scorecardresearch
 

क्या वाकई घर में लाफिंग बुद्धा या कछुआ लाने से बढ़ती है समृद्धि?

फेंगशुई ऊर्जा को नियंत्रित करने के सिद्धांत पर काम करती है. इसमें बहुत सारी चीजों का प्रयोग करके ऊर्जा को ठीक किया जाता है जैसे- ड्रैगन, फीनिक्स, टर्टल, लाफिंग बुद्धा आदि. इसका विस्तार अब केवल चीन तक सीमित नहीं है. यह अमेरिका और एशिया में तेजी से फैलता जा रहा है.

Photo Credit: Getty Images Photo Credit: Getty Images
स्टोरी हाइलाइट्स
  • अब केवल चीन तक सीमित नहीं फेंग शुई
  • अमेरिका और एशिया में तेजी से फैलती जा रही परंपरा

फेंगशुई को चीनी वास्तुशास्त्र कहा जा सकता है. इसमें मुख्य रूप से सकारात्मक ऊर्जा "ची" पर जोर दिया जाता है. इसके अलावा, इसमें चुंबकीय ऊर्जा का प्रयोग भी किया जाता है जिसे "यिन तथा यांग" कहा जाता है. फेंगशुई ऊर्जा को नियंत्रित करने के सिद्धांत पर काम करती है. इसमें बहुत सारी चीजों का प्रयोग करके ऊर्जा को ठीक किया जाता है जैसे- ड्रैगन, फीनिक्स, टर्टल, लाफिंग बुद्धा आदि. इसका विस्तार अब केवल चीन तक सीमित नहीं है. यह अमेरिका और एशिया में तेजी से फैलता जा रहा है.

भारतीय वास्तुशास्त्र और फेंगशुई में अंतर
भारतीय वास्तुशास्त्र पांच तत्वों पर काम करता है. इसमें भूमि परीक्षण भी सम्मिलित है. इसकी शुरुआत भूमि के चुनाव, नीव भराव से होती है और समाप्ति गृह प्रवेश पर होती है. इसमें दिशाओं और ऊर्जा के अलावा सूर्य की रौशनी पर भी काम किया जाता है. यह सिद्धांत वस्तुओं से ज्यादा परिवर्तन, रंग और मन्त्रों से काम करता है.

क्या भारत के लिए फेंगशुई के सिद्धांत कारगर हैं?
आमतौर पर भारतीय वास्तुशास्त्र भारत के परिवेश के हिसाब से निर्मित है. इसी प्रकार फेंगशुई भी चीन के परिवेश और निर्माण पर आधारित है. चीन के परिवेश का भारत के परिवेश पर कुछ खास असर नहीं पड़ सकता. इसीलिए फेंगशुई की चीजों का उसके सिद्धांतों का भारत में प्रयोग करने का कोई खास लाभ नहीं है.

लाफिंग बुद्धा 
- लाफिंग बुद्धा में एक मोटा सा व्यक्ति है 
- इसका बड़ा सा पेट है, हाथ में धन की पोटली या कमंडल है 
- ऐसा मानते हैं कि इसको रखने से घर में सुख शांति समृद्धि आती है
- बेहतर होगा कि इसके बजाय घर में गणेश जी रखें
- इससे घर में श्रद्धा, भक्ति, समृद्धि सब कुछ आ जाएगी 
- गणेश जी अगर पीले रंग के हों तो बेहतरीन परिणाम मिलेंगे 

बागुआ 
- बागुआ दर्पण अष्टकोणीय होता है 
- आम तौर पर इसको घर के मुख्य द्वार पर लगाते हैं 
- माना जाता है कि इसको लगाने से घर में नकारात्मक ऊर्जा का प्रवेश नहीं होता 
- वास्तविकता यह है कि यह चीन, जापान आदि देशों में काम कर सकता होगा भारत में नहीं
- बेहतर होगा कि घर के मुख्य द्वार पर दोनों तरफ लाल रंग का स्वस्तिक बनाया जाए
- और घर के मुख्य द्वार पर ऊपर की और बीचों बीच दो त्रिभुज एक दूसरे को काटते हुए बनाए जाएं
- भारतवर्ष में इसके परिणाम बेहतरीन होंगे 

ड्रैगन, फीनिक्स, टर्टल और मेंढक
- इन चीजों को फेंगशुई में बहुत महत्वपूर्ण माना जाता है
- माना जाता है कि इनको रखने से सुरक्षा होती है
- कुछ से धन आसानी से मिल जाता है
- लेकिन भारत में घर में जंगली जानवरों के चित्र या आकृति रखना अच्छा नहीं मानते
- इसलिए पशु कितने भी भाग्यवान क्यों न हों, अगर उनकी प्रकृति जंगली हो तो उन्हें घर में न रखें

 

आजतक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें