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नहीं भूलता वो दर्दनाक मंजर, जब दर्जनों लोगों को रौंदते निकल गई थी ट्रेन

नहीं भूलता वो दर्दनाक मंजर, जब दर्जनों लोगों को रौंदते निकल गई थी ट्रेन

दशहरा पर पूरे देश में उल्लास है लेकिन अमृतसर के लोग आज मातम मना रहे हैं. पिछले साल की मनहूस यादें आज भी यहां के लोगों के मन में ताजा है जब रेल पटरी पर खड़े होकर रावण दहन देखते 62 लोगों की जान ट्रेन से कटकर चली गई थी. अमृतसर के जोड़ा फाटक में हुए इस दर्दनाक हादसे को कौन भूल सकता है. किसी ने अपना बेटा खोया तो किसी ने पिता, किसी की बेटी तो कोई मां हादसे का शिकार हो गई.

on completing one year of Joda Phatak train accident resedentials desided not to celebrate Dussehra fest. Last year(October 19) at least 60 people were killed and 72 injured after a train ran into a crowd of Dussehra revellers who were watching the burning of effigy of Ravan in Amritsar.

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