अमेरिका ने दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला पर हमला कर दिया है. अमेरिकी सेना ने वेनेजुएला की राजधानी कराकस पर भारी बमबारी की. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इन हमलों के बीच दावा किया है कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी हमारे कब्जे में हैं. मादुरो दंपति को वेनेजुएला के बाहर ले जाया गया है. ट्रंप प्रशासन के एक्शन के बीच रूस और ईरान जैसे देशों ने वेनेजुएला के साथ एकजुटता जाहिर की है.
अब बात भारत और वेनेजुएला के द्विपक्षीय संबधों, वहां रहने वाले भारतीय या भारतीय मूल के लोगों और व्यापार संबंधों की भी हो रही है. भारत और वेनेजुएला के बीच राजनयिक संबंध 1959 में स्थापित हुए थे. साल 2023 में दोनों देशों के बीच राजनयिक संबंध स्थापित होने की 64वीं वर्षगांठ 2023 में मनाई गई थी.
भारत और वेनेजुएला के संबंध मैत्रीपूर्ण रहे हैं और कई अहम मौकों पर दोनों देश अंतरराष्ट्रीय मंचों पर कई बार साझेदार के तौर पर भी खुलकर खड़े नज़र आए हैं. वेनेजुएला ने साल 2017 में भारत की ओर से प्रस्तावित अंतरराष्ट्रीय सौर गठबंधन (ISA) की सदस्यता भी ग्रहण की थी. वेनेजुएला ने 2017 में इस गठबंधन में शामिल होने का समझौता किया था.
भारत और वेनेजुएला के बीच ऊर्जा क्षेत्र में गहरा सहयोग रहा है, खासकर तेल के क्षेत्र में. वेनेजुएला भारत का प्रमुख कच्चा तेल आपूर्तिकर्ता भी रहा है. साल 2012 में वेनेजुएला भारत को कच्चा तेल की आपूर्ति करने वाले देशों में तीसरे नंबर पर रहा था. भारत के ओएनजीसी विदेश लिमिटेड ने सैन क्रिस्टोबाल तेल क्षेत्र में निवेश किया है.
शावेज की यात्रा ने दिए थे नए आयाम
भारत और वेनेजुएला के द्विपक्षीय संबंधों को साल 2005 में ह्यूगो शावेज की नई दिल्ली यात्रा ने नए आयाम दिए थे. ह्यूगो शावेज तब वेनेजुएला के राष्ट्रपति थे. शावेज 4 से 7 मार्च तक भारत दौरे पर रहे थे और इस दौरान उन्होंने तत्कालीन राष्ट्रपति डॉक्टर एपीजे अब्दुल कलाम, तत्कालीन प्रधानमंत्री डॉक्टर मनमोहन सिंह के साथ ही तत्कालीन विदेश और पेट्रोलियम मंत्री के साथ भी द्विपक्षीय बैठकें की थीं.
ह्यूगो शावेज के इस दौरे के दौरान हाइड्रोकार्बन के साथ ही जॉइंट कमीशन बनाने, बायोटेक्नोलॉजी, अंतरिक्ष विज्ञान और तकनीकी के क्षेत्र में सहयोग को लेकर समझौतों पर दोनों देशों ने हस्ताक्षर किए थे. ह्यगो शावेज की भारत यात्रा के दौरान ही ओएनजीसी विदेश लिमिटेड और वेनेजुएला स्टेट पेट्रोलियम कंपनी, इंडियन रेलवे कंस्ट्रक्शन इंटरनेशनल लिमिटेड और वेनेजुएलियन रेलवे अथॉरिटी के बीच भी एमओयू हुआ था.
शावेज की इस भारत यात्रा ने दोनों देशों के आपसी संबंधों के लिए बूस्टर का काम किया. दोनों देशों की कई उच्चस्तरीय बैठकें हुईं. साल 2016 के गुटनिरपेक्ष सम्मेलन में शामिल होने के लिए तत्कालीन उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी ने भी वेनेजुएला की यात्रा की थी. साल 2023 में वेनेजुएला की कार्यकारी उपराष्ट्रपति भी भारत यात्रा पर आई थीं.
भारत आ चुके हैं मादुरो
वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो भी भारत की यात्रा कर चुके हैं. निकोलस मादुरो सात साल पहले 2018 में भारत आए थे. तब वह इंटरनेशनल सौर अलायंस में शिरकत करने भारत आए थे. भारत और वेनेजुएला के द्विपक्षीय संबंधों में व्यापार की भी अहम भूमिका है. ये संबंध मुख्य रूप से तेल पर आधारित हैं.
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हालांकि, पिछले कुछ वर्षों में अमेरिका के सख्त प्रतिबंधों का असर इस पर पड़ा है और व्यापार घटा है. 2022-23 में दोनों देशों के बीच कुल व्यापार 431 मिलियन डॉलर रहा था. भारत, वेनेजुएला से कच्चा तेल के साथ ही खनिज, लौह इस्पात आयात करता है और निर्यात में दवाओं की हिस्सेदारी ज्यादा है. भारत दवाओं के साथ ही कपास और मशीनरी निर्यात करता है.
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वेनेजुएला में भारतीय संस्कृति लोकप्रिय है. योग के साथ ही आयुर्वेद और बॉलीवुड फिल्में भी वेनेजुएला में बहुत लोकप्रिय हैं. वेनेजुएला में अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के साथ ही होली जैसे भारतीय त्योहार भी बड़े चाव से मनाए जाते हैं. राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की 150वीं जयंती पर वेनेजुएला में भी कई कार्यक्रम हुए थे.
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भारत और वेनेजुएला में शिक्षा के स्तर पर भी सहयोग गहरे हैं. भारत, वेनेजुएला के छात्रों को आईटीईसी और आईसीआर छात्रवृत्तियां देता है. वेनेजुएला में करीब 50 एनआरआई और 30 पीआईओ रहते हैं.