यूपी सरकार ने पुलिसकर्मियों को मिलने वाले वीरता पदक का भत्ता दोगुना कर दिया है. इसके साथ ही उत्कृष्ट और सराहनीय कार्य करने वाले पुलिसकर्मियों को प्रोत्साहित करने के लिए दिए जाने वाले सेवा सम्मान चिन्हों की संख्या भी दोगुनी कर दी गई है.
प्रमुख सचिव (गृह) अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि वीरता के लिए मिलने वाले राष्ट्रपति का पुलिस पदक के लिए अब हर महीने 1500 के स्थान पर 3000 रुपये मिलेंगे, वहीं पुलिस पदक के लिए हर महीने 900 रुपये के स्थान पर 2000 रुपये दिए जाने का निर्णय लिया गया है. राज्य सरकार ने यह फैसला भारत सरकार की संस्तुति पर लिया है.
इसके साथ ही प्रदेश पुलिस के अराजपत्रित अधिकारियों और कर्मचारियों को हर साल अब 50 के स्थान पर 100 उत्कृष्ट और 200 के स्थान पर 400 सराहनीय सेवा सम्मान चिन्ह प्रदान किए जाएंगे. इस व्यवस्था को पहले से अधिक पारदर्शी बनाने के लिए पुलिस महानिदेशक के स्तर पर पांच सदस्यीय समिति के गठन का निर्णय लिया गया है. प्रमुख सचिव गृह ने बताया कि पांच सदस्यीय समिति उत्कृष्ट सेवा के लिए उन पुलिसकर्मियों के नामों पर विचार करेगी, जिन्होंने प्रदेश की कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए अदम्य साहस और शौर्य का परिचय दिया है.
समिति की अनुशंसा पर पुलिस महानिदेशक ने अपने स्तर पर सम्मान चिन्ह प्रदान करेंगे, जबकि समिति सराहनीय सेवा करने वाले पुलिसकर्मियों को चिन्हित कर उन्हें सम्मान चिन्ह दिए जाने के लिए एक मानक भी निर्धारित करेगी. निर्धारित मानकों को पूरा करने वाले पुलिसकर्मियों को ही सम्मान चिन्ह देने की संस्तुति की जाएगी.