तस्मानिया की दोपहर थी...हल्की हवा में नमकीन समंदर का स्वाद और आसमान में एक तपती हुई आग का गोला, जिसे दुनिया ऑस्ट्रेलियन सन कहती है. कोर्ट की सफेद लाइनों के बीच रेनेटा जाराजुआ अपने रैकेट से की डोरी पर दिन भर सपनों को बांधती रहीं. लेकिन शाम ढलते ही शरीर ने उस तपिश का हिसाब मांग लिया. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)
दरअसल, इन दिनों रेनेटा तस्मानिया में ही हैं, जहां वह ऑस्ट्रेलियन ओपन से पहले अभ्यास और मैच प्रैक्टिस के लिए होबार्ट इंटरनेशनल टूर्नामेंट में खेल रही हैं. यहीं की धूप, हवा और कठोर UV ने उनके शरीर पर ये निशान छोड़े. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)
शावर के पानी की धार जब कंधों से बहती नीचे आई, तो वे चौंक उठीं- त्वचा अंगारों-सी लाल थी. जैसे सूर्य ने उंगलियों से छुआ हो… हल्के-हल्के, पर बेदर्दी से. दर्द की वह चुभन अजीब थी- कहीं कोमल, कहीं क्रूर...मानो शरीर कोई गुप्त कविता सुनाने लगा हो, जिसकी हर पंक्ति में तपिश की पीड़ा और धूप का आलिंगन था. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)
आईने के सामने खड़ी रेनेटा ने अपनी पीठ को देखा- धूप ने कंधों पर अपने निशान बना दिए थे. उन्होंने तस्वीर खींची, और दुनिया से लगभग फुसफुसाते हुए कहा- 'The Australian sun is no joke.' (Instagram story - Renata Zarazua (@renazarazua)
बाहर तापमान भले 26°C हो, पर UV की धार 8 से 11 तक जा पहुंची थी...त्वचा को बेचैन कर देने वाली एक अदृश्य आंच. वह आंच जो नसों में उतरती महसूस होती है. दरअसल, यह UV इंडेक्स ‘बहुत अधिक’ श्रेणी में माना जाता है. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)
फिर भी… दर्द के पीछे एक अजीब-सी सुंदरता थी. एक एथलीट के शरीर की- जो सूरज, पसीने, डर, और सपनों का बराबरी से बोझ उठाता है. उस रोज रेनेटा के कंधे केवल जले नहीं थे, वे मजबूत हुए थे. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)
रेनेटा अगले हफ्ते अपने करियर का तीसरा ऑस्ट्रेलियन ओपन खेलने उतरेंगी. 2025 में वह वुमेंस सिंगल्स के दूसरे राउंड तक पहुंची थीं, जहां चौथी वरीयता प्राप्त जैस्मिन पाओलिनी ने उन्हें बाहर किया था. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)
2024-25 का सीजन उनके लिए उल्लेखनीय रहा है. नवंबर में उन्होंने ऑस्टिन 125 खिताब जीता. अक्टूबर में ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ियों को हराकर WTT W100 जॉर्जिया खिताब अपने नाम किया. सबसे बड़ी उपलब्धि US Open में तब आई जब उन्होंने डिफेंडिंग चैंपियन मैडिसन कीज को हराया- इस जीत के साथ वह 1995 के बाद पहली मैक्सिकन खिलाड़ी बनीं, जिन्होंने किसी टॉप-10 खिलाड़ी को मात दी. (Instagram, Renata Zarazua (@renazarazua)