ग्रेटर नोएडा में इंजीनियर की मौत के मामले में एक बड़ा अपडेट सामने आया है. सेक्टर 150 में हुई इंजीनियर युवराज की मौत से जुड़े दो नए वीडियो सामने आए हैं, जिनमें रेस्क्यू ऑपरेशन को लेकर गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं. ये वीडियो उस समय के बताए जा रहे हैं, जब पानी में गाड़ी के साथ फंसे युवराज ने बोलना बंद कर दिया था.
वीडियो बनाने वाला व्यक्ति बताता है कि वह रात 12 बजे से मौके पर मौजूद है. उसका दावा है कि रात करीब 11:45 बजे कार के पानी में गिरने की जानकारी मिली थी. वीडियो में वह मौके पर मौजूद फायर विभाग, पुलिस, एंबुलेंस और अन्य संसाधनों को दिखाते हुए पूरे घटनाक्रम का जिक्र करता है.
'प्रशासन अपनी फॉर्मेलिटी कर रहा है'
साथ ही वह रेस्क्यू ऑपरेशन में हुई देरी और तैयारियों को लेकर भी सवाल खड़े करता नजर आ रहा है. रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान की नई तस्वीरें भी सामने आई हैं, जिनमें घटना स्थल की स्थिति और राहत कार्य की झलक दिखाई देती है. इस बीच घटनास्थल के दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गए, जिसके बाद प्रशासन के रेस्क्यू ऑपरेशन पर सवाल उठ रहे हैं.
वीडियो रिकॉर्ड कर रहा शख्स कहता है, 'यहां प्रशासन है, एम्बुलेंस है, पुलिस है लेकिन लड़का डूब चुका है. वो हमारे सामने तड़प-तड़पकर डूबा और ये उसको बचा नहीं पाए. करीब 11:45 बजे गाड़ी गिरी थी. मैं 12 बजे जब यहां पहुंचा तब पुलिस की गाड़ी थी बस. प्रशासन यहां अपनी फॉर्मेलिटी पूरी कर रहा है. वो अब डूब चुका है.'
एसआईटी की जांच लगभग पूरी
इस मामले में एसआईटी की जांच लगभग पूरी हो गई है. एसआईटी ने इस मामले से जुड़े सभी पहलुओं को लेकर जांच की. घटना से जुड़े सभी विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों के बयान दर्ज किए गए हैं. शुक्रवार करीब दोपहर 2:00 बजे एसआईटी नोएडा अथॉरिटी के दफ्तर पहुंची.

इसके साथ अथॉरिटी में CFO, ACP, SHO, CMO, SDRF के जवान सहित नोएडा ऑथोरिटी के अधिकारी भी मौजूद रहे. सभी अधिकारी अपने जवाबो की फाइल लेकर एसआईटी के पास पहुंचे थे. एसआईटी की टीम ने शुक्रवार को रेस्क्यू ऑपरेशन में शामिल सभी जवानों के बयान दर्ज किए.
90 मिनट तक मदद की गुहार लगाते रहे युवराज
सूत्रों के मुताबिक एसआईटी की टीम ने सभी फैक्ट फाइंडिंग समझ लिए हैं. आखिर लगभग 90 मिनट तक मदद के लिए गुहार लगा रहे युवराज को क्यों नहीं बचाया जा सका? सभी उपकरणों के इस्तेमाल और जवानों के पानी में उतरने को लेकर भी सवाल जवाब किए गए.
एसआईटी की टीम ने गुरुवार को भी घटनास्थल पर एक बार फिर जांच की थी. उसके साथ ही नोएडा अथॉरिटी पहुंचकर पुलिस के बड़े अधिकारियों, DM और नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों से जवाब-तलब किए थे और उनके बयान दर्ज करने के साथ ऑथोरिटी से रिपोर्ट भी ली थी.
आज सीएम को जांच रिपोर्ट सौंपेगी SIT
एसआईटी अपनी जांच रिपोर्ट आज यानी शनिवार को सीएम को सौंप देगी. इसके बाद दोषियों पर गाज गिर सकती है. माना जा रहा है कि लापरवाही बरतने वाले नोएडा अथॉरिटी के संबंधित विभागों के कई अधिकारियों पर भी कार्रवाई हो सकती है.