लखनऊ में विधानसभा मार्ग स्थित पटेल प्रतिमा के पास बजरंग दल द्वारा एक बड़ा धरना-प्रदर्शन किया गया. इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कार्यकर्ता शामिल हुए और धर्मांतरण तथा लव जिहाद के मुद्दे को लेकर गहरी चिंता जताई गई. प्रदर्शन के दौरान पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी रही और माहौल गरमाया रहा.
प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने पोस्टर और बैनर लेकर जोरदार नारेबाजी की. हिंदू एकता जिंदाबाद और लव जिहाद बंद करो जैसे नारे लगाए गए. इस दौरान वक्ताओं ने आरोप लगाया कि यह कोई छोटी समस्या नहीं है, बल्कि एक व्यापक षड्यंत्र के रूप में सामने आ रहा है.
विहिप के प्रांत संगठन मंत्री विजय प्रताप ने इस दौरान बड़ा बयान देते हुए कहा कि यह नेटवर्क अब बहुराष्ट्रीय कंपनियों तक फैल चुका है. उन्होंने टीसीएस जैसे संस्थानों का नाम लेते हुए कथित गतिविधियों पर सवाल उठाए. उन्होंने दावा किया कि नासिक से जुड़ा मामला सामने आने के बाद यह मुद्दा देश ही नहीं बल्कि दुनिया भर में चर्चा का विषय बन गया है.
TCS का नाम लेकर बजरंग दल का प्रदर्शन
विजय प्रताप ने आरोप लगाया कि कुछ स्थानों पर उच्च पदों के जरिए सुनियोजित तरीके से भर्ती की जा रही है और उसके बाद धर्मांतरण का दबाव बनाया जाता है. उन्होंने कहा कि यह स्थिति बेहद गंभीर है और सरकार को इस पर तुरंत ध्यान देना चाहिए.
प्रदर्शन के दौरान वक्ताओं ने यह भी कहा कि पढ़े-लिखे युवाओं की भूमिका पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं. उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे जागरूक रहें और ऐसे किसी भी कथित षड्यंत्र का हिस्सा बनने से बचें. उनका कहना था कि समाज को इस मुद्दे पर गंभीरता से सोचने की जरूरत है.
कार्यक्रम में टाटा और महिंद्रा जैसी बड़ी कंपनियों का भी जिक्र किया गया और कथित गतिविधियों को लेकर सवाल उठाए गए. वक्ताओं ने कहा कि अगर इस तरह के आरोप सही हैं तो यह बहुत बड़ा मुद्दा है और इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए.
लखनऊ में सड़कों पर उतरे कार्यकर्ता
इस दौरान अवैध धर्मांतरण के खिलाफ सख्त कानून बनाने की मांग भी जोर-शोर से उठाई गई. प्रदर्शनकारियों ने कहा कि देशभर में एक समान और कठोर कानून लागू किया जाना चाहिए ताकि इस तरह की गतिविधियों पर रोक लगाई जा सके. विहिप पदाधिकारियों ने पूरे मामले को गंभीर बताते हुए सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग की. उन्होंने कहा कि अगर समय रहते इस पर सख्त कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति और बिगड़ सकती है.