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मीटिंग में खांसते दिखे पुतिन, बोले- फिक्र मत कीजिए, सब ठीक है

रूस में कोरोना का कहर अब भी बरकरार है. पिछले महीने ही रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के दल के एक सदस्य कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे जिसके बाद पुतिन ने अपने आपको आइसोलेट कर लिया था. पुतिन अब एक बार फिर चर्चा में हैं क्योंकि वे अधिकारियों के साथ एक मीटिंग में काफी खांसते हुए नजर आए. इसके बाद पुतिन ने अपनी हेल्थ को लेकर अधिकारियों को सूचना भी दी. 

व्लादिमीर पुतिन, रॉयटर्स व्लादिमीर पुतिन, रॉयटर्स
स्टोरी हाइलाइट्स
  • पिछले महीने पुतिन का स्टाफ हुआ था कोरोना संक्रमित
  • कुछ समय पहले ही तुर्की के राष्ट्रपति से भी मिले थे पुतिन

रूस में कोरोना का कहर अब भी बरकरार है. पिछले महीने ही रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के दल के एक सदस्य कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे जिसके बाद पुतिन ने अपने आपको आइसोलेट कर लिया था. पुतिन अब एक बार फिर चर्चा में हैं क्योंकि वे अधिकारियों के साथ एक मीटिंग में काफी खांसते हुए नजर आए. इसके बाद पुतिन ने अपनी हेल्थ को लेकर अधिकारियों को सूचना भी दी. 

पुतिन ने इस वीडियो कॉन्फ्रेंस में कहा कि फिक्र मत कीजिए, सब कुछ ठीक है. पुतिन ने बताया कि वो लगभग हर रोज कोविड-19 बल्कि हर प्रकार के इंफेक्शन के लिए टेस्ट करते हैं और सब कुछ पूरी तरह से ठीक है. पुतिन इससे पहले एग्रीकल्चर पर हुई मीटिंग के दौरान कई बार खांसते हुए नजर आए थे. पार्लियामेंट में अपर हाउस की स्पीकर वैलेंटिना मात्वीयेंको ने इस इवेंट के बाद पुतिन से उनकी सेहत को लेकर पूछा और कहा कि सभी आपकी सेहत को लेकर चिंता कर रहे हैं. पुतिन ने कहा कि मैं बाहर था और काफी ठंडी हवा चल रही थी. हालांकि आप लोगों को घबराने की जरूरत नहीं है.  

पिछले महीने पुतिन का स्टाफ हुआ था कोरोना संक्रमित

उन्होंने सिक्योरिटी काउंसिल के अधिकारियों से कहा कि मुझे पता है कि आप लोगों को कम से कम एक बार वैक्सीन लगी है लेकिन दूसरी डोज भी जरूरी है. बता दें कि पुतिन ने पिछले ही हफ्ते अपना 69वां बर्थ डे मनाया है. वे स्पुतिनक वी की दोनों डोज अप्रैल के महीने में ही ले चुके हैं. 
पिछले महीने जब उनके स्टाफ के सदस्य कोरोना पॉजिटिव हुए थे तब उन्होंने खुद को आइसोलेट कर लिया था. दो हफ्ते आइसोलेशन में रहने के बाद उन्होंने 29 सितंबर को तुर्की के राष्ट्रपति एर्दोआन के साथ मुलाकात भी की थी. इसके बाद से ही पुतिन वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए मीटिंग कर रहे हैं. 

बता दें कि रूस में कोरोना के मामलों में उछाल देखने को मिल रहा है और कोरोना के चलते रूस में होने वाली मौतें रिकॉर्ड तोड़ रही हैं. रूस का प्रशासन कोरोना संक्रमण में वृद्धि के लिए रूस की जनता में हुए कम वैक्सीनेशन को दोषी ठहरा रहा है. फेडरल स्टैटिस्टिक्स सर्विस के लेटेस्ट आकलन के अनुसार, जब से कोरोना महामारी शुरू हुई तब से अगस्त तक रूस में 4 लाख लोगों की मौत हो चुकी है. रूस के लिए जुलाई और अगस्त काफी खतरनाक महीने साबित हुए थे और इस दौरान रूस में 1 लाख मौतें दर्ज की गई थीं. 

 

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