0 साल की उम्र तक, नैचुरली कंसीव करने संभावना घटकर लगभग 5-8 प्रतिशत रह जाती है, जबकि 20-25 साल की उम्र की महिलाओं में यह संभावना 20-25 प्रतिशत होती है. ऐसे में अगर कोई महिला बेबी कंसीव करना चाहती है तो बेस्ट उम्र 30 साल के आसपास या इससे पहले की है.

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पुरुषों में भी होता है बांझपन

डॉ तान्या बताती हैं कि पुरुषों की बायोलॉजिकल क्लॉक महिलाओं की तुलना में धीमी और शांत गति से चलती है, लेकिन यह चलती जरूर हैच फर्टिलिटी कपल से जुड़ी बात है त कंसीव करने में मुश्किल का सामना कर रहे लगभग 40 प्रतिशत जोड़ों में पुरुष से जुड़ी वजह भी शामिल होती है. लेकिन समाज में माना जाता है कि बच्चा कंसीव न होने का कारण महिला ही है, जबकि ऐसा नहीं है. 

कब लेनी चाहिए आईवीएफ के लिए सलाह

कपल्स को अपनी-अपनी टाइमलाइन के बारे में पता होना चाहिए: अगर महिला की उम्र 35 साल से कम है और एक साल तक लगातार कोशिश करने के बाद भी कंसीव नहीं कर पाई है. या अगर उम्र 35 साल से ज्यादा है और छह महीने तक कोशिश करने के बाद भी कंसीव नहीं कर पाई है तो फर्टिलिटी स्पेशलिस्ट से मिलकर सलाह लेने का समय आ गया है. 

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दोनों पार्टनर की आसान जांच से समस्याओं का पता जल्दी चल सकता है. इस स्थिति में डॉक्टर आईवीएफ कराने की सलाह दे सकते हैं. लेकिन कोशिश करें कि 40 साल के भीतर ही आईवीएफ करा लें तो अच्छे परिणाम मिलने की उम्मीद रहती है. 

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