लैंसडाउन
लैंसडाउन (Lansdowne) भारत के राज्य उत्तराखंड (Uttarakhand) में पौड़ी गढ़वाल जिले (Pauri Garhwal) का एक शहर है. यह उत्तराखंड में कोटद्वार-पौरी रोड पर 45 किमी दूर, 1,780 मीटर की ऊंचाई पर स्थित एक हिल स्टेशन है. यह दिल्ली का निकटतम हिल स्टेशन है और यहां सड़क या ट्रेन से पहुंचा जा सकता है. सबसे नजदीक रेलवे स्टेशन केवल 370 मीटर की ऊंचाई पर स्थित 44 किमी की दूरी पर कोटद्वार है. दिल्ली से इसकी ड्राइव काफी खड़ी और सुंदर है (Lansdowne Location).
लैंसडाउन की स्थापना और नाम भारत के तत्कालीन वायसराय 1887 में लॉर्ड लैंसडाउन लैंसडाउन को अंग्रेजों द्वारा गढ़वाल राइफल्स के प्रशिक्षण केंद्र के लिए विकसित किया गया था. लैंसडाउन ब्रिटिश काल के दौरान गढ़वाल के स्वतंत्रता सेनानियों की गतिविधियों का एक प्रमुख स्थान था. आजकल, भारतीय सेना की प्रसिद्ध गढ़वाल राइफल्स का यहां अपना कमांड ऑफिस है (Lansdowne History).
लैंसडाउन भारत के सबसे शांत हिल स्टेशनों में से एक है. जयहरीखाल और लैंसडाउन के बीच स्थित एक सड़क है जिसे ठंडी सड़क कहा जाता है, जहां अंग्रेजों के समय भारतीयों की अनुमति नहीं थी, यह केवल यूरोपीय लोगों के लिए थी. भारतीयों की आवाजाही के लिए इस सड़क के नीचे स्थित एक समानांतर सड़क का बनाया गया था. शहर के आस-पास के दर्शनीय स्थलों में टिप एन टॉप व्यू पॉइंट, कालेश्वर महादेव मंदिर, संतोषी माता मंदिर, रेजिमेंटल संग्रहालय, भुलताल झील, सेंट मैरी चर्च और लवर्स लेन शामिल हैं (Lansdowne Tourist Places).
Offbeat Destinations Near Delhi: वीकेंड पर अगर दिल्ली की भीड़भाड़ से दूर किसी शांत और खूबसूरत जगह पर घूमना चाहते हैं तो आसपास कई ऑफबीट डेस्टिनेशन हैं. यहां पहाड़, झील, जंगल और ऐतिहासिक जगहों के बीच सुकून के साथ छुट्टियां बिता सकते हैं.
उत्तराखंड के लैंसडाउन में अजित डोभाल ने गढ़वाल राइफल्स रेजिमेंटल सेंटर का दौरा किया. अग्निवीरों से मुलाकात के दौरान उन्होंने ट्रेनिंग से जुड़ी गतिविधियां देखीं. दौरे में कुछ खास जगहों पर उनकी मौजूदगी भी रही.
Budget Trips Near Delhi NCR: अगर आप कम बजट में वीकेंड ट्रिप की प्लानिंग कर रहे हैं तो दिल्ली-एनसीआर के आसपास कई ऐसी खूबसूरत जगहें हैं जहां 10,000 रुपये से भी कम खर्च में यादगार छुट्टियां बिताई जा सकती हैं. पहाड़, जंगल, झील और एडवेंचर का मजा लेने के लिए ये डेस्टिनेशन बेहतरीन ऑप्शन हैं.
बारिश का मौसम आते ही लोग घूमने का प्लान करने लगते हैं, लेकिन ऑफिस की छुट्टियों की वजह से ज्यादा दूर का प्लान नहीं कर पा रहे हैं. ऐसे में आप दिल्ली-NCR के आसपास की कुछ शानदार हिल स्टेशन की सैर कर सकते हैं. जहां की खूबसूरती मॉनसून में दोगुनी हो जाती है, जिसे देखकर आप अपनी सारी थकान भूल जाएंगे. आइए आपको इन 5 हिल स्टेशन के बारे में बताते हैं.
Best places to visit in Uttarakhand: उत्तराखंड में ऐसी कई खूबसूरत जगहें हैं, जहां आप परिवार या दोस्तों के साथ कुछ दिन सुकून भरी छुट्टियां बिता सकते हैं. आज हम आपको उत्तराखंड की कुछ खास जगहों के बारे में बताएंगे, जहां आप अपने परिवार के साथ फुर्सत के कुछ यादगार पल बिता सकते हैं.
गर्मियों की छुट्टियों में मनाली, शिमला और नैनीताल जैसे मशहूर हिल स्टेशन्स भारी ट्रैफिक जाम से जूझ रहे हैं। अगर आप भीड़भाड़ और प्रदूषण से दूर परिवार के साथ शांत, ठंडी और सुकून भरी छुट्टियां बिताना चाहते हैं, तो चकराता, जिभी, लैंसडाउन और तवांग जैसी इन 5 खूबसूरत ऑफबीट जगहों का प्लान बनाएं।
पौड़ी जिले के लैंसडाउन इलाके में वन्यजीवों का आतंक देखने को मिला है. 24 घंटे के भीतर तेंदुए के हमले में डेढ़ साल की बच्ची और हाथी के कुचलने से एक बुज़ुर्ग की मौत हो गई. लगातार हो रही घटनाओं से गांवों में डर का माहौल है और लोग वन विभाग से सुरक्षा की मांग कर रहे हैं.
उत्तराखंड के लैंसडाउन में दिल्ली की युवती के साथ उसके मंगेतर के मौसेरे भाई ने रिजॉर्ट में रेप की वारदात को अंजाम दे डाला. पीड़िता ने लैंसडाउन थाने में केस दर्ज कराया है, पुलिस अब आरोपी हर्षवर्धन की तलाश कर रही है.
पौड़ी गढ़वाल में रक्षाबंधन पर नानी के घर आए 5 साल के बच्चे को गुलदार आंगन से उठा ले गया. घटना की सूचना मिलते ही तहसील प्रशासन और रिखणीखाल थाना प्रभारी संतोष कुमार मौके पर पहुंचे. तेंदुए द्वारा बच्चे को उठा ले जाने की सूचना मिलते ही सैकड़ों लोग भी बच्चे की तलाश में जुट गए. देर रात बच्चे का शव घर से करीब डेढ़ किमी दूर झाड़ियों में मिला.
पौड़ी गढ़वाल के कैंटोनमेंट बोर्ड ने लैंसडाउन का नाम जसवंतगढ़ रखने का प्रस्ताव दिया है. बोर्ड ने इस प्रस्ताव को रक्षा मंत्रालय को भी भेज दिया है. प्रस्ताव में बोर्ड ने इस बात का भी जिक्र किया है कि स्थानीय जनता इस लैंसडाउन का नाम बदलने के विरोध में है.
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने उत्तराखंड में लैंसडाउन, मसूरी, रानीखेत और नैनीताल के नाम बदले जाने का ऐलान किया है. इसके बाद से राज्य में सियासत गर्मा गई है. पूर्व सीएम हरीश रावत ने धामी पर निशाना साधते हुए कहा, ''जब सरकार के पास जनता को जवाब देने के लिए कुछ नहीं होता है, तो इस तरह के प्रपंच दोहराए जाते हैं.''