scorecardresearch
 

अलवर: खेलते-खेलते कार में बंद हुईं दो मासूम बहनें, दम घुटने से मौत, परिवार में मचा कोहराम

अलवर के खुदनपूरी इलाके में दर्दनाक हादसे में दो मासूम बहनें, टीना (8) और लक्ष्मी (5), खेलते समय एक कार सर्विस सेंटर में खड़ी बंद कार में फंस गईं और दम घुटने से उनकी मौत हो गई. गाड़ी मरम्मत के लिए आई थी और उसमें बैटरी भी नहीं थी. कुछ घंटे बाद बच्चियां अचेत मिलीं. परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि चार साल पहले उनकी मां का निधन हो चुका था. पुलिस मामले की जांच कर रही है.

Advertisement
X
खेलते समय दो सगी बहनें एक बंद पड़ी कार में बैठ गईं. Photo ITG
खेलते समय दो सगी बहनें एक बंद पड़ी कार में बैठ गईं. Photo ITG

अलवर शहर के वैशाली नगर थाना क्षेत्र स्थित खुदनपूरी इलाके में बुधवार को दिल दहला देने वाली घटना हई. खेलने के दौरान दो मासूम सगी बहनें कार में बंद हो गई. इस दौरान दो मासूम बहनों की दम घुटने से दर्दनाक मौत हो गई. घटना के बाद पूरे इलाके में मातम छा गया और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया. घटनास्थल के पास लगी सीसीटीवी कैमरे में यह घटना कैद हो गई. 

गाड़ी गैराज में आई थी
कैमरे में साफ नजर आ रहा है कि दोनों बहने खेलती हुई गाड़ी में बैठी और उसके बाद उनसे गाड़ी का दरवाजा नहीं खुला. गाड़ी ठीक होने के लिए गैराज में आई थी. इस दौरान गाड़ी में बैटरी नहीं थी. कई घंटे बाद जब बच्चियों घर में नहीं मिली. तो परिवार के लोगों ने उनकी तलाश शुरू की. इस दौरान दोनों गाड़ी के अंदर अचेत अवस्था में पड़ी हुई मिली.

पिता ने क्या बताया?
मृतक बालिकाओं के पिता रमेश ने बताया कि उनका परिवार मूल रूप से बेड़म क्षेत्र का रहने वाला है और वर्तमान में खुदनपूरी में किराए के मकान में रह रहा था. परिवार में दोनों मासूम बेटियां ही पिता का सहारा थीं. दोनों बच्चियां घर के पास खेलते-खेलते एक कार सर्विस सेंटर पर पहुंच गईं. सर्विस स्टेशन के बाहर एक लाल रंग की कार खड़ी हुई थी. 

Advertisement

कब-क्या हुआ?
गाड़ी सर्विस सेंटर पर ठीक होने के लिए आई थी. खेल-खेल में दोनों कार के अंदर बैठ गईं. टीना की उम्र 8 साल व दूसरी लक्ष्मी कि उम्र 5 साल थी. लेकिन अचानक कार के गेट लॉक हो गए और दोनों बाहर नहीं निकल सकीं. काफी देर तक बच्चियों के नजर नहीं आने पर परिजनों और आसपास के लोगों ने उनकी तलाश शुरू की. इसी दौरान सर्विस सेंटर पर खड़ी कार के अंदर दोनों बच्चियां बेसुध हालत में मिलीं. इस पर तुरंत उन्हें बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी. भीषण गर्मी के कारण दम घुटने से दोनों मासूमों की मौत हो गई.

चार साल पहले हुआ था मां का निधन
इस घटना की सूचना मिलते ही वैशाली नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों बालिकाओं को जिला अस्पताल की मोर्चरी में शिफ्ट करवाया गया. पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है. हादसे के बाद खुदनपूरी इलाके में शोक की लहर दौड़ गई. सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि दोनों मासूम बच्चियों की मां का चार साल पहले ही निधन हो चुका था. 

अब पिता का क्या होगा?
मां के बाद पिता रमेश अपनी दोनों बेटियों के सहारे जिंदगी बिता रहे थे, लेकिन इस हादसे ने परिवार की खुशियां हमेशा के लिए छीन लीं. घटना के बाद हर किसी की आंखें नम दिखाई दीं. स्थानीय लोगों ने भी इस हादसे को बेहद दुखद बताते हुए बच्चों की सुरक्षा को लेकर सावधानी बरतने की अपील की है. पुलिस द्वारा मामले की जांच की जा रही है. 

Advertisement

पुलिस ने शवों को अपने कब्जे में लेकर उनको राजीव गांधी सामान्य अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया और पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सुपुर्द किया. पुलिस ने कहा कि मामले की जांच पड़ताल की जा रही है. वर्कशॉप के बाहर लगे कैमरे में यह पूरी घटना कैद हो गई. जिसके आधार पर पुलिस जांच कर रही है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Advertisement