जनवरी 2015 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के साथ मुलाकात के वक्त एक खास बंद गला सूट पहना था. इस सूट पर पीले रंग की लंबी पट्टियां थी, जिस पर उनका पूरा नाम नरेंद्र दामोदरदास मोदी लिखा था.
दूर से देखने में यह कपड़े की डिजाइन लग रही थी, लेकिन पास से भारतीय प्रधानमंत्री का पूरा नाम साफ नजर आ रहा था.
आईचौक.इन की रिपोर्ट के अनुसार मीडिया और फिर सोशल मीडिया के जरिये दुनिया भर में चर्चित इस सूट को हीरा कारोबारी रमेश कुमार भीखाभाई विरानी ने मोदी को गिफ्ट किया था. विरानी ने अपने बयान में कहा था कि मैंने गुजरात वाइब्रेंट के दौरान मुलाकात पर उन्हें (प्रधानमंत्री मोदी) को सूट गिफ्ट किया था.
मोदी के इस सूट को पहनने के बाद उनकी तुलना मिस्र के शासक होस्नी मुबारक से की गई जो पहले अपने नाम वाले सूट पहन चुके हैं.
मोदी के इस सूट की कीमत को लेकर काफी बवाल भी हुआ. दिल्ली विधानसभा चुनाव के दौरान सूट की कीमत पूछी गई तो बीजेपी प्रवक्ता सम्बित पात्रा ने इसकी कीमत चार हजार रुपये बताई थी. कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी ने एक रैली में इसे 10 लाख रुपये का बताया था.
सूट की वास्तविक कीमत आखिर क्या है? विरानी इसे अनमोल बता कर बच निकलते हैं. उनका कहना है कि इसकी कीमत का जो आकलन किया जा रहा है, वह सही नहीं है. विरानी के शब्दों में, 'सूट की वास्तविक कीमत मेरा बेटा ही बता सकता है, लेकिन मैं जानता हूं कि वह इस पर इतना पैसा नहीं खर्च कर सकता.'
नरेंद्र मोदी के इस कढ़ाईदार सूट को 'नीलामी में सबसे महंगा बिकने वाले सूट' के तौर पर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी जगह मिली है.
'धर्मेंद्र डायमंड कंपनी' के मालिक लालजी पटेल के बेटे हितेश पटेल कहते हैं, 'यह हर्ष और गर्व का विषय है कि इस सूट को गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में जगह मिली है. अपनी कंपनी की एचआर टीम की सलाह पर हमने करीब पांच महीने पहले इस विश्व रिकॉर्ड के लिए आवेदन किया था. कुछ महीनों के अंदर हमें यह मान्यता देते हुए प्रमाणपत्र मिला कि यह नीलामी में सबसे महंगा बिकने वाला सूट है.'