उत्तराखंड के चमोली जिले का रैनी गांव चिपको आंदोलन के लिए प्रसिद्ध है लेकिन यह गांव इन दिनों प्राकृतिक आपदाओं के लिए चर्चा में रह रहा है. रैनी के पास स्थित तामस गांव में लैंडस्लाइड ने भारी तबाही मचाई है. लैंडस्लाइड के कारण गांव में फंसे लोगों को रेस्क्यू करने के लिए स्टेट डिजास्टर रिस्पॉन्स फोर्स (एसडीआरएफ) के जवानों को उतारना पड़ा.
एसडीआरएफ के जवानों ने तामस इलाके में फंसे करीब 200 लोगों को रेस्क्यू किया है. लैंडस्लाइड की ये घटना 23 अगस्त की है. रैनी गांव के समीप लैंडस्लाइड की खबर पाकर प्रशासनिक अमला तुरंत एक्टिव मोड में आ गया और रेस्क्यू ऑपरेशन के लिए एसडीआरएफ के जवानों को भेजने के साथ ही मौके पर पहुंचकर प्रशासनिक अमले ने भी लोगों तक सहायता पहुंचाई.
Uttarakhand | A team of the State Disaster Response Force (SDRF) rescued over 200 people after they got trapped in the Tamas area near Raini village in Chamoli district due to a landslide yesterday.
— ANI (@ANI)
बताया जाता है कि लैंडस्लाइड के कारण तामस गांव में जो लोग फंस गए थे उनमें स्थानीय नागरिकों के साथ ही सेना के जवान और पोर्टर भी शामिल थे. सूचना पाकर मौके पर पहुंचे एसडीआरएफ के जवानों ने सेना के जवान, पोर्टर और स्थानीय नागरिकों को रेस्क्यू किया. समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक एसडीआरएफ ने करीब 200 लोगों को रेस्क्यू किया है.
बता दें कि पहाड़ पर लगातार बारिश हो रही है. लगातार बारिश के कारण लैंडस्लाइड की घटनाएं भी हो रही हैं. लैंडस्लाइड के कारण चीन सीमा तक जाने वाली सड़क भी बंद चल रही है. इस मार्ग को चालू करने की कोशिश में सीमा सड़क संगठन के जवान जुटे हुए हैं.