ग्लोबल फायरपावर ने 2026 का मिलिट्री स्ट्रेंथ रैंकिंग जारी कर दिया है. यह दुनिया के 145 देशों की सैन्य ताकत का सालाना रैंकिंग है, जो 60 से ज्यादा फैक्टर्स पर आधारित है. इनमें सैनिकों की संख्या, हथियार, टैंक, विमान, नौसेना, बजट, भूगोल और लॉजिस्टिक्स शामिल हैं. पावर इंडेक्स (PwrIndx) स्कोर जितना कम, ताकत उतनी ज्यादा.
टॉप 10 देशों की रैंकिंग (2026)
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पाकिस्तान और ऑपरेशन सिंदूर का असर
पाकिस्तान इस बार 14वें स्थान पर खिसक गया है. पिछले साल यह 12वें स्थान पर था. लेकिन मई 2025 में भारत-पाकिस्तान के बीच हुए संघर्ष (ऑपरेशन सिंदूर) ने इसका बड़ा असर डाला. कश्मीर में हुए आतंकी हमले के बाद भारत ने ऑपरेशन सिंदूर शुरू किया.
भारत ने पाकिस्तान के अंदर मिसाइल और एयर स्ट्राइक्स किए, जिससे पाकिस्तान की एयर डिफेंस और बेस को नुकसान पहुंचा. चार दिनों (7-10 मई) के इस संघर्ष में भारत ने एयर सुपीरियरिटी हासिल की. पाकिस्तान को सीजफायर की मांग करनी पड़ी.
यूरोपीय और अन्य विश्लेषणों में इसे भारत की जीत माना गया, क्योंकि पाकिस्तान की सेना में कमजोरियां उजागर हुईं. इस हार के बाद पाकिस्तान की रैंकिंग गिरी और जर्मनी ने उसकी जगह ले ली. जर्मनी अब टॉप 10-15 में मजबूत हो रहा है.
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इंडेक्स क्या बताता है?
यह रैंकिंग पारंपरिक युद्ध क्षमता पर आधारित है, न्यूक्लियर हथियारों को पूरी तरह गिनती नहीं की गई है. GFP हर साल अपडेट करता है, इसलिए भविष्य में बदलाव संभव हैं.
ऋचीक मिश्रा