18वें एशियन गेम्स के सातवें दिन (शनिवार) के आखिर में एथलीट तजिंदरपाल सिंह ने भारत को गोल्ड मेडल दिलाया. उन्होंने शॉट पुट स्पर्धा में एशियाई रिकॉर्ड के साथ टॉप पर रहकर स्वर्ण पदक हासिल किया. इसके साथ ही भारत के खाते में मौजूदा एशियन गेम्स का सातवां गोल्ड मेडल जुड़ गया. तजिंदर ने एशियन गेम्स रिकॉर्ड के साथ 20.75 मीटर गोला फेंका. इससे पहले का रिकॉर्ड 20.57 मीटर का है जो सऊदी अरब के गत चैंपियन सुल्तान अब्दुल माजिद अल हेबशी ने 2010 खेलों में बनाया था.
तजिंदर ने राष्ट्रीय रिकॉर्ड भी तोड़ा
तजिंदर ने ओम प्रकाश करहाना के नाम पर दर्ज 20.69 मीटर का छह साल पुराना राष्ट्रीय रिकॉर्ड तोड़ा. इससे पहले तजिंदर का व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन 20.24 मीटर का था, जो उन्होंने पिछले साल हासिल किया था. इस स्पर्धा में चीन के लियू यांग ने 19.52 मीटर के साथ रजत, जबकि कजाखस्तान के इवान इवानोव ने 19.40 मीटर के साथ कांस्य पदक जीता.

पंजाब के मोगा के रहने वाले हैं तजिंदर
23 साल के तजिंदर पंजाब के मोगा के रहने वाले हैं. तजिंदर ने 2006 में शॉट पुट में अपना करियर शुरू किया था. उसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा. वो एक के बाद एक सफलता की सीढ़ी चढ़ते गए. एशियन गेम्स में गोल्ड मेडल जीतना उनके करियर की सबसे बड़ी उपलब्धि है. 23 साल के तजिंदर ने पहले प्रयास में 19.96, दूसरे प्रयास में 19.15 मीटर का थ्रो किया. हालांकि तीसरा प्रयास उनका फाउल रहा. लेकिन उन्होंने चौथे प्रयास में 19.96 और पांचवें प्रयास में 20.75 का रिकॉर्ड थ्रो किया, जबकि छठे प्रयास में 20.00 मीटर गोला फेंका.
पिता ने शॉट पुट के लिए प्रोत्साहित किया
बचपन में तजिंदर क्रिकेट में दिलचस्पी रखते थे और क्रिकेटर बनना चाहते थे. लेकिन उनके पिता ने उन्हें शॉट पुट खेलने के लिए प्रोत्साहित किया. तजिंदर के मुताबिक उनके पिता चाहते थे कि वे व्यक्तिगत खेल पर भी अपना हाथ आजमाएं. एक बार जब उन्होंने नियमित रूप से मैदान पर अभ्यास करना शुरू किया, तो वो इस खेल को पसंद करने लगे.
कड़ी मेहनत के बाद मिला स्वर्ण पदक
तजिंदरपाल के कोच मोहिंदर सिंह हैं. तजिंदर ने स्पोर्ट्स कोटा के तहत भारतीय नौसेना ज्वाइन की. जिससे उन्हें इस खेल को निखारने में काफी मदद मिली. तजिंदर ने 2017 में भुवनेश्वर में हुई एशियन चैंपियनशिप में शॉट पुट स्पर्धा में 19.77 मीटर गोला फेंककर दूसरा स्थान हासिल किया था. इसी साल ऑस्ट्रेलिया के गोल्ड कोस्ट में हुए कॉमनवेल्थ गेम्स में उन्होंने 19.42 मीटर गोला फेंककर आठवां स्थान हासिल किया था.
पुरुषों के शॉट पुट में भारत का यह नौवां स्वर्ण पदक
एशियाई खेलों के इतिहास में पुरुषों के शॉट पुट में भारत का यह नौवां स्वर्ण पदक है. इससे पहले मदन लाल ने 1951 में, प्रद्युम्न सिंह ने 1954 और 1958 में, जोगिंदर सिंह ने 1966 और 1970 में, बहादुर सिंह चौहान ने 1978 और 1982 में तथा बहादुर सिंह सागू ने 2002 के एशियाई खेलों के शॉट पुट स्पर्धा में भारत के लिए स्वर्ण पदक जीता था.
राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री ने शॉटपुटर तजिंदर को बधाई दी
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने स्वर्ण विजेता को ट्विटर पर बधाई देते हुए लिखा, 'तजिंदरपाल सिंह तूर, हमें आप पर गर्व है. रिकॉर्ड थ्रो के साथ स्वर्ण पदक जीतने पर आपको बधाई. आपकी इस शानदार उपलब्धि पर भारत को गर्व है. ऐसे ही बेहतरीन प्रदर्शन करते रहिए.'
Proud of you, Tajinderpal Singh Toor! Congratulations on winning the Gold medal with a record throw of 20.75m in Men's shot put at the #AsianGames2018. India is very proud of your exemplary accomplishment. Keep it up! #PresidentKovind
— President of India (@rashtrapatibhvn) August 25, 2018
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लिखा, 'नए रिकॉर्ड के साथ एक ऐतिहासिक स्वर्ण. स्वर्ण पदक जीतने पर आपको बधाई. एशियाई खेलों में नए रिकॉर्ड बनाने पर हमें आप पर गर्व है.'
A historic Gold and a new record!
Congratulations to Tejender Pal Singh Toor for winning the prestigious Gold medal in the Shot put event at the asiangames2018. Proud of him for setting a new Asian Games record as well. pic.twitter.com/vdSmI1zGDb
— Narendra Modi FC (@Narendermodi_PM) August 25, 2018