लोकसभा चुनाव 2024 के मद्देनजर बीजेपी ने यूपी की गाजीपुर सीट से पारस नाथ राय को टिकट दिया है. चुनावी मैदान में उनका सामना सपा उम्मीदवार अफजाल अंसारी से होगा. बीजेपी द्वारा पारस नाथ राय को प्रत्याशी बनाए जाने के बाद अफजाल अंसारी की प्रतिक्रिया आई है. उन्होंने पत्रकरों से बात करते हुए कहा कि मुझे भी मीडिया के माध्यम से पता चला कि बीजेपी ने उन्हें टिकट दिया है.
अंसारी ने आगे कहा कि मुझे किसी ने बताया था कि वो तो टिकट ही नहीं मांग रहे थे, चुनाव भी नहीं लड़ना चाहते थे लेकिन अचानक से उनको उम्मीदवार बना दिया गया. अब ये बीजेपी की दरियादिली है कि पार्टी ने बिना कहे उन्हें टिकट दे दिया. वैसे भी बीजेपी वाले चमत्कार करते रहते हैं. फिलहाल, अभी हम भी उनके बारे में पता ही कर रहे हैं, शायद वो कोई स्कूल चलाते हैं. हालांकि, वो एक अच्छे कैंडिडेट हैं.
दरअसल, अफजाल के मरहूम भाई मुख्तार अंसारी के फातिहा की रस्म के दिन (10 अप्रैल) बीजेपी ने पारसनाथ राय (Parasnath Rai) के टिकट का एलान किया. जिसपर सपा प्रत्याशी अफजाल अंसारी की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है.
बता दें कि यूपी में लोकसभा चुनाव के प्रत्याशियों की लिस्ट जारी करते हुए बीजेपी ने बुधवार को गाजीपुर से पारस नाथ राय को उम्मीदवार बनाया है. वह मदन मोहन मालवीय के नाम से शिक्षण संस्थान चलाते हैं. पारस नाथ के बेटे आशुतोष राय भी राजनीति में सक्रिय हैं. आशुतोष भारतीय जनता युवा मोर्चा के यूपी प्रदेश अध्यक्ष रह चुके हैं.
गौरतलब है कि माफिया डॉन मुख्तार अंसारी (Mukhtar Ansari) की मौत हो जाने की वजह से गाजीपुर सीट (Ghazipur Seat) चर्चा के केंद्र में हैं. मुख्तार की मौत के बाद समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) भी अंसारी बंधुओं के आवास 'फाटक' जा चुके हैं. इस सीट पर बीजेपी ने पारस नाथ राय (Paras Nath Rai) को मैदान में उतारा है. लेकिन कयास लगाए जा रहे थे कि बीजेपी किसी बड़े चेहरे को अफजाल अंसारी के सामने उतारेगी.
जानिए पारस नाथ राय के बारे में
पारस नाथ राय को जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल और गाजीपुर के पूर्व सांसद मनोज सिन्हा (Manoj Sinha) का करीबी माना जाता है. वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ यानी आरएसएस से भी जुड़े हुए हैं. पारस नाथ गाजीपुर के मनिहारी ब्लॉक के जखनियां (सुरक्षित) विधानसभा के सिखडी ग्राम सभा के रहने वाले हैं और शिक्षा क्षेत्र से जुड़े हुए हैं. वो गाजीपुर के मदन मोहन मालवीय इंटर कॉलेज के प्रबंध संचालक भी हैं. उन्होंने पहले कभी कोई चुनाव नहीं लड़ा है और अब बीजेपी ने उन्हें सीधे लोकसभा चुनाव का टिकट देकर लोगों को चौंका दिया है.