दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर रविवार शाम एक झपकी ने खुशियों भरे सफर को मातम में बदल दिया. खाटूश्याम के दर्शन कर फरीदाबाद लौट रहे पांच श्रद्धालुओं की तेज रफ्तार कार अचानक अनियंत्रित हो गई और डिवाइडर क्षेत्र के पास बने कल्वर्ट में जा घुसी. इस दर्दनाक हादसे में एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए.
हादसा अलवर जिले के बड़ौदा मेव थाना क्षेत्र अंतर्गत जय सिंहपुरा के पास दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर हुआ. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, कार तेज गति से चल रही थी. अचानक चालक को नींद की झपकी आ गई, जिससे वाहन का संतुलन बिगड़ गया और कार डिवाइडर के बीच बने गार्डनिंग एरिया को पार करते हुए सीधे सीमेंट के बॉक्स में जा टकराई.
श्रद्धालुओं की कार हादसे का शिकार
टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि मौके पर अफरा-तफरी मच गई. आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए. तुरंत पुलिस और एक्सप्रेसवे प्रशासन को सूचना दी गई. हाइवे एंबुलेंस की मदद से सभी घायलों को बड़ौदा मेव अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से हालत गंभीर होने पर उन्हें अलवर जिला अस्पताल रेफर किया गया. बाद में डॉक्टरों ने कुछ घायलों को बेहतर इलाज के लिए जयपुर भेज दिया.
हादसे में रविंदर नामक युवक की मौके पर ही मौत हो गई. उसके शव को पोस्टमार्टम के लिए बड़ौदा मेव अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है. घायल होने वालों में सूबे सिंह, बिट्टू, मनोज और राजेंद्र शामिल हैं, जिनका इलाज जारी है.
नींद की एक झपकी और उजड़ गया परिवार
घायल बिट्टू कुमार ने बताया कि यह हादसा शाम करीब चार बजे हुआ. उन्होंने बताया कि सभी लोग शनिवार को खाटूश्यामजी के दर्शन के लिए गए थे और रविवार को फरीदाबाद लौट रहे थे. अलवर के पास अचानक कार अनियंत्रित हो गई और उन्हें होश भी नहीं रहा. अस्पताल पहुंचने के बाद उन्हें हादसे की जानकारी मिली.
पुलिस ने मृतक के परिजनों को सूचना दे दी है और मामले की जांच शुरू कर दी है. शुरुआती तौर पर हादसे का कारण चालक को आई नींद की झपकी बताया जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की जांच कर रही है.