अधिकतर माता-पिता इस बात से सहमत होंगे कि वीडियो गेम खेलना समय की बर्बादी है और बच्चों के लिए हानिकारक है, लेकिन एक नए अध्ययन के मुताबिक वीडियो गेम बच्चों की कल्पनाशीलता को बढ़ाते हैं.
डेलीमेल की रिपोर्ट के अनुसार मिशिगन विश्वविद्यालय द्वारा किए गए अध्ययन में पाया गया कि ज्यादा वीडियो गेम खेलने वाले बच्चे कहानियां लिखने और चित्रकारी जैसे कामों में अधिक रचनात्मकता दर्शाते हैं. इस अध्ययन में 12 साल की उम्र के करीब 500 बच्चों को शामिल किया गया था.
पहले के अध्ययनों में कहा गया था कि गेम्स बच्चों के विकास को रोकते हैं और यहां तक की उन्हें ज्यादा हिंसक बनाते हैं. इस अध्ययन में इन अन्य मुद्दों के बारे में नहीं बताया गया बल्कि बच्चों के विकास पर वीडियो गेम के प्रभाव का पता लगाने के लिए रचानात्मकता से संबंधित मानकों का इस्तेमाल किया गया.यह अध्ययन जर्नल कंप्युटर इन ह्युमन बिहेवियर में प्रकाशित हुआ है.
अध्ययन में यह भी पाया गया कि लड़के लड़कियों की तुलना में अधिक वीडियो गेम खेलते हैं, लेकिन रचनात्मकता पर लिंग, खेल के प्रकार या गति आदि का प्रभाव नहीं पड़ता. सिर्फ ज्यादा वीडियो गेम खेलना अधिक रचनात्मकता से संबंधित है.