पूरे देश को झकझोर देने वाले निर्भया गैंगरेप केस में सुप्रीम कोर्ट ने अपना फैसला सुना दिया है. कोर्ट ने चारों दोषियों की फांसी की सजा को बरकरार रखा है. इस फैसले से सोशल मीडिया में भी खुशी की लहर दौड़ गई है. सुप्रीम कोर्ट का फैसला आते ही ट्विटर पर निर्भया केस और सुप्रीम कोर्ट ट्रेंड होने लगा. वहीं कुछ यूजर्स ने इसे अधूरा फैसला बताया.
यूजर्स ने लिखा- न्याय में देर है अंधेर नही
सोशल मीडिया में कुछ यूजर्स ने इस फैसले को अधूरा बताते हुए नाबालिग को भी फांसी पर लटकाने की मांग की . यूजर्स ने इस फैसले की तारीफ करते हुए लिखा कि फैसला 5 साल बाद आया है अब जल्दी इन सब को फांसी पर लटकाओ. कुछ ने ये भी लिखा कि जुवेनाइल दोषी अफरोज खान को भी फांसी पर लटकाना चाहिए. एक ट्विटर यूजर वेदांत चोपड़ा (@chopra_vedant) लिखती हैं ' न्याय के घर देर है अंधेर नहीं' . -
— Pratibharat (@Pratibharat)
Most Brutal of them all
The Juvenile
Mohd Afroz
Took advantage of the lumpy law
And escaped
Justice ????
My foot ............
माता-पिता फैसले से खुश
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद पीड़िता की मां आशा देवी ने कहा कि शीर्ष अदालत के इस फैसले से उनकी बेटी को इंसाफ मिला है. हम सबको इंसाफ मिला है, लेकिन बेटी को खोने का मलाल सब दिन रहेगा. उन्होंने कहा, 'हमारी कानून व्यवस्था थोड़ी लचर जरूर है, लेकिन आज मैं मानती हूं कि कानून में देर हैं, लेकिन अंधेर नहीं है.' वहीं, निर्भया के पिता ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का यह फैसला उनके परिवार के लिए जीत है. उन्होंने कहा, 'मैं शीर्ष अदालत के इस फैसले से बेहद खुश हूं.
16 December 2012 or say 1600 days
— Vedant Chopra (@chopra_vedant)
Death sentence for four
Nyaay me der hai andher nahi 🙌
Respect women👊
, in
— Bheem Chand Gupta (@bheemjournalist)
death sentence
Justice served. May departed Jyoti Singh aka continue to be the jyoti for more reforms towards ensuring women get their rights.
— Priyanka Chaturvedi (@priyankac19)
We hope SC serves justice to India's daughter
— Girliyapa (@Girliyapa)
Still remember what doctors who first treated had told our reporter: "We haven't seen anything like this in our career"
— Abhijit Majumder (@abhijitmajumder)