मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में AIMIM नेता तौकीर निजामी ने एक विवादित बयान देकर राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी है. निजामी ने मुसलमानों को 'गुलामी' से बाहर निकालने के नाम पर 'जूते' का उदाहरण दिया, जिसे लेकर भाजपा और कांग्रेस दोनों ने कड़ी आपत्ति जताई है.
निजामी ने वायरल वीडियो में कहा, ''मुसलमान तीन तरह के होते हैं- जूते चाटने वाला मुस्लिम, जूते खाने वाला मुस्लिम और जूते मारने वाला मुस्लिम. पहला वाला मुस्लिम कांग्रेस में मिलता है. दूसरा वाला भाजपा और जूता मारने वाला मुसलमान AIMIM में मिलता है.'' देखें VIDEO:-
'बात से जूता मारने की बात कह रहा हूं'
जब बयान पर हंगामा बढ़ा, तो तौकीर निजामी ने सफाई देते हुए कहा, ''मेरा बयान हिंसा को बढ़ावा देना नहीं है. मैं 'बात' से जूता मारने की बात कह रहा हूं. कांग्रेस ने मुसलमानों को 100% वोट के बदले सिर्फ 2 सीटें दीं. मुसलमान अब जाग जाओ और सड़क पर आओ." उन्होंने ओवैसी की पार्टी को ही मुसलमानों के हक की एकमात्र जगह बताया. देखें VIDEO:-
'मध्यप्रदेश शांति का टापू है, बर्दाश्त नहीं करेंगे'
निजामी के इस बयान पर सत्ता पक्ष बीजेपी ने सख्त रुख अपनाया है. मोहन सरकार के कैबिनेट मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि राजनीति में हिंसा और आपत्तिजनक शब्दों का कोई स्थान नहीं है. ओवैसी और उनकी पार्टी के नेता कौम को भड़काकर अपनी राजनीति चमकाते हैं.
उन्होंने कहा कि अगर कोई औपचारिक शिकायत सामने आती है, तो शांति भंग करने और भड़काऊ बयानबाजी के तहत कार्रवाई की जाएगी.