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Chandra Grahan 2023: खत्म हुआ चंद्र ग्रहण, सामने आई देश-दुनिया से चांद की ऐसी तस्वीरें

aajtak.in | नई दिल्ली | 06 मई 2023, 1:02 AM IST

Chandra Grahan 2023: साल का पहला चंद्र ग्रहण खत्म हो चुका है. यह पांच मई को रात 08 बजकर 44 मिनट से शुरू हुआ था और रात 06 मई रात 1 बजकर 02 मिनट पर खत्म हो गया है. चंद्र ग्रहण की कुल अवधि 4 घंटे 15 मिनट रही थी. यह एक उपछाया चंद्र ग्रहण था.

Chandra Grahan 2023: साल का पहला चंद्र ग्रहण खत्म हो चुका है. यह पांच मई को रात 08 बजकर 44 मिनट से शुरू हुआ था और रात 06 मई रात 1 बजकर 02 मिनट पर खत्म हो गया है. चंद्र ग्रहण की कुल अवधि 4 घंटे 15 मिनट रही थी. यह एक उपछाया चंद्र ग्रहण था. 

यहां देखें चंद्र ग्रहण का लाइव अपडेट 

 

11:13 PM (2 वर्ष पहले)

चंद्र ग्रहण के दौरान दिल्ली-गाजियाबाद बॉर्डर से चांद की एक तस्वीर

Posted by :- pragya kashyap
11:00 PM (2 वर्ष पहले)

चंद्र ग्रहण के दौरान दिल्ली में ऐसे दिखा चांद

Posted by :- pragya kashyap
दिल्ली में ऐसे दिखा चांद (Photo Credit: PTI)
10:59 PM (2 वर्ष पहले)

चंद्र ग्रहण के दौरान श्रीनगर में बादलों के बीच ऐसा दिखा चांद

Posted by :- pragya kashyap
चंद्र ग्रहण के दौरान श्रीनगर से सामने आई चांद कश्मीर (Photo Credit: AFP)
10:21 PM (2 वर्ष पहले)

इस समय खत्म होगा चंद्र ग्रहण

Posted by :- pragya kashyap

साल का पहला चंद्र ग्रहण 08.44 बजे से लग चुका है. यह एक उपछाया चंद्र ग्रहण है जिसमें चांद के आकार में कोई भी बदलाव नहीं देखने को मिलता है बल्कि चांद की सतह पर एक धुंधली सी परत चढ़ी हुई दिखाई देती है. यह ग्रहण रात 01 बजकर 02 मिनट पर खत्म हो जाएगा.

 

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10:20 PM (2 वर्ष पहले)

चंद्र ग्रहण के दौरान क्या करें और क्या ना करें

Posted by :- pragya kashyap

ऐसी मान्यता है कि किसी भी ग्रहण में ईष्ट देवी-देवता का ध्यान और उनसे संबंधित मंत्रों का जाप करना काफी लाभदायक होता है. चंद्र ग्रहण पर आप महामृत्युंजय मंत्र, गायत्री मंत्र और चंद्रमा के मंत्रों का जाप कर सकते हैं. ग्रहण के दौरान खाना बनाना और खाना भी वर्जित होता है. 

9:47 PM (2 वर्ष पहले)

साल का पहला चंद्र ग्रहण लगा

Posted by :- pragya kashyap

आज बुद्ध पूर्णिमा पर साल 2023 का पहला चंद्र ग्रहण लग चुका है. यह ग्रहण देर रात लगभग 01 बजे तक चलेगा. 130 साल बाद बुद्ध पूर्णिमा के दिन चंद्र ग्रहण लगा है. 15 दिनों के अंतराल पर यह दूसरा ग्रहण है. आपको बता दें कि 20 अप्रैल को साल का पहला सूर्य ग्रहण भी लगा था. 

9:02 PM (2 वर्ष पहले)

यहां देखे चंद्र ग्रहण की तस्वीरें

Posted by :- pragya kashyap
चांद को लगा ग्रहण

 

8:50 PM (2 वर्ष पहले)

लग चुका है चंद्र ग्रहण

Posted by :- pragya kashyap
8:36 PM (2 वर्ष पहले)

ग्रहण काल में कैसे मिलेगा लाभ?

Posted by :- pragya kashyap

ग्रहण काल में मंत्र जाप, स्तुति और ध्यान करना विशेष लाभकारी होता है. आप ग्रहण के दौरान 'ओम नम: शिवाय' या चंद्रमा के मंत्र का भी जाप कर सकते हैं. इस अवधि में की गई आराधना निश्चित रूप से स्वीकार होती है. यदि आप कोई मंत्र सिद्ध करना चाहते हैं या दीक्षा लेना चाहते हैं तो वह भी ग्रहण काल में काफी शुभ होता है. ग्रहण के बाद स्नान करके किसी निर्धन को कुछ न कुछ दान अवश्य करें.

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8:24 PM (2 वर्ष पहले)

130 साल बाद बुद्ध पूर्णिमा पर लग रहा है चंद्र ग्रहण

Posted by :- pragya kashyap

साल का पहला चंद्र ग्रहण 5 मई दिन यानी आज लगने वाला है. ज्योतिषाचार्य शैलेंद्र पांडेय के अनुसार, यह ग्रहण तुला राशि और स्वाति नक्षत्र में लगेगा. चंद्र ग्रहण 130 साल बाद बुद्ध पूर्णिमा के महासंयोग में लग रहा है. यह विशिष्ट ग्रहण न होकर एक उपछाया ग्रहण है. क्योंकि साल का पहला चंद्र ग्रहण तुला राशि में ही लग रहा है इसलिए इस राशि के लोगों को सावधान रहने की जरूरत है.

8:18 PM (2 वर्ष पहले)

लोगों के जीवन पर चंद्रग्रहण का प्रभाव (Chandra Grahan Ke Prabhav)

Posted by :- pragya kashyap

ज्योतिषाचार्य पंडित मनोज त्रिपाठी का कहना है कि यह चंद्र ग्रहण 130 साल बाद बुद्ध पूर्णिमा के महासंयोग में लग रहा है. सूर्य ग्रहण की तरह चंद्र ग्रहण भी हमारे जीवन पर बड़ा प्रभाव डालता है. लेकिन यह उपछाया ग्रहण है इसलिए इससे लोगों के मन या शरीर पर किसी प्रकार का प्रभाव नहीं पड़ने वाला है. यानी इस चंद्रग्रहण को लेकर गर्भवती स्त्रियों, छात्रों या किसी भी व्यक्ति को कोई विचार करने की जरूरत नहीं है. यह भारत में दिखाई भी नहीं देगा इसलिए इस दौरान किसी प्रकार के सूतक का भी विचार नहीं करना होगा. भारत के हिसाब से देखा जाए तो 5 मई की रात्रि को 8:44 मिनट से रात करीब एक बजे तक रहेगी इसलिए इसमें मंदिरों या पूजा पाठ में किसी तरह के नियमों का पालन करने की जरूरत नहीं है.
 

8:15 PM (2 वर्ष पहले)

चंद्रग्रहण कैसे होता है?

Posted by :- pragya kashyap

पृथ्वी जब सूर्य और चंद्रमा के बीच आती है तो चंद्र ग्रहण होता है. आसान भाषा में समझें तो पृथ्वी परिक्रमण और परिभ्रमण करती है. परिक्रमण का मतलब पृथ्वी का सूर्य की परिक्रमा करना और परिभ्रमण का मतलब उसका अपनी ही धुरी पर घूमना. सूर्य की परिक्रमा के दौरान जब पृथ्वी, चांद और सूर्य के बीच में आ जाती है तब चंद्रग्रहण लगता है.

7:48 PM (2 वर्ष पहले)

इस वक्त पीक पर होगा चंद्र ग्रहण

Posted by :- pragya kashyap

चंद्र ग्रहण की शुरुआत आठ बजकर 44 मिनट से हो जाएगी, यह रात में 10 बजकर 52 मिनट पर अपने पीक पर होगा. इसके बाद इसका प्रभाव घटने लगेगा. वहीं, यह 06 मई को रात एक बजकर दो मिनट पर खत्म हो जाएगा.

7:25 PM (2 वर्ष पहले)

चंद्र ग्रहण का देश-दुनिया पर कैसा प्रभाव पड़ेगा? (Chandra Grahan 2023 Impact)

Posted by :- pragya kashyap

यह चंद्र ग्रहण भारत में नहीं लगेगा, इसलिए भारतीयों को इससे डरने या घबराने की जरूरत नहीं है. हालांकि कई ज्योतिषाचार्यों का कहना है कि पश्चिमी देशों पर चंद्र ग्रहण का प्रभाव पड़ सकता है. इससे वहां कई देशों में प्राकृतिक आपदाएं बढ़ने की भी आशंका है.

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6:44 PM (2 वर्ष पहले)

कहां-कहां दिखेगा चंद्र ग्रहण? (Chandra Grahan 2023 Where to watch)

Posted by :- pragya kashyap

साल का पहला चंद्र ग्रहण यूरोप, एशिया के अधिकांश हिस्से, ऑस्ट्रेलिया, अफ्रीका, प्रशांत, अटलांटिक, अंटार्कटिका और हिंद महासागर में दिखाई देगा. जहां तक भारत में इस चंद्र ग्रहण के दिखाई देने की बात है तो खगोल शास्त्रियों और हिंदू पंचांग की गणनाओं के आधार पर यह चंद्र ग्रहण भारत में नहीं दिखाई देगा.

6:35 PM (2 वर्ष पहले)

क्या होता है उपछाया चंद्र ग्रहण (Penumbral Lunar Eclipse)

Posted by :- pragya kashyap

यह कोई विशिष्ट चंद्र ग्रहण नहीं है बल्कि एक उपछाया चंद्र ग्रहण है. पूर्ण चंद्रग्रहण और आंशिक चंद्रग्रहण के बीच की एक स्थिति होती है और उसे ही उपच्छाया चंद्र ग्रहण कहते हैं. उपछाया चंद्र ग्रहण तब होता है जब चंद्रमा पृथ्वी की छाया के बाहरी क्षेत्र से गुजरता है जिसे पेनम्ब्रा कहा जाता है. यानी पृथ्वी पर चंद्रमा की छाया न पड़कर सिर्फ उपछाया ही पड़ती है. 

पेनम्ब्रा एक ऐसा क्षेत्र है जहां पृथ्वी सूर्य की डिस्क के हिस्से को ढकती हुई प्रतीत होती है लेकिन पूरी नहीं. इसका मतलब यह है कि जब चंद्रमा पेनम्ब्रा के भीतर होता है तो उसे सूर्य से कम रोशनी मिलती है और वह मंद हो जाता है लेकिन फिर भी कुछ हद तक रोशन रहता है. उपछाया चंद्र ग्रहण नग्न आंखों से देखना संभव नहीं होता है. यह दूरबीन आदि की मदद से देखा जा सकता है. उपछाया या पेनुम्ब्रल चंद्र ग्रहण में चांद के आकार में कोई परिवर्तन नहीं होता है. इस दौरान चंद्रमा पूरी तरह से आम दिनों की तरह ही दिखाई देता है. 

6:20 PM (2 वर्ष पहले)

क्या चंद्र ग्रहण में लगेगा सूतक काल? (Chandra Grahan 2023 Sutak kaal)

Posted by :- pragya kashyap

ज्योतिषविदों का कहना है कि चंद्र ग्रहण से 9 घंटे पहले सूतक काल लग जाता है. सूतक काल में मंदिरों के कपाट बंद हो जाते हैं और देवी-देवताओं की पूजा वर्जित होती है. हालांकि 5 मई को लगने वाला चंद्र ग्रहण भारत में दृश्यमान नहीं होगा, इसलिए भारत में इसका सूतक काल भी मान्य नहीं होगा. आप बिना किसी संकोच के पूजा-पाठ कर सकते हैं. साथ ही भोजन, विश्राम या दैनिक कार्यों पर कोई प्रतिबंध नहीं होगा. गर्भवती महिलाओं को भी किसी तरह की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है.

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