दस्तक आज मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर छिड़े सियासी क्लेश पर. कांग्रेस ने देश के कोने कोने में ज्ञानेश कुमार का इस्तीफा या बर्खास्तगी की मांग को लेकर, विरोध प्रदर्शन किया. कांग्रेस के कई बड़े नेता भी सड़कों पर उतरे. तो राहुल गांधी ने एक नए वीडियो से, ज्ञानेश कुमार को सीधी चुनौती दी कि, भारत के युवा आपको एक्सपोज़ करेंगे. एक तरफ कांग्रेस, तो दूसरी तरफ CJP यानी कॉकरोच जनता पार्टी ने भी, ज्ञानेश कुमार को 48 घंटे की डेडलाइन दी है. देखें...
आज हम दस्तक देंगे महाराष्ट्र और बिहार के किसानों की बदहाली पर आंखें मूंदकर बैठे जिम्मेदारों के खिलाफ. सूखे की मार से महाराष्ट्र के किसान दो जून की रोटी जुटाने के लिए जूझ रहे हैं तो बिहार में बाढ़ का पानी उतरने के बाद किसानों की सुध लेने वाला कोई नहीं है. किसान मदद की आस में बैठा है और सरकारें सिर्फ और सिर्फ आश्वास का मरहम लेकर घूम रही है. सवाल यही है कि किसानों को बदहाली और तंग- हाली के दलदल से कौन निकालेगा? देखें...
आज हम दस्तक देंगे सोते हुए उस सिस्टम के खिलाफ जहां आम जनता की जिदंगी को भगवान के भरोसे छोड़ दिया गया है. आज बात अहमदाबाद जिले के पांच गांवों की रौंगटे खड़े करने-- वाली आपबीती पर।डेवलपमेंट के नाम पर तमाम फैक्ट्रियां लगाई गई, इसमें कुछ केमिकल की फैक्ट्रियां भी हैं.वही फैक्ट्रियां जिन्हें आम लोगों की जिंदगी से खिलवाड़ करने की खुली छूट मिली हुई है. बीते कुछ सालों में फैक्ट्रियों से निकलते दूषित पानी ने पूरे इलाके के भूजल यानी ग्राउंड वॉटर को जहर बना दिया. देखें...
बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से लेकर, यूपी में बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी मेरठ पहुंचे। नितिन नवीन और सीएम योगी मेरठ और सहारनपुर के दो दिनों के दौरे पर हैं. सवाल है, बीजेपी ने 2027 की लड़ाई के लिए, मेरठ और सहारनपुर को ही क्यों चुना? देखें 10 तक.
सरकारी अस्पतालों में चिकित्सा व्यवस्था से तो हर कोई वाकिफ रहता है, लेकिन, जब डॉक्टर के नाम पर उनके ड्राइवर मरीज़ों का इलाज करने लगें तो सोचिए, क्या होगा? जी हां कानपुर के सरकारी अस्पताल में ऐसा खिलवाड़ हुआ है. डॉक्टर आराम पर, और उनका ड्राइवर काम पर. जब ड्राइवर डॉक्टर का वीडियो वायरल हुआ तो, कानपुर से लेकर, पूरे प्रदेश में हड़कंप मचा हुआ है. तो आइए देखते हैं, ड्राइवर डॉक्टर का ओपीडी में जानलेवा इलाज. देखें...
कैसे सरकार ने UPI पैमेंट पर चार्ज लगाया तो, सवाल उठने शुरु हो गए, और कैसे केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने देशभर में UCC लागू करने की बात कही, तो बवाल मचा हुआ है. पहले बात, UPI की. मोदी सरकार 15 अक्टूबर से 2 हज़ार रुपए से ऊपर के UPI ट्रांजैक्शन पर चार्ज लगाने जा रही है. लेकिन, सरकार के इस फैसले पर विपक्ष और राहुल गांधी ने सवाल खड़े कर दिए हैं. राहुल गांधी ने सीधे मोदी सरकार पर, अमेरिका के दबाव में आने का आरोप लगाया और इस फैसले को वापस लेने की मांग की. देखें...
आज दस्तक की शुरुआत यूसीसी को लेकर एनडीए में सियासी घमासान की. गृहमंत्री अमित शाह ने एलान किया कि 2029 तक एनडीए शासित राज्यों में यूसीसी यानी कॉमन सिविल कोड लागू हो सकता है, लेकिन गृहमंत्री के एलान के बाद टीम एनडीए में हलचल तेज हो गई. बिहार में बीजेपी के दो बड़े- सहयोगी नीतीश कुमार और चिराग पासवान ने यूसीसी पर अपने पत्ते नहीं खोले हैं. देखें...
2027 के यूपी चुनाव के लिए महायुद्ध शुरू हो चुका है. योगी आदित्यनाथ को एक बार फिर सबसे बड़ा हथियार हिंदुत्व ही नजर आ रहा है. उनके सामने कई चुनौतियां भी हैं. सीएम योगी को अखिलेश यादव के PDA वाले दांव का काट खोजना है. विपक्ष राम मंदिर चढ़ावा चोरी को इस बार बड़ा मुद्दा बनाने जा रहा है. यूपी की चुनावी लड़ाई कैसे जाति और धर्म पर आई. देखें 10 तक.
पूरी दुनिया की नजरें आज दिल्ली में चल रहे ब्रिक्स सम्मेलन पर टिकी है. वजह है पुतिन और जिनपिंग का दिल्ली आना. पुतिन पहुंच चुके हैं जबकि चंद घंटों में जिनपिंग आने वाले हैं. भारत की अध्यक्षता में चल रहे ब्रिक्स सम्मेलन में पुतिन और जिनपिंग की मौजूदगी बहुत अहम है. बीते 3 सालों में ये तीसरा मौका है जब पीएम मोदी, पुतिन और जिनपिंग एक साथ एक मंच पर होंगे. देखें...
अब बात नई दिल्ली में शुरु होने जा रहे 18वें ब्रिक्स सम्मेलन की. जब युद्ध, प्रतिबंध, व्यापार बाधाओं और पश्चिम एशिया संकट के बीच वैश्विक व्यवस्था, डगमगा चुकी है, तब 12-13 सितंबर को होने वाले ब्रिक्स शिखर सम्मेलन पर पूरी दुनिया की नजर है. भारत की मेज़बानी में 11 सदस्य देश दिल्ली में जुटेंगे. ये देश विश्व की करीब आधी आबादी और वैश्विक अर्थव्यवस्था के बड़े हिस्से का प्रतिनिधित्व करते हैं, यही वजह है कि ब्रिक्स की कूटनीतिक धमक बढ़ी है. देखें...
आज दस्तक में बात, कैसे दिल्ली के सत्य निकेतन में मौत के पीजी के बाद, एमसीडी ने पूरी दिल्ली में तोड़-फोड़ मचा दी. आज हम आपको दिखाएंगे कि सत्य निकेतन हादसे के बाद, जिस तरह से MCD के 5 अफसरों को सस्पेंड किया गया है, क्या ये सिर्फ निलंबन का खेल है या फिर इनपर कोई सख्त एक्शन भी होगा? लेकिन, पहले आपको दिखाते हैं कि, कैसे जो एमसीडी के अधिकारी, 6 सितंबर तक, अपनी जेबें गर्म करके, एसी दफ्तरों में, सरकारी कुर्सियां तोड़ रहे थे, अचानक से उन्हें अपनी ड्यूटी याद आई, तो वो जर्जर इमारतों में चल रहे पीजी, और अवैध इमारतों पर टूट पड़े हैं. देखें...
आज दस्तक में आपको दिखाते हैं, पीएम मोदी का Gen-Z शो. और इस शो में, गुजरात के वडोदरा में मोदी सरकार के विकास की पिक्चर दिखाई गई, तो इस Gen-Z शो के टिकट Book My Show पर बुक किये गए. यह पहली बार है जब किसी सार्वजनिक सरकारी कार्यक्रम के लिए भीड़ और एंट्री प्रबंधन हेतु Book My Show प्लेटफॉर्म का उपयोग किया गया हो. बड़ी बात ये भी है कि, मुफ्त रजिस्ट्रेशन शुरू होने के महज एक घंटे के भीतर सभी सीटें बुक हो गईं और 42,000 से अधिक लोग वेटिंग लिस्ट में आ गए. देखें...
, दिल्ली के सत्य निकेतन, इलाके का ऐसा सत्य, जो झकझोरने वाला है। कैसे एक पीजी की इमारत ढहने से, 7 ज़िंदगियां मौत के मलबे में दब गईं। तो आज हम आपको दिखाने जा रहे हैं, एक ऐसी पड़ताल, जो सत्य निकेतन की सच्चाई की सारी परतें उधेड़ देती है। एक पीजी की बिल्डिंग गिरने के बाद भी, यहां अवैध और जर्जर इमारतों में पीजी चल रहे हैं। यानी मजबूर छात्रों की ज़िंदगी के साथ सीधा खिलवाड़ हो रहा है। तो आइए देखते है, ऑपरेशन हॉस्टल डेथ
CM योगी आदित्यनाथ ने आज जन्माष्टमी के पर्व पर कान्हा की जन्मभूमि पर दर्शन पूजन किये. सीएम योगी ने कृष्ण आस्था की तो बात की, लेकिन उनके बयान में सीधा निशाना समाजवादी पार्टी पर था. योगी ने बाबर और औरंगजेब के अनुयायी कहकर विपक्ष पर हमला बोला. सवाल है कि क्या मथुरा से योगी ने पश्चिमी यूपी का सबसे बड़ा चुनावी दांव चल दिया है? क्योंकि उन्होंने मथुरा को भी अयोध्या और काशी की तरह विकसित करने की बात की है.
कैसे यूपी में 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए, एलान-ए-जंग शुरु हो गया है? आज हम आपको, योगी, अखिलेश और मायावती का पूरा प्लान दिखाएंगे. लेकिन पहले बात सीएम योगी आदित्यनाथ की। क्योंकि, यूपी में योगी सरकार के लिए तीसरे टर्म की चुनौती है, 10 वर्षों की सत्ता विरोधी लहर से भी निपटना है. ऐसे में सीएम योगी यूपी के अलग अलग ज़िलों के धुआंधार दौरे कर रहे हैं. शिलान्यास, लोकार्पण और नई नई योजनाओं का एलान कर रहे हैं. देखें...
कैसे नेपाल में विनाशलीला के बाद, भारत में उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के पहाड़ों इलाकों में अचानक बाढ़ आ रही हैं. भारी बारिश हो रही है, भूस्खलन हो रहा है. अब सवाल ये है कि, आखिर, मौसम में अचानक से आए इस बदलाव का मतलब क्या है? जब नेपाल त्रासदी की चर्चा दुनियाभर में हो रही है. ऐसे में चर्चाओं का दौर भी शुरु हो गया है. देखें दस्तक.
पीएम मोदी ने बिश्केक में पाकिस्तान को आतंकवाद पर घेरा तो SCO के मंच पर पाकिस्तान की इंटरनेशनल बेइज्जती हुई. SCO शिखर सम्मेलन में 3 ताकतों को मिलन हुआ, मोदी, पुतिन और जिनपिंग यानी कूटनीति के ये 3 किंग एक साथ आते हैं तो दुनिया में इसकी धमक भी दिखाई पड़ती है. बिश्केक से पीएम मोदी, व्लादिमीर पुतिन और शी जिनपिंग के हाथ मिलाने की तस्वीरें आईं तो वाशिंगटन से लेकर इस्लामाबाद तक तहलका मच गया. किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में मोदी, पुतिन और जिनपिंग की महामुलाकात के मायने क्या हैं?
आज दस्तक, किर्गिस्तान की राजधानी बिश्केक में, SCO शिखर सम्मेलन में हो रहे, महाशक्तियों के मिलन पर. जी हां शंघाई सहयोग संगठन यानी SCO में सबसे ज़्यादा चर्चा मोदी, पुतिन और जिनपिंग की है. क्योंकि, इन तीनों ताकतों के मिलने का मतलब है, दुनिया में नए वर्ल्ड ऑर्डर की धाक और धमक. और इस बीच, बिश्केक में पीएम मोदी और पुतिन की मुलाकात होती है. प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति पुतिन की ये तीसरी आमने-सामने की मुलाकात है. देखें...
नेपाल में विनाशकारी बाढ़ अब तक 500 से ज़्यादा ज़िंदगियां लील चुकी है. मौत का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है. करीब एक हज़ार लोग अब भी लापता हैं. ऊपर से महाप्रलय का एक और खतरा मंडराना शुरू हो गया है. नेपाल-तिब्बत बॉर्डर के पास बनी एक और झील फट गई है. ऐसे में अगर एक और ग्लेशियर टूटा तो नेपाल में कितनी बड़ी तबाही मच सकती है? देखें 10 तक.
आज दस्तक, नेपाल में विनाशलीला से कैसे भारत भी दहला. जी हां, नेपाल में बाढ़ की खौफनाक त्रासदी से पूरा देश सिसक रहा है. दहशत की बात तो ये है कि, मौत का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है. साढ़े 300 के आस-पास शव बरामद हो चुके हैं. आज हम आपको नेपाल की त्रासदी का सबसे डरावना सच दिखाएंगे, तो ये भी दिखाएंगे कि, कैसे नेपाल की इस त्रासदी को भारत भी झेल रहा है?
कैसे सियासी दल, महिला वोटरों को साधने के लिए, नई नई योजनाएं लॉन्च कर रहे हैं. 2027 में यूपी का विधानसभा चुनाव है, ऐसे में यूपी में बीजेपी हैट्रिक लगाने के लिए, जांचे-परखे फॉर्मूले की तरफ बढ़ रही है. Gen-Z के साथ साथ महिला वोटरों को लुभाने के लिए भी, योजनाओं का एलान किया जा रहा है. देखें दस्तक.