संजय गांधी जैविक उद्यान (पटना जू) में सुरक्षा और पर्यटक सुविधाओं को और बेहतर किया जाएगा. जू परिसर में चप्पे-चप्पे पर सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे. निगरानी के लिए अत्याधुनिक कमांड एवं कंट्रोल सेंटर की स्थापना की जाएगी. जू का अपना विशेष मोबाइल ऐप भी लॉन्च किया जाएगा, जिससे पर्यटकों को जानवरों और पौधों की विस्तृत जानकारी मोबाइल पर ही मिल सकेगी.
वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव आनंद किशोर ने यह जानकारी दी. उन्होंने बताया कि आगामी 15 दिनों के भीतर जू का टिकट ऑनलाइन माध्यम से भी खरीदा जा सकेगा. हालांकि, ऑफलाइन यानी काउंटर से टिकट लेने की मौजूदा व्यवस्था पहले की तरह जारी रहेगी.
मुख्य सचिव ने बताया कि फरवरी से जू में टूर गाइड की सुविधा शुरू की जाएगी. निर्धारित शुल्क पर पर्यटक गाइड के सहयोग से जू का भ्रमण कर सकेंगे. इसके अलावा, जू का विशेष मोबाइल ऐप भी फरवरी तक तैयार होने की संभावना है. ऐप के जरिए जू में मौजूद सभी जानवरों और पौधों की जानकारी मिलेगी. किसी भी जीव-जंतु या पौधे के पास पहुंचते ही संबंधित जानकारी मोबाइल स्क्रीन पर अपने आप प्रदर्शित हो जाएगी, जिससे पर्यटकों को एक नया और तकनीकी अनुभव मिलेगा.
स्कूली बच्चों के लिए शैक्षणिक गतिविधियां बढ़ेंगी. उन्होंने बताया कि हाल में मुख्यमंत्री द्वारा जू भ्रमण के दौरान स्कूली बच्चों को जू से जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया था. इसके तहत जू में सेमिनार, सूचना-प्रसार कार्यक्रम और अन्य शैक्षणिक गतिविधियों की संख्या बढ़ाई जाएगी. इसके लिए जू का वार्षिक गतिविधि कैलेंडर भी तैयार किया जाएगा.
150 नए सीसीटीवी कैमरे
जू परिसर में 150 नए सीसीटीवी कैमरे लगाए जाएंगे, जिन्हें एक आधुनिक कमांड एवं कंट्रोल सेंटर से जोड़ा जाएगा. इस केंद्र से जू के हर हिस्से की 24 घंटे निगरानी की जा सकेगी. आने-जाने वाले आगंतुकों के साथ-साथ जू के अंदर की सभी गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी.
पर्यटकों को आकर्षित करने के लिए जू में कई नई सुविधाएं बहाल की जाएंगी. इनमें ट्री-टॉप वॉक-वे की शुरुआत, सॉवेनियर शॉप का निर्माण और किफायती दरों पर पौधों की बिक्री के लिए नर्सरी की स्थापना शामिल है. इसके अलावा, फूड कियोस्क लगाए जाएंगे और जू के दोनों प्रवेश द्वारों का नए सिरे से सौंदर्यीकरण किया जाएगा.
आगंतुकों की सुविधा के लिए पर्याप्त संख्या में शेड्स लगाए जाएंगे, दीवारों पर थ्री-डी पेंटिंग की जाएगी. ‘जू वॉलंटियर’ और ‘जू-मित्र’ कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे. मछली घर और मेडिसिनल गार्डन को आधुनिक बनाया जाएगा. वहीं, सफाई व्यवस्था के लिए प्रदूषण-मुक्त वाहनों का उपयोग किया जाएगा.