एक तरफ जहां उत्तर भारत के कुछ मैदानी राज्यों को शीतलहर से राहत मिली है तो वहीं, पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी देखने को मिल रही है. कल रात उत्तराखंड में स्कीईंग के लिए मशहूर पर्यटन स्थल औली में इस साल की पहली बर्फबारी देखने को मिली. औली में बर्फबारी होने से हर तरफ बर्फ की सफेद चादर से ढक चुका है. इसके अलावा केदारनाथ धाम में लंबे इंतजार के बाद बर्फबारी का दौर शुरू हुआ है. बर्फबारी होने से धाम में चल रहे पुनर्निर्माण भी प्रभावित हो रहे हैं.
बता दें, बीती देर रात जोशीमठ और आसपास के इलाकों में बारिश और बर्फबारी देखने को मिली है. ऊंचे इलाकों में अभी भी घने बादल छाए हुए हैं. हालांकि, जोशीमठ में हालात कल के मुकाबले बेहतर हैं. जोशीमठ के ऊपरी पहाड़ी इलाकों में बर्फबारी के कारण तापमान और लुढ़क गया है.
लाहौल-स्पीती और किन्नौर में भी बर्फबारी देखने को मिल रही है. मौसम विभाग की मानें तो अगले तीन दिनों तक बर्फबारी का दौर जारी रहने वाला है. ऊपरी इलाकों में मध्यम स्नोफॉल होने की संभावना है. वहीं, निचले इलाकों में हल्की बर्फबारी देखने को मिलेगी. कुछ इलाकों में बारिश भी हो सकती है.
हिमाचल प्रदेश में भी बर्फबारी
उत्तराखंड के अलावा हिमाचल प्रदेश में भी बर्फबारी देखने को मिल रही है. मनाली के तमाम ऊपरी इलाकों में बर्फबारी का दौर जारी है. वहीं, कई इलाकों में पारा शून्य के नीचे पहुंचा है. मनाली में बर्फबारी के कारण पर्यटकों में खुशी देखने को मिल रही है. बर्फबारी को देखते हुए जिला प्रशासन ने भी एडवाइजरी जारी कर दी है.
भारी बर्फ़बारी को देखते हुए सोलंगनाला से लाहौल की तरफ वाहनों की आवाजाही को फिलहाल रोक दिया गया है. केवल 4 x 4 वाहनों को ही आपात स्थिति में अटल टनल की ओर जाने की अनुमति दी जारी है. अटल टनल के पास अभी तक करीब 4 इंच ताज़ा बर्फबारी हुई है जबकि मनाली के पर्यटन स्थल सोलंगनाला में अभी तक 2 इंच, गुलाबा में 4 इंच,कोठी में 2 इंच और रोहतांग में करीब 1 फीट ताज़ा बर्फ़बारी हुई है.