दतिया
दतिया (Datia) भारत के मध्य प्रदेश राज्य का एक जिला है और इसका मुख्यालय भी है. यह शहर ग्वालियर से 78 किमी, नई दिल्ली (New Delhi) से 325 किमी दक्षिण और भोपाल (Bhopal) से 344 किमी उत्तर में स्थित है. दतिया से लगभग 18 किमी दूर एक पवित्र जैन पहाड़ी (sacred Jain hill) सोनागिरी (Sonagiri) है. दतिया भी झांसी से करीब 31 किमी और ओरछा से 52 किमी दूर है. निकटतम हवाई अड्डा ग्वालियर में है. दतिया ग्वालियर के पास और उत्तर प्रदेश (UP) की सीमा पर स्थित है. क्षेत्रफल 2,902 वर्ग किलोमीटर है (Datia Area). दतिया जिले में 3 विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र हैं (Datia Assembly constituency)
2011 जनगणना के आंकड़ों के मुताबिक दतिया की जनसंख्या (Datia Population) 7.87 लाख है और यहां प्रति वर्ग किलोमीटर 271 लोग रहते हैं (Density). यहां का लिंग अनुपात (Sex Ratio) 873 है. इसकी 72.63 फीसदी जनसंख्या साक्षर है. इनमें पुरुष 84.20 फीसदी और महिलाओं की साक्षरता दर 59.41 फीसदी है (Datia literacy).
यह एक प्राचीन शहर है, जिसका उल्लेख राजा दंतवक्र द्वारा शासित महाभारत में मिलता है. पुराना शहर एक पत्थर की दीवार से घिरा हुआ है, जिसमें सुंदर महल और उद्यान हैं. वीर सिंह देव (Vir Singh Deo) का 17वीं शताब्दी का महल उत्तर भारत की हिंदू वास्तुकला का एक उल्लेखनीय उदाहरण है (History Datia).
दतिया में कई महत्वपूर्ण स्थल हैं और 1614 में राजा वीर सिंह देव द्वारा निर्मित सात मंजिला ऊपर और सात मंजिला नीचे महल के लिए प्रसिद्ध है. यह शहर धार्मिक भक्तों के लिए एक संपन्न तीर्थ स्थान भी है (Teerth Sthan). यहां कई मंदिर हैं, जिनमें पीतांबरा देवी का सिद्धपीठ, बगलामुखी देवी मंदिर और गुप्तेश्वर मंदिर शामिल हैं. पीताम्बरा पीठ दतिया के प्रवेश द्वार पर स्थित एक प्रसिद्ध शक्तिपीठ है. धूमावती मुख्य मंदिर, गोलोकवासी स्वामीजी महाराज द्वारा स्थापित और वनखंडेश्वर मंदिर, शिव का एक महाभारत काल का मंदिर, इस स्थान का मुख्य आकर्षण है (Datia Monuments And Tourist Places).
यह शहर अनाज और कपास उत्पादों के व्यापार केंद्र के रूप में कार्य करता है. हथकरघा बुनाई यहां का एक महत्वपूर्ण उद्योग है (Economy Datia).
दतिया उपचुनाव में बीजेपी की हार के बाद नरोत्तम मिश्रा ने सोशल मीडिया पर अपने ऊपर और आशुतोष तिवारी पर लग रहे आरोपों का खंडन किया है. उन्होंने आशुतोष तिवारी को अपना अनुज बताया और उनके प्रति स्नेह और सम्मान जताया.
दतिया उपचुनाव में आजाद समाज पार्टी के उम्मीदवार को 22 हजार से ज्यादा वोट मिले हैं. इस नतीजे के बाद यूपी की राजनीति में चर्चा तेज हो गई है कि 2027 के चुनाव में चंद्रशेखर आजाद की पार्टी कितना असर डाल पाएगी.
दतिया उपचुनाव में हार के बाद बीजेपी ने बड़ा फैसला लिया है. जिला अध्यक्ष समेत पूरी जिला कार्यकारिणी को पदमुक्त कर दिया गया है. साथ ही, मंडल, मोर्चा और बाकी सभी संगठनात्मक इकाइयों को भी भंग कर दिया गया है.
बांकीपुर और दतिया की हार सिर्फ दो सीटों का नुकसान नहीं. ये भाजपा की अंदरूनी दरारों को बेनकाब कर रही हैं. जो अगले यूपी चुनाव में भारी पड़ सकता है. पूरा राज्य ऐसे ही कई गढ़ों से भरा है, जहां पार्टी की मजबूती दिखावे की है.
भारतीय जनता पार्टी ने दतिया विधानसभा उपचुनाव के परिणामों की समीक्षा के लिए दो सदस्यीय समिति का गठन किया है.
बांकीपुर उपचुनाव में बीजेपी को 30-35 साल पुराने गढ़ में हार और दतिया में झटका मिलने के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संसद भवन में बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मुलाकात की. इसके बाद शिवराज सिंह चौहान से भी दतिया उपचुनाव के नतीजे को लेकर चर्चा की है.
बिहार की बांकीपुर और मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा उपचुनाव में बीजेपी की हार ने पार्टी की सियासी टेंशन बढ़ा दी है. इसका असर सिर्फ बिहार और एमपी ही नहीं, बल्कि उत्तर प्रदेश की राजनीति पर भी पड़ना लाजिमी है. चंद्रशेखर आजाद के लिए इसे क्यों सियासी संजीवनी माना जा रहा है?
बिहार की बांकीपुर और मध्य प्रदेश की दतिया सीट पर हुए उपचुनाव में बीजेपी को हार का सामना करना पड़ा. जबकि गुजरात की मांजलपुर सीट पर पार्टी ने जीत दर्ज की. बीजेपी अध्यक्ष नितिन नवीन ने जनता के जनादेश को स्वीकार किया है और इन चुनावी नतीजों की समीक्षा करने की बात कही है.
30 जुलाई को बिहार की बांकीपुर, मध्य प्रदेश की दतिया और गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव के नतीजे सोमवार को घोषित हो गए. बांकीपुर में प्रशांत किशोर ने बीजेपी का गढ़ भेद दिया, दतिया में कांग्रेस ने अपनी सीट बचाए रखी, जबकि मांजलपुर में बीजेपी ने अपना किला बरकरार रखा.
दतिया उपचुनाव में कांग्रेस की जीत ने बीजेपी की चुनावी रणनीति पर सवाल खड़े कर दिए हैं. लगातार दूसरी उपचुनाव हार के बाद अब पार्टी के भीतर उम्मीदवार चयन और स्थानीय संगठन को लेकर चर्चा तेज हो गई है.
Datia By Election :दतिया उपचुनाव में बीजेपी की हार हुई है। 2023 के विधानसभा चुनाव के बाद अब उपचुनाव में भी बीजेपी दतिया सीट को नहीं जीत पाई। बीजेपी की हार का कारण कार्यकर्ताओं की नाराजगी है। आशुतोष तिवारी क्षेत्र की जनता के लिए नए चेहरे थे।मध्य प्रदेश की दतिया सीट पर कांग्रेस ने फिर से जीत हासिल की है। ढाई साल में दूसरी बार यह सीट कांग्रेस के खाते में गई है। बीजेपी के आशुतोष तिवारी को कांग्रेस ने घनश्याम सिंह ने 6 हजार ज्यादा वोटों से चुनाव हरा दिया है..
MP Datia Bypoll Election Result: मध्य प्रदेश की दतिया विधानसभा सीट पर कांग्रेस ने जीत दर्ज कर ली है. कांग्रेस प्रत्याशी घनश्याम सिंह ने बीजेपी के आशुतोष तिवारी को 6,016 वोटों से हराया. इस जीत के साथ कांग्रेस ने दतिया सीट अपने कब्जे में बरकरार रखी.
बांकीपुर और दतिया विधानसभा के उपचुनाव की मतगणना जारी है. ऐसे में जानते हैं कि उपचुनाव में जीतने वाले उम्मीदवार कितने वक्त तक विधायक रहते हैं?
तीन राज्यों की तीन महत्वपूर्ण सीटों पर आज वोटों की गिनती सुबह आठ बजे से शुरू होगी. इन सीटों पर 30 जुलाई को मतदान हुआ था जिसमें उम्मीदवारों ने पूरी ताकत से चुनाव लड़ाई. पोस्टल बैलेट से लेकर सामान्य वोटों की गिनती आज होगी और जनता का जनादेश सामने आएगा. बांकीपुर, दतिया और मांजलपुर ये तीन सीटें आज परिणाम का दिन है और पूरे चुनाव पर नजरें लगी हुई हैं.
तीन राज्यों में तीन विधानसभा सीटों पर आज सुबह आठ बजे से मतगणना शुरू होगी. बिहार के बांकीपुर, मध्यप्रदेश के दतिया और गुजरात की मांजलपुर में उपचुनाव के वोटों की गिनती कुछ ही घंटों में पूरी हो जाएगी. यह चुनाव परिणाम आने का दिन है. सभी की नजरें इन सीटों के नतीजों पर टिकी हैं क्योंकि इससे राजनीतिक माहौल प्रभावित होगा.
बिहार के बांकीपुर, मध्य प्रदेश के दतिया और गुजरात के मांजलपुर विधानसभा सीट पर गुरुवार को उपचुनाव के लिए मतदान हो गया. तीनों ही सीटों के उम्मीदवारों की किस्मत ईवीएम में कैद हो गई है, लेकिन तीनों सीटों पर घटे मतदान ने सियासी टेंशन बढ़ा दी है.
बांकीपुर विधानसभा उपचुनाव में 34.30 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया, जबकि दतिया विधानसभा सीट पर गुरुवार को हुए उपचुनाव में करीब 72 प्रतिशत वोटिंग हुई.
बिहार की बांकीपुर विधानसभा सीट पर होने वाले उपचुनाव पर सभी की नजरें बनी हुई हैं. बीजेपी का गढ़ कहे जाने वाली इस सीट पर त्रिकोणीय मुकाबला देखने को मिल रहा है.
मध्य प्रदेश के दतिया में भी मतगणना हो रही है. वहां पहले डाक मतपत्रों की गिनती के हो रही है. दतिया में कुल 15 राउंड की काउंटिंग होगी. इस सीट पर मुख्य मुकाबला बीजेपी के आशुतोष तिवारी और कांग्रेस के घनश्याम सिंह के बीच है. बीजेपी ने विधानसभा चुनाव 2023 में हारे पूर्व गृह मंत्री नरोत्तम मिश्रा की जगह आशुतोष को टिकट दिया है. वहीं, कांग्रेस ने दतिया राजघराने से आने वाले घनश्याम सिंह को प्रत्याशी बनाया है. दतिया उपचुनाव में कुल 2 लाख 20 हजार 410 मतदाताओं में से 1 लाख 57 हजार 473 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का उपयोग किया था.
तीन राज्यों में तीन सीटों पर हुए उपचुनाव की. तीनों सीटों पर मतगणना शुरू हो चुकी है और कुछ ही घंटे में जनादेश साफ हो जाएगा. बिहार के बांकीपुर, मध्य प्रदेश की दतिया और गुजरात की मांजलपुर विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के वोटों की गिनती हो रही है. तीनों सीटों पर 30 जुलाई को वोटिंग हुई थी. और अब आज फैसले की घड़ी है. सबसे पहले पोस्टल बैलेट की गिनती हो रही है. उसके बाद कुछ ही देर में EVM में दर्ज वोटों की गिनती की होने वाली है.
दतिया उपचुनाव के नतीजों से पहले कांग्रेस के एक फैसले ने सियासी हलचल बढ़ा दी है. पूर्व विधायक राजेंद्र भारती को पार्टी से निलंबित कर दिया गया है. अब सबकी नजर मतगणना पर है.