Magh Purnima 2026: द्रिक पंचांग के अनुसार, माघ पूर्णिमा इस बार 1 फरवरी यानी कल के दिन मनाई जाएगी. माघ पूर्णिमा को हिंदू धर्म का एक अत्यंत पवित्र पर्व है, जिसे स्नान, दान और भगवान विष्णु की आराधना के लिए विशेष माना गया है. माघ मास को धर्म, जप और तप का महीना कहा जाता है और इसकी पूर्णिमा तिथि इस पूरे मास का सबसे श्रेष्ठ दिन मानी जाती है. इस दिन गंगा, यमुना, सरस्वती जैसी पवित्र नदियों में स्नान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है. शास्त्रों के अनुसार, माघ पूर्णिमा पर किया गया दान और पूजा व्यक्ति के जीवन से कष्टों को दूर करता है और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त करता है. ज्योतिषियों के अनुसार, माघ पूर्णिमा के दिन कुछ गलतियों से सावधान रहना चाहिए. तो आइए जानते हैं उन गलतियों के बारे में.
1. देर तक न सोएं
शास्त्रों के अनुसार, माघ पूर्णिमा के दिन देर तक नहीं सोना चाहिए. इस दिन जल्दी उठकर ब्रह्म मुहूर्त में स्नान करना चाहिए. देर तक सोना इस दिन बहुत ही अशुभ माना जाता है.
2. क्रोध या झगड़ा न करें
इस दिन क्रोध करना, किसी से विवाद करना या कठोर शब्द बोलना पुण्य को नष्ट करता है. शास्त्रों में इसे मानसिक अशुद्धि माना गया है.
3. तामसिक भोजन का सेवन
माघ पूर्णिमा के दिन मांस, मदिरा, लहसुन-प्याज या अत्यधिक मसालेदार भोजन के सेवन से बचना चाहिए. इस दिन सात्विक आहार ही शुभ फल देता है.
4. जरूरतमंद को खाली हाथ लौटाना
माघ पूर्णिमा के दिन दान करना बहुत ही शुभ माना जाता है. इस दिन कोई गरीब व्यक्ति अगर आपके द्वार पर आए, तो उसे खाली हाथ नहीं भेजना चाहिए क्योंकि यह करना बहुत ही अशुभ माना जाता है.
5. घर में अंधेरा न रखें
माघ पूर्णिमा के दिन इस बात का खास ध्यान रखें कि घर में अंधेरा न हो. मान्यता है कि इस पावन तिथि पर माता लक्ष्मी स्वयं गृह में आगमन करती हैं, लेकिन यदि घर में अंधेरा रहेगा तो उनका प्रवेश नहीं होता और शुभ फल से वंचित रहना पड़ सकता है.