ईरानी विपक्षी नेता रजा पहलवी ने सोशल मीडिया पर शेयर किए गए एक संदेश में ईरान के लोगों से दमनकारी शासन का मुकाबला करने और प्रतिरोध जारी रखने की अपील की है. उन्होंने ईरानी सरकार पर आंदोलन को कुचलने के लिए हत्याओं, दमन और संचार सेवाओं को ठप कर डर फैलाने का आरोप लगाया है.
पहलवी ने प्रदर्शनकारियों की तुलना फारसी पौराणिक कथाओं के पात्रों 'ज़हक के खिलाफ कावेह' से करते हुए उनकी बहादुरी की तारीफ की. उन्होंने दावा किया कि जनता के कड़े विरोध की वजह से हजारों सैन्य और सुरक्षाकर्मी दमन में शामिल होने से बचने के लिए अपनी ड्यूटी पर नहीं लौट रहे हैं.
इसके साथ ही रजा पहलवी इंटरनेट और संचार विशेषज्ञों से खास तौर से गुजारिश की है कि वे शासन के इन्फॉर्मेशन नेटवर्क को बाधित करें, जिससे ईरानी लोगों का बाहरी दुनिया से संपर्क फिर से जुड़ सके.
शासन के सूचना तंत्र को निशाना बनाने की अपील
रजा पहलवी ने इंटरनेट और संचार के क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों से एक खास अपील की है. उन्होंने उनसे शासन के सूचना बुनियादी ढांचे (Information Infrastructure) को टार्गेट करने की गुजारिश की है. उनका मानना है कि ऐसा करने से शासन की संचार शक्ति कमजोर होगी और आम लोगों को इंटरनेट लिंक बहाल करने में मदद मिलेगी, जिससे वे दुनिया को अपनी स्थिति बता सकेंगे.
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पहलवी ने अपने संदेश में फारसी तारीख़ को याद दिलाते हुए प्रदर्शनकारियों का हौसला बढ़ाया है. उन्होंने इस संघर्ष को अत्याचार के खिलाफ इंसाफ की जंग करार दिया है. उनके मुताबिक, शासन के अंदर भी दरार पैदा हो रही है क्योंकि सुरक्षाकर्मी अब निर्दोष लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने से कतरा रहे हैं. उन्होंने देशवासियों से अपील की है कि वे डर की दीवार को गिराकर आजादी की तरफ कदम बढ़ाएं.