Diet in uterine fibroids : बच्चेदानी में गांठ है तो क्या खाना चाहिए क्या नहीं? डॉक्टरों ने बताया

बच्चेदानी में गांठ (फाइब्रॉइड्स) महिलाओं में आम समस्या है, जिसमें 10 में से 7 महिलाओं को जीवन में कभी न कभी यह समस्या होती है. डॉक्टर ने बताया है कि इस समस्या में क्या खाना चाहिए और क्या नहीं.

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आजतक हेल्थ डेस्क

  • नई दिल्ली,
  • 04 अगस्त 2026,
  • अपडेटेड 1:06 PM IST

बच्चेदानी में गांठ (फाइब्रॉइड्स) होना महिलाओं में एक आम समस्या होती जा रही है. मायो क्लीनिक की रिपोर्ट के मुताबिक, 10 में से 7 महिलाओं को अपनी ज़िंदगी में कम से कम एक बार फाइब्रॉइड्स की समस्या हो सकती है. इनमें से सिर्फ़ 25% लोगों में ऐसे लक्षण दिखते हैं जिनके लिए इलाज की ज़रूरत पड़ सकती है. अगर गांठ छोटी है और कोई गंभीर लक्षण नहीं है तो अधिकतर मामलों में यह दवाओं और अच्छी डाइट से ठीक हो जाती है. बच्चेदानी में गांठ होने पर क्या खाना चाहिए और क्या नहीं इस बारे में डॉक्टर ने बताया है. 

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सफदरजंग अस्पताल में महिला रोग विभाग में डॉ. सलोनी चड्ढा ने इस बारे में बताया है. डॉ सलोनी कहती हैं कि अगर डॉक्टर ने कहा है कि अगर गांठ दवाओं और डाइट से ठीक हो जाएगी तो फिर खानपान पर ध्यान देना बहुत जरूरी हो जाता है. हालांकि सिर्फ़ डाइट से फ़ाइब्रॉइड का इलाज नहीं हो सकता, लेकिन रिसर्च करने वालों ने कई ऐसे न्यूट्रिएंट्स  की कमी की पहचान की है जो फ़ाइब्रॉइड के बढ़ने से जुड़े हो सकते हैं. कुछ ऐसी डाइट भी बताई है जो इसको कंट्रोल करने में फायदेमंद हो सकती है.

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बच्चेदानी में गांठ होने पर क्या खाना चाहिए

डॉ सलोनी बताती हैं कि बच्चेदानी में गांठ  के मामले में महिलाओं में आमतौर पर विटामिन D की कमी देखी जाती है. ऐसे में इसको ठीक करना जरूरी है. विटामिन D एक फैट-सॉल्यूबलविटामिन है जो सेल के काम करने में अहम भूमिका निभाता है. शरीर में विटामिन D का लेवल ज़्यादा होने पर यूटराइन फ़ाइब्रॉइड होने का खतरा कम होता है.विटामिन D सप्लीमेंट्स आपके शरीर में इसका लेवल बढ़ाने में मदद कर सकते हैं, साथ ही ये चीजे भी फायदेमंद हैं.

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  1. अंडे की जर्दी
  2. दूध, चीज़ और डेयरी प्रोडक्ट्स
  3. फोर्टिफाइड अनाज
  4. संतरे का जूस
  5. फैटी मछली, जैसे सैल्मन, टूना और मैकेरल
  6. कॉड लिवर ऑयल
  7. फाइबर

कुछ रिसर्च से पता चला है कि फाइबर, सब्ज़ियों और फलों से भरपूर डाइट लेने से यूटराइन फ़ाइब्रॉइड का खतरा कम हो सकता है. ऐसा इसलिए हो सकता है क्योंकि ये हार्मोन और मेटाबॉलिज़्म को रेगुलेट करने में मदद करते हैं. इसके लिए अपनी डाइट में महिलाओं को नाशपाती, सेब और ब्रोकोली को शामिल करना चाहिए 

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बच्चेदानी में गांठ होने पर क्या चीजें बिलकुल नहीं खानी चाहिए

  1. रेड मीट
  2. सैचुरेटेड फैट वाली चीज़ें
  3. सोयाबीन
  4. सोया मिल्क
  5. टोफू
  6. अलसी के बीज
  7. शराब

किसी भी तरह की शराब पीने से फाइब्रॉइड का खतरा बढ़ सकता है. ऐसा इसलिए हो सकता है क्योंकि शराब उन हार्मोन का लेवल बढ़ा देती है जिनकी ज़रूरत फाइब्रॉइड के बढ़ने के लिए होती है। शराब से शरीर में सूजन  भी हो सकती है.
 

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