चीन में एक कंपनी की अनोखी पहल इन दिनों सोशल मीडिया पर खूब चर्चा में है. यहां एक एंप्लॉयी ने ऑफिस की लॉटरी में 7 दिन की खास रेन डे लीव जीत ली, जिसके तहत वह बारिश होने पर घर से आराम कर सकती है और उसे पूरा वेतन भी मिलेगा. इस खबर के सामने आते ही लोग कंपनी की तारीफ करने लगे और कहने लगे कि बाकी कंपनियों को भी इससे सीख लेनी चाहिए. यह मामला चीन के चांग्शा शहर का है, जहां एक महिला कर्मचारी मसालेदार स्नैक्स बनाने वाली कंपनी माला वांग्ज़ी में काम करती है. कंपनी ने अपने कर्मचारियों के लिए एक खास लकी ड्रॉ का आयोजन किया था, जिसमें कई तरह के इनाम रखे गए थे. इसी लॉटरी में महिला को सबसे बड़ा इनाम मिला, 7 दिन की सवैतनिक रेनी डे लीव यानी बारिश की छुट्टी.
कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाना मकसद
दरअसल, इस पहल के पीछे कंपनी का मकसद कर्मचारियों का मनोबल बढ़ाना था. चांग्शा जैसे इलाकों में बारिश का मौसम काफी लंबा चलता है और कई दिनों तक लगातार बारिश होती रहती है. ऐसे में रोज ऑफिस आना-जाना कर्मचारियों के लिए मुश्किल हो जाता है. इसी परेशानी को समझते हुए कंपनी ने यह अनोखा तरीका निकाला. कंपनी के एक अधिकारी ने बताया कि इस छुट्टी का इस्तेमाल कर्मचारी अपनी सुविधा के अनुसार कर सकते हैं. यानी वह चाहे तो पूरे 7 दिन एक साथ ले सकती है या अलग-अलग दिनों में भी इसका इस्तेमाल कर सकती है, जब-जब बारिश हो.
लेट होने पर नहीं लगेगा जुर्माना
सिर्फ छुट्टी ही नहीं, कंपनी ने कर्मचारियों के लिए और भी सुविधाएं दी हैं. जैसे अगर बारिश के कारण कोई कर्मचारी देर से ऑफिस पहुंचता है, तो उस पर कोई जुर्माना नहीं लगेगा. इसके अलावा यात्रा में होने वाली दिक्कतों को देखते हुए कंपनी ने कुछ नकद सब्सिडी भी देने का फैसला किया है. इस लॉटरी में सिर्फ यही इनाम नहीं था, बल्कि कई और उपयोगी चीजें भी दी गईं. जैसे—छाते, रेन बूट, ह्यूमिडिफायर (नमी हटाने वाली मशीन) और हेयर ड्रायर.खास बात यह रही कि कंपनी ने ध्यान रखा कि हर कर्मचारी को कोई न कोई इनाम जरूर मिले.
जैसे ही यह खबर सोशल मीडिया पर आई, लोगों ने कंपनी की खूब तारीफ की. एक यूजर ने लिखा कि कंपनी को अपने कर्मचारियों की समस्याओं की अच्छी समझ है. वहीं, दूसरे यूजर ने कहा कि यह वही सुविधा है, जिसका हर कर्मचारी सपना देखता है. कुछ लोगों ने तो यहां तक कहा कि सभी कंपनियों को इस तरह के आइडिया अपनाने चाहिए.,आज के समय में जहां कई कंपनियों पर कर्मचारियों से ज्यादा काम कराने और कम सुविधाएं देने के आरोप लगते हैं, वहीं इस तरह की पहल एक सकारात्मक उदाहरण पेश करती है। यह दिखाती है कि अगर कंपनी अपने कर्मचारियों की जरूरतों को समझे, तो काम का माहौल बेहतर और खुशहाल बनाया जा सकता है.