राफेल फाइटर जेट
राफेल (Rafale) एक फ्रांसीसी फाइटर जेट है (French Fighter Jet). यह एक ट्विन इंजन, कैनार्ड डेल्टा विंग, मल्टीरोल लड़ाकू विमान है जिसे डसॉल्ट एविएशन (Dassault Aviation) ने डिजाइन और निर्माण किया है. राफेल वाइड रेंज विपन से लैस विमान है. राफेल का हाई स्पीड 1,912 किमी/घंटा और हाई रेंज: 3,700 किमी है. इस फाइटर जेट का वजन 9,979 किलो और लंबाई 15 मी है.
भारतीय वायुसेना 'तरंग शक्ति 2.0' की तैयारी में जुटी है, जो सितंबर-अक्टूबर 2026 में राजस्थान के जोधपुर में होगी. यह बहुराष्ट्रीय अभ्यास दो हफ्ते चलेगा, जिसमें कई देशों के उन्नत फाइटर जेट्स भारतीय विमानों के साथ जटिल हवाई युद्ध अभ्यास करेंगे. 2024 के सफल संस्करण के बाद यह अभ्यास इंटरऑपरेबिलिटी बढ़ाएगा और भारत की वायुसेना की ताकत दिखाएगा.
भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा हथियार खरीदार बना हुआ है. SIPRI रिपोर्ट के अनुसार भारत का वैश्विक हथियार आयात में 8.2% हिस्सा है. यूक्रेन 9.7% के साथ पहले स्थान पर है. रूस अब भी 40% हथियार सप्लाई करता है. फ्रांस 29% के साथ दूसरे नंबर पर. इजरायल 15% पर है. 114 राफेल जेट्स का सौदा फ्रांस से और आत्मनिर्भर भारत से आयात घट रहा है.
भारत ईरान संघर्ष के बीच अपनी वायु रक्षा मजबूत कर रहा है. रूस से 5 अतिरिक्त S-400 सुदर्शन स्क्वॉड्रन खरीदने की योजना है, जो ऑपरेशन सिंदूर में सफल रहे. फ्रांस से SCALP क्रूज मिसाइल, राफेल के लिए मेटियोर एयर-टू-एयर मिसाइल और इजरायल से बाराक-8 जैसी मिसाइलें खरीदने की तैयारी है. स्वदेशी अकाश, QR-SAM के साथ मल्टी-लेयर डिफेंस सिस्टम बन रहा है.
भारतीय वायुसेना ने वायु शक्ति 2026 का धमाकेदार टीजर जारी किया. इसमें S-400 का IAF इतिहास का सबसे लंबा रेंज इंटरसेप्ट दिखाया गया. कल 27 फरवरी को पोखरण में 120+ विमान और 12,000 किलो विस्फोटक के साथ सबसे बड़ा फायरपावर डेमो होगा.
राजस्थान के पोखरण फील्ड फायरिंग रेंज में भारतीय वायुसेना ने 'वायु शक्ति-2026' के मुख्य कार्यक्रम से पहले फुल ड्रेस रिहर्सल की. राफेल, सुखोई-30, मिग-29, जगुआर आदि विमानों ने सटीक बमबारी, मिसाइल अटैक और हेलीकॉप्टर ऑपरेशंस दिखाए. पहली बार भव्य ड्रोन शो में देश का नक्शा और आतिशबाजी प्रदर्शित हुई. मुख्य आयोजन 27 फरवरी को होगा.
'राफेल से आपके देश का ही फायदा...', भारत-फ्रांस डील पर मैक्रों का विपक्ष को जवाब!
भारत और फ्रांस के बीच करीब 4 लाख करोड़ के रक्षा समझौते हुए. ये रक्षा समझौता दुश्मनों की नींद उड़ाने के लिए काफी है, खासकर पाकिस्तान की. क्योंकि ये साझेदारी ना सिर्फ ऐतिहासिक है, बल्कि फ्रांस के साथ हो रहे इस रक्षा सौदे में, 114 राफेल लड़ाकू विमानों से लेकर, इनमें लगने वाली हैमर मिसाइल पर भी शामिल हैं. देखें 10 तक.
देश और दुनिया में जारी युद्ध की परिस्थितियों के बीच भारत अपनी हवाई सुरक्षा को मजबूत कर रहा है. भारत और फ्रांस के बीच अब तक का सबसे बड़ा सैन्य समझौता हो रहा है, जिसमें भारत को 114 राफेल फाइटर जेट प्राप्त होंगे. साथ ही फ्रांस की साफरान कंपनी और भारत की बीईएल कंपनी मिलकर हैमर मिसाइल का निर्माण करेंगी.
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रां इस वक्त भारत के दौरे पर हैं. इस बार उनके दौरे की सबसे खास बात राफेल की महाडील है. फ्रांस में बने मिराज लड़ाकू विमान अब भी अपग्रेड करके भारतीय सेना इस्तेमाल कर रही है. लेकिन फ्रांस के साथ राफेल का सौदा इतिहास में सबसे बड़ा है. कई रक्षा विशेषज्ञ इसे गेमचेंजर बता रहे हैं. देखें खबरदार.
फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों तीन दिवसीय भारत यात्रा पर मुंबई पहुंचे. पीएम नरेंद्र मोदी ने गर्मजोशी से स्वागत किया. दोनों नेताओं की मुलाकात में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), रक्षा सहयोग और रणनीतिक साझेदारी पर फोकस रहेगा. प्रमुख मुद्दे हैं- राफेल विमान, स्कॉर्पीन पनडुब्बियां, हैमर मिसाइलों का संयुक्त निर्माण और हेलीकॉप्टर उत्पादन.
प्रधानमंत्री मोदी आज यानी 14 फरवरी को असम के डिब्रूगढ़ में हाईवे पर बनी इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी- ELF पर भारतीय वायुसेना के C-130J Super Hercules से लैंड किया. यह पूर्वोत्तर की रक्षा को मजबूत करेगी. राफेल, सुखोई-30, C-130J जैसे विमानों का टड-एंड-गो रिहर्सल हो चुका है. चीन सीमा के करीब होने से युद्ध में वैकल्पिक रनवे मिलेगा. देशभर में 28 ELF की योजना है. असम में 5 बनेंगे. आपदा में राहत मिलेगी.
भारत कूटनीति और सैन्य ताकत के मोर्चे पर दुनिया में अपना दम दिखा रहा है. भारत ने दो ऐसी डील को मंजूरी दी है कि, दुश्मनों के, खासकर पाकिस्तान के होश उड़ जाएंगे. पहले फ्रांस के साथ 114 राफेल विमानों की खरीद को मंजूरी, दूसरी रूस के साथ 288, S-400 मिसाइल की डील. देखें 10 तक.
HAL ने 5 तेजस Mk1A लड़ाकू विमान तैयार कर लिए हैं, जो इस साल भारतीय वायु सेना को डिलीवर हो सकते हैं. इंजन सप्लाई की समस्या अभी खत्म नहीं हुई है. वायु सेना स्क्वाड्रन की कमी से जूझ रही है. तेजस Mk1A में AESA रडार जैसे आधुनिक फीचर्स हैं. यह स्वदेशी रक्षा उत्पादन के लिए बड़ा कदम है.
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में DAC ने 114 अतिरिक्त राफेल फाइटर जेट्स की खरीद को हरी झंडी दे दी है. यह भारतीय वायुसेना की लड़ाकू क्षमता को मजबूत करेगा. अनुमानित लागत 3.25 लाख करोड़ रुपये है. मेक इन इंडिया के तहत भारत में उत्पादन होगा. CCS से अंतिम मंजूरी बाकी है.
Defence Acquisition Council ने 114 Rafale fighter jets की खरीद को दी हरी झंडी. Rajnath Singh की अगुवाई में फैसला, Make in India के तहत होगा उत्पादन.
पोखरण में 27 फरवरी को वायु शक्ति 2026 एक्सरसाइज होगी. ऑपरेशन सिंदूर के बाद पहला बड़ा फायरपावर डेमो दिखाया जाएगा. दिन, शाम और रात के ऑपरेशंस में 277 हथियारों से 12,000 किग्रा विस्फोटक फोड़े जाएंगे. राफेल, Su-30, तेजस, प्रचंड एक्शन में दिखेंगे. आकाश और SAMAR सिस्टम भी बारूद उगलेंगे.
Pokhran में 27 Feb को Vayu Shakti 2026 एक्सरसाइज. 77 fighter jets, 43 helicopters और 12,000 kg explosives से IAF दिखाएगी ताकत.
114 और राफेल से भारतीय वायुसेना को 6 नए स्क्वाड्रन मिलेंगे, कुल राफेल 150 हो जाएंगे. स्वदेशी LCA Mk1A (10 स्क्वाड्रन), Mk2 (6-7) और AMCA (7) के साथ कुल 23-24 स्क्वाड्रन बढ़ोतरी. मौजूदा 29 से 50+ स्क्वाड्रन तक पहुंच जाएगा. चीन-पाकिस्तान के खिलाफ मजबूत कॉम्बो बनेगा.
मैक्रों की भारत यात्रा से पहले DAC 12 फरवरी को 114 राफेल जेट्स की खरीद को मंजूरी दे सकता है. यह 3.25 लाख करोड़ की डील है, जिसमें 18 विमान तैयार हालत में आएंगे. बाकी भारत में बनेंगे. भारतीय वायुसेना की ताकत और चीन-पाकिस्तान की टेंशन बढ़ेगी.
Rafale deal India: 114 fighter jets की 3.25 लाख करोड़ की mega defence deal पर DAC की मंजूरी संभव. IAF की ताकत बढ़ेगी, China और Pakistan की चिंता बढ़ेगी.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 14 फरवरी 2026 को असम के मोरान में NH-127 की 4.2 किमी इमरजेंसी एयरस्ट्रिप पर उतर सकते हैं. यह पूर्वोत्तर भारत में पहली बार होगा. राफेल और सुखोई विमान डेमो उड़ान भरेंगे. ELF युद्ध या आपदा में उपयोगी होता है. यह इंफ्रास्ट्रक्चर के दोहरे फायदे दिखाएगा.