ये तो वर्षों से होता रहा है, लेकिन हिंदू महासभा की ओर से इस पर नाराजगी जताई गई है. कहा गया है कि शाहरुख खान, आमिर खान और सैफ अली खान की पत्नियां हिंदू हैं, इसलिए उन्हें अपना धर्म बदलना चाहिए. वरना वे इसे लव जेहाद का मामला समझेंगे. ऐसा नहीं है कि शाहरुख, आमिर और सैफ ने ही ऐसा किया. ये जोड़ियां भी ऐसी ही हैं-
फरदीन खान- नताशा माधवानी
इरफान खान- सुतप्ता सिकदर
जाएद खान-मलाएका पारेख
अरबाज खान- मलाइका अरोड़ा
सोहैल खान- सीमा सचदेव
इमरान खान- अवंतिका मलिक
...सूची और लंबी है. लेकिन इस ट्रेंड की वजह क्या है? क्या इन्हें मुस्लिम लड़कियां नहीं मिलीं?
इन्हें वैसे ही मुस्लिम लड़की नहीं मिली जैसे इन्हें हिंदू लड़की
मनोज वाजपेयी- शबाना रजा
रितिक रोशन- सुजैन खान
किशोर कुमार- मधुबाला
राजीव राय(निर्देशक)- बख्तावर मुराद (सोनम)
प्रभुदेवा- रामलथ (मुस्लिम), फिर नयनतारा (ईसाई)
सुनील दत्त- नरगिस
कमलजीत- वहीदा रहमान
...सूची तो यहां भी लंबी है. दरअसल, बॉलीवुड भी कई उन प्रोफेशन में से एक है, जहां काम करने वालों के लिए हिंदू या मुस्लिम या कोई और धर्म मायने नहीं रखता. संगीत और नृत्य के कई पंडित और उस्तादों को लोगों ने मंच साझा करते देखा है. खैर, हिंदू-मुस्लिम के बीच की शादी देश में भले चर्चा का विषय रहे, बॉलीवुड में ऐसा कभी नहीं रहा.