कर्नाटक के चिक्कबल्लापुर जिले के शिडलघट्टा नगर पालिका इलासे से एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें कांग्रेस नेता राजीव गौड़ा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है. उन पर शिडलघट्टा नगर आयुक्त अमृतागौड़ा को फोन पर धमकाने और अभद्र भाषा का प्रयोग करने का आरोप है.
यह विवाद एक फिल्म बैनर हटाने से जुड़ा हुआ है, जो मंत्री जमीर अहमद खान के बेटे ज़ैद खान अभिनीत फिल्म से संबंधित था. बताया गया है कि फिल्म के बैनर को नगर पालिका क्षेत्र से हटाए जाने के बाद राजीव गौड़ा ने नगर आयुक्त को फोन किया और अशोभनीय शब्दों का इस्तेमाल करते हुए उन्हें धमकी दी.
इस पर नगर आयुक्त ने 14 जनवरी को शिकायत दर्ज कराई, जिसके बाद मामला दर्ज किया गया. एफआईआर दर्ज होने के बाद राजीव गौड़ा कथित तौर पर फरार हो गए.
पुलिस जब उनकी खोज में लगी थी, तो राजीव गौड़ा ने अग्रिम जमानत के लिए अदालत का रुख किया, लेकिन उनकी याचिका खारिज कर दी गई. इसके बाद उन्होंने मामले को समाप्त कराने के लिए कर्नाटक हाईकोर्ट में याचिका लगाई. हालांकि, न्यायमूर्ति एम. नागप्रसन्ना की अध्यक्षता वाली पीठ ने उनकी याचिका खारिज कर दी और कड़ी टिप्पणी करते हुए उन्हें फटकार भी लगाई.
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हाईकोर्ट से राहत न मिलने पर पुलिस ने राजीव गौड़ा को गिरफ्तार कर लिया है. अधिकारियों के अनुसार, मामले की जांच जारी है और कॉल रिकॉर्ड, गवाहों के बयानों सहित अन्य साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है.
इस घटनाक्रम के बाद स्थानीय राजनीति में भी हलचल बढ़ गई है. नगर प्रशासन के अधिकारी इस तरह के सरकारी कामकाज में हस्तक्षेप और धमकी के मामलों को गंभीरता से लेने की बात कह रहे हैं. वहीं पुलिस ने साफ किया है कि कानून सभी के लिए समान है और जांच निष्पक्ष तरीके से पूरी की जाएगी.