ओडिशा हाईकोर्ट के बाहर मंगलवार सुबह उस समय अफरा-तफरी मच गई जब एक महिला ने कथित तौर पर कई वाहनों में आग लगा दी. यह घटना चांदनी चौक इलाके में हुई, जहां 40 वर्षीय महिला ने ज्वलनशील पदार्थ डालकर खड़ी गाड़ियों को आग के हवाले कर दिया. इस घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत का माहौल बन गया.
पुलिस के अनुसार, आरोपी महिला की पहचान मिनाती साहू के रूप में हुई है, जो जगतसिंहपुर जिले के बिरिडी की रहने वाली है. घटना सुबह करीब 11 बजकर 45 मिनट पर हुई. राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई भी व्यक्ति घायल नहीं हुआ. आग सबसे पहले एक इलेक्ट्रिक वाहन में लगी और देखते ही देखते पास में खड़ी दो मोटरसाइकिल और एक एसयूवी तक फैल गई. शुरुआत में लोगों को लगा कि आग शॉर्ट सर्किट की वजह से लगी है, लेकिन बाद में मामला कुछ और ही निकला.
आग तेजी से फैली, कई वाहन जलकर हुए खाक
हाईकोर्ट परिसर में तैनात फायर सर्विस के कर्मचारी तुरंत मौके पर पहुंचे और हैंड हेल्ड फायर एक्सटिंग्विशर से आग बुझाने की कोशिश की. हालांकि शुरुआती प्रयास नाकाफी साबित हुए और जब तक दमकल की गाड़ियां पहुंचीं, तब तक सभी वाहन पूरी तरह जल चुके थे. बाद में फायर ब्रिगेड ने स्थिति को काबू में किया.
घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई. आसपास खड़े लोगों ने अपनी गाड़ियों को तुरंत सुरक्षित स्थानों पर हटाया. पास की दुकानों को भी एहतियात के तौर पर बंद कर दिया गया और लोग मौके से दूर हट गए. पुलिस ने जब सीसीटीवी फुटेज की जांच की तो मामला पूरी तरह साफ हो गया. फुटेज में महिला को खुद वाहनों पर ज्वलनशील पदार्थ डालते और आग लगाते हुए देखा गया. इससे यह साफ हो गया कि यह आगजनी की घटना थी और जानबूझकर की गई थी.
बताया जा रहा है कि घटना के समय एक करीब पांच साल का बच्चा भी महिला के साथ था. पुलिस ने महिला को हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है. पूछताछ के दौरान मिनाती साहू ने कथित तौर पर बताया कि उसने पेट्रोल का इस्तेमाल कर आग लगाई. उसने यह भी कहा कि वह इस घटना के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का ध्यान किसी मुद्दे की ओर आकर्षित करना चाहती थी. हालांकि वह किस मुद्दे की बात कर रही थी, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है.
मानसिक स्थिति पर सवाल, पुलिस ने शुरू कराया इलाज
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि महिला की मानसिक स्थिति ठीक नहीं लग रही है. उसे अदालत में पेश किया गया है और फिलहाल उसका मनोवैज्ञानिक इलाज चल रहा है. इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था और सार्वजनिक स्थानों पर सतर्कता को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं. हालांकि समय रहते स्थिति पर काबू पा लिया गया और कोई जनहानि नहीं हुई, लेकिन यह घटना लोगों के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है.