आजतक पंचायत पंजाब कार्यक्रम के मंच से पंजाब सरकार में कैबिनेट मंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) के प्रदेश अध्यक्ष अमन अरोड़ा ने सूबे में फिर से आप सरकार बनने का बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि भगवंत मान की अगुवाई में सरकार ने पौने पांच साल के कार्यकाल में न केवल अपनी पांच गारंटियों को पूरा किया, बल्कि बिन मांगे भी जनता के लिए बहुत से काम किए हैं.
पंजाब की जनता में सरकार के कामकाज को लेकर एक पॉजिटिव 'प्रो-इंकंबेंसी' संदेश है, जिसके दम पर आम आदमी पार्टी दोबारा सत्ता में आएगी. इसके साथ ही उन्होंने पंजाब पर बढ़ते कर्ज के बोझ को लेकर भी अपनी बात रखी.
केंद्रीय एजेंसियों के छापों पर बोले- पंजाब डरने वाला नहीं
आजतक के कार्यक्रम के दौरान जब उनसे मंत्रियों की गिरफ्तारी, सीबीआई के छापों और एंटी-इंकंबेंसी से जुड़े सवाल पूछे गए, तो अमन अरोड़ा ने बीजेपी और केंद्र सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि विपक्ष शासित राज्यों में इस तरह के राजनीतिक घटनाक्रम आम बात हो गए हैं.
उन्होंने कहा कि बीजेपी का पंजाब में ग्राउंड पर कुछ वजूद नहीं है, इसीलिए वह केंद्रीय एजेंसियों का सहारा ले रही है. उन्होंने जोर देकर कहा कि पंजाब के लोग दबाव या धक्केशाही से डरने वाले नहीं हैं और वे इसका मुंहतोड़ जवाब देंगे. आम आदमी पार्टी और पंजाब किसी से डरने वाले नहीं हैं.
पंजाब पर बढ़ते कर्ज पर मंत्री ने दिया जवाब
पंजाब पर चढ़ते 4 लाख करोड़ से अधिक के कर्ज और मुफ्त योजनाओं (बिजली, महिलाओं को आर्थिक मदद) पर उठे सवालों का जवाब देते हुए मंत्री ने इसे 'प्रोडक्टिव डेब्ट' (उत्पादक कर्ज) बताया. उन्होंने कहा कि जब 2022 में आप सरकार ने सत्ता संभाली थी, तब करीब 2.75 लाख करोड़ रुपये का कर्ज पहले से था और उसका ब्याज चुकाना ही सबसे बड़ा बोझ है.
अमन अरोड़ा ने बताया कि कर्ज लेकर हम सड़कें बना रहे हैं, नौकरियां दे रहे हैं, बिजली दे रहे हैं और महिलाओं को मजबूत कर रहे हैं. कर्ज लेकर हमने 17,000 युवाओं को नौकरियां देने का काम किया. सड़कें, स्कूल और अस्पताल बनाए जा रहे हैं, प्राइवेट थर्मल प्लांट खरीदे जा रहे हैं और हर घर को मुफ्त बिजली दी जा रही है, तो यह अन-प्रोडक्टिव नहीं है.
उन्होंने कहा कि पंजाब में 14,000 किलोमीटर लंबी अंडरग्राउंड कैनल वॉटर पाइपलाइन बिछाई जा रही है, जिससे राज्य में नहरी पानी का इस्तेमाल 22 फीसदी से बढ़कर 90 फीसदी हो रहा है. इससे पंजाब का पानी, बिजली और पैसा तीनों बचेंगे.
अमन अरोड़ा ने कहा कि भ्रष्टाचार में पैसा उड़ाने के बजाय अगर कर्ज लेकर राज्य के विकास और लोगों के सशक्तिकरण पर खर्च किया जा रहा है, तो इसमें कुछ गलत नहीं है. अपनी दोहरी जिम्मेदारी (संगठन और छह मंत्रालयों) पर उन्होंने कहा कि वे दोनों में बेहतर संतुलन बनाकर काम कर रहे हैं.
एक्ससाइज रेवेन्यू और बजट मैनेजमेंट पर क्या बोले?
अमन अरोड़ा ने बताया कि राज्य ने अपने रेवेन्यू जनरेशन को मजबूत किया है. उन्होंने कहा कि जो 70 सालों में एक्ससाइज से सिर्फ 6,000 करोड़ रुपये का रेवेन्यू आता था, हम उसे बढ़ाकर 13,000 करोड़ रुपये तक लेकर जा रहे हैं.
उन्होंने कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार के समय 2017 से पहले सारा टैक्स राज्य के पास ही रहता था और साथ ही जीएसटी कॉम्पेंसेशन के तहत हर साल 15 से 20 हजार करोड़ रुपये पंजाब को मिलते थे. इसके बावजूद कर्ज बढ़ता रहा. 30 जून 2022 को जीएसटी कॉम्पेंसेशन खत्म होने के बावजूद आप सरकार ने अपने बढ़ते रेवेन्यू जनरेशन के दम पर राज्य की अर्थव्यवस्था को बेहतर तरीके से मैनेज किया है.
कर्मचारियों के पक्कीकरण और बेरोजगारी पर दिया जवाब
कर्मचारियों के प्रदर्शन पर पूछे गए सवाल पर मंत्री ने दावा किया कि पिछले साढ़े चार सालों में लगभग 71,000 कर्मचारियों को रेगुलर बेसिस पर नौकरियां दी गई हैं. 10 साल की सेवा पूरी कर चुके संविदा (कॉन्ट्रैक्ट) कर्मचारियों के लिए रेगुलराइजेशन पॉलिसी लाई गई है, जिससे हजारों कर्मचारियों को लाभ मिल रहा है.
प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि आउटसोर्स कर्मियों के लिए 3 साल और 5 साल की सेवा वाली श्रेणियों में नीति बनाई गई है. इसके तहत आउटसोर्स कर्मचारी पहले कॉन्ट्रैक्ट पर जाएंगे और 10 साल बाद रेगुलर हो सकेंगे. अमन अरोड़ा ने कहा कि सरकार ऐसी कोई नीति नहीं बनाना चाहती थी जिसे हाईकोर्ट रद्द कर दे. इसलिए कानूनी और प्रशासनिक रूप से मजबूत नीतियां बनाई गईं. 2022 की तुलना में अब कर्मचारियों का विरोध काफी कम हुआ है.
पंजाब के गैंगस्टर कल्चर और क्राइम पर क्या बोले मंत्री?
पंजाब में लगातार हो रही फायरिंग और एक्सटॉर्शन की घटनाओं के सवाल पर अमन अरोड़ा ने केंद्र सरकार और बीजेपी को आड़े हाथों लिया. उन्होंने नेशनल क्राइम रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि हरियाणा में पंजाब की तुलना में करीब दो से ढाई गुना अधिक अपराध (मर्डर, एक्सटॉर्शन, महिलाओं व बच्चों के खिलाफ अपराध) हो रहे हैं.
मंत्री ने कहा कि 70 से 80 प्रतिशत क्रिमिनल्स और गैंगस्टर्स बाहरी राज्यों या विदेशों में बैठे हैं. लॉरेंस बिश्नोई का नाम लिए बिना उन्होंने निशाना साधा कि मास्टरमाइंड गुजरात की साबरमती जेल में बंद हैं, जहां से उन्हें शिफ्ट न करने का आदेश है. ऐसे में क्राइम का मास्टरमाइंड बाहर बैठकर निर्देश दे रहा है.
उन्होंने कहा कि पंजाब 543 किलोमीटर लंबा इंटरनेशनल बॉर्डर शेयर करता है. सीमा पार से हथियार और ड्रग्स आते हैं, जिसकी 50 किलोमीटर की जिम्मेदारी बीएसएफ और केंद्र सरकार की है. उन्होंने 4 महीने पहले चंडीगढ़ के सेक्टर 9 में हुए मर्डर का उदाहरण देते हुए कहा कि नेपाल बॉर्डर से भारत में घुसे अपराधियों ने चंडीगढ़ (केंद्र शासित प्रदेश) में मर्डर किया और हरियाणा में छिपे, जिन्हें पंजाब पुलिस ने एनकाउंटर में ढेर किया.
उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब को बिना बात के बदनाम किया जा रहा है और केंद्र सरकार राजनीतिक फायदों के कारण पंजाब को स्थिर करने में सहयोग नहीं कर रही है.
ड्रग्स (नशे) की समस्या का कैसे होगा समधान
नशे और 'चिट्ठे' की रोकथाम पर मंत्री ने स्वीकार किया कि पंजाब देश के लिए हमेशा आगे बढ़कर लड़ता है. ड्रग्स की सप्लाई लाइन को काटने के लिए विजिलेंस और डिफेंस कमेटियां बनाई गई हैं. हालांकि, उन्होंने माना कि यह एक बड़ी चुनौती है और केंद्र सरकार व पूरे देश को पंजाब के साथ मजबूती से खड़ा होना पड़ेगा, ताकि सीमा पार और दूसरे राज्यों से आ रहे नशे के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म किया जा सके.
अमन अरोड़ा ने कहा कि नशा बिल्कुल खत्म तो दुनिया के किसी कोने से नहीं हुआ है और इसे खत्म करने के दो तरीके हैं. हर किसी को अपनी जिम्मेदारी निभानी पड़ेगी. सरकार और पुलिस की जिम्मेदारी है कि सप्लाई चेन को कट किया जाए, जो हमने बड़े स्तर पर किया है. दूसरी जिम्मेदारी समाज की बनती है कि जो समाज और बच्चों से मांग उठती है, उसे खत्म किया जाए. जब तक मांग खत्म नहीं होगी, तब तक 100 प्रतिशत नशा और 'चिट्टा' खत्म नहीं हो सकता.
पंजाब में चिट्टा या तो इंटरनेशनल बॉर्डर से आता है, जिसकी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की है, क्योंकि बीएसएफ का अधिकार क्षेत्र 15 किलोमीटर से बढ़ाकर 50 किलोमीटर कर दिया गया है. या फिर यह गुजरात जैसे राज्यों के पोर्ट्स से आता है, जहां 3-3 हजार किलो चिट्ठी उतरती है.
'मान सरकार दिल्ली से चलती या फिर पंजाब से'
पार्टी और सरकार के दिल्ली से संचालन किए जाने के सवाल पर मंत्री अमन अरोड़ा ने कहा कि कोई भी पार्टी उसके वर्कर चलाते हैं. अगर वर्कर पीछे डिब्बे बनकर नहीं खड़े होंगे, तो इंजन भी अकेला कुछ नहीं कर पाएगा. जो नेशनल पार्टीज का सिस्टम है, वही हमारा सिस्टम है.
मंत्री ने कहा कि हमारे नेशनल संयोजक अरविंद केजरीवाल, जिन्होंने 10 साल के अंदर एक मुहिम को नेशनल पार्टी में बदल दिया, वे गाइड करते हैं. पंजाब में सरकार मुख्यमंत्री मान साहब चलाते हैं और पार्टी प्रधान के तौर पर मैं अपना काम करता हूं. हमारे विधायक, मंत्री, जिला प्रधान, ब्लॉक प्रधान और वर्कर, हर कोई अपना दायित्व निभा रहा है..
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