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'कैंपस से बाहर नहीं जाने दूंगा', पश्चिम बंगाल में मंत्री ने महिला चुनाव अधिकारी को धमकाया

मुर्शिदाबाद के रघुनाथगंज में मतदाता सुनवाई के दौरान पश्चिम बंगाल के ऊर्जा राज्य मंत्री अखरुज्ज़मान पर महिला चुनाव अधिकारी को धमकाने का आरोप लगा है. वायरल वीडियो में मंत्री द्वारा 15 मिनट में काम पूरा करने का अल्टीमेटम और टीम को परिसर से न जाने देने की बात कही गई है. मंत्री के सहयोगी पर भी बदसलूकी का आरोप है. वीडियो सामने आने के बाद राजनीतिक विवाद गहरा गया है और जांच की मांग उठ रही है.

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ऊर्जा विभाग के राज्य मंत्री ने महिला अधिकारी को धमकाया. (Photo: Screengrab)
ऊर्जा विभाग के राज्य मंत्री ने महिला अधिकारी को धमकाया. (Photo: Screengrab)

पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद जिले से एक राजनीतिक विवाद सामने आया है, जहां राज्य के ऊर्जा विभाग के राज्य मंत्री अखरुज्ज़मान पर एक महिला चुनाव अधिकारी को धमकाने का आरोप लगा है. इस पूरी घटना का वीडियो सामने आने के बाद सियासी हलकों में हड़कंप मच गया है. मंत्री ने कहा, 'अगर तय समय में काम पूरा नहीं हुआ तो वे पूरी टीम को परिसर से बाहर नहीं जाने देंगे.'

मतदाता सुनवाई के दौरान हुआ विवाद
यह मामला मुर्शिदाबाद के रघुनाथगंज इलाके का बताया जा रहा है. मंत्री अखरुज्ज़मान वहां मतदाता सुनवाई प्रक्रिया का निरीक्षण करने पहुंचे थे. इस दौरान उन्होंने देखा कि मतदाताओं की लंबी कतार लगी हुई है, जो अपनी उपस्थिति की रसीद लेने के लिए इंतजार कर रहे थे.

15 मिनट का अल्टीमेटम देने का आरोप
प्रत्यक्षदर्शियों और वायरल वीडियो के अनुसार, मंत्री ने मौके पर मौजूद महिला चुनाव अधिकारी और बीडीओ (खंड विकास अधिकारी) के सामने नाराजगी जताई. आरोप है कि उन्होंने महिला अधिकारी को 15 मिनट के भीतर सभी मतदाताओं को रसीद देने का अल्टीमेटम दिया. इतना ही नहीं, मंत्री ने कथित तौर पर यह भी कहा कि अगर तय समय में काम पूरा नहीं हुआ तो वे पूरी टीम को परिसर से बाहर नहीं जाने देंगे.

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मंत्री के सहयोगी पर भी धमकाने का आरोप
स्थिति उस समय और गंभीर हो गई जब मंत्री के एक सहयोगी को महिला अधिकारी से कथित तौर पर ऊंची आवाज में बात करते और उनके “शिष्टाचार की कमी” पर सवाल उठाते हुए सुना गया. वीडियो में यह सहयोगी महिला अधिकारी को डराने की कोशिश करता नजर आ रहा है.

महिला अधिकारी ने रखा पक्ष
महिला चुनाव अधिकारी ने अपनी सफाई में कहा कि वह प्रशासनिक कार्यों में पूरी तरह व्यस्त थीं और उन्हें मंत्री की तत्काल मौजूदगी की जानकारी नहीं थी. उन्होंने कहा कि काम का दबाव अधिक होने के कारण ऐसी स्थिति बनी.

वीडियो वायरल होने के बाद बढ़ा विवाद
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद मंत्री के व्यवहार पर सवाल उठने लगे हैं. विपक्षी दलों और सामाजिक संगठनों ने महिला अधिकारी के साथ कथित बदसलूकी की निंदा की है और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है. फिलहाल इस पूरे प्रकरण पर प्रशासन या मंत्री की ओर से कोई औपचारिक बयान सामने नहीं आया है, लेकिन वीडियो के सामने आने के बाद मामला तूल पकड़ता जा रहा है.

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सब्यसाची की रिपोर्ट
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