
शुक्रवार को देशभर में 75 वां गणतंत्र दिवस काफी धूमधाम से मनाया जा रहा है. इस खास मौके पर देश भर में कई विशेष समारोह आयोजित किए जाते हैं, लेकिन राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित होने वाले गणतंत्र दिवस समारोह में राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री शहीदों को नमन कर कार्यक्रम की शुरुआत करते हैं.
इस विशेष अवसर पर कर्तव्य पथ पर होने वाले विशेष समारोह में 13 हजार विशेष अतिथि आमंत्रित हैं, जिसमें वीआईपी से लेकर आम लोग शामिल होते हैं. अब हम आपको गणतंत्र दिवस पर होने वाली समारोह के पूरे शेड्यूल के बारे में बता रहे हैं. समारोह कब क्या होता है.
शहीदों को श्रद्धांजलि
राष्ट्रीय समर स्मारक पर पीएम की श्रद्धांजलि से इस खास समारोह की शुरुआत होती है, जहां पीएम शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे. इसके बाद गार्ड कमांडर की सलामी शस्त्र दिया जाएगा और इसके बाद शोक शस्त्र रखा जाता है. इसके बाद बिगुल वादक लास्ट पोस्ट की धुन बजाई जाएंगी.
राष्ट्रगान
राष्ट्रीय प्रतीक चिन्ह के पास मिलिट्री बैंड दस्ते का नेतृत्व ग्रेनेडियर रेजिमेंटल सेंटर के बैंड मास्टर सूबेदार जीवन रसैली करते हैं और फिर राष्ट्रगान और कदम कदम बढ़ाए जा, अग्निवीर एवं कारगिल की धुन बजाई जाएगी. इसके एक बैंड दस्ता भारत रत्न की धुन बजाएंगे.
ऐसा होगा गणतंत्र दिवस का विशेष समारोह
इस समारोह में राष्ट्रपति के अंगरक्षकों का आगमन होगा. इसके बाद 21 तोपों की सलामी दी जाएगी. फिर ध्वजारोहण और राष्ट्रगान किया जाएगा. ध्वजारोहण के बाद कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए समारोह में राष्ट्रपति भवन की ओर से आसमान में ध्वज लहरा कर पुष्प वर्षा करेंगे और दर्शकों का अभिवादन करेंगे.
फिर शुरू होगी परेड
इस पूरे कार्यक्रम के बाद परेड शुरू होगी. 75 वें गणतंत्र दिवस के मौके पर पहली बार भारत के विभिन्न संगीत वाद्य यंत्रों की ध्वनियों और शंखनाद के उद्घोष से परेड की शुरुआत होगी. इस परेड का नेतृत्व जनरल ऑफिसर कमांडिंग, लेफ्टिनेंट जनरल भवनीश कुमार, वीएसएस कर रहे हैं. इस परेड में परमवीर चक्र एवं अशोक चक्र विजेता भी शामिल होते हैं.
मार्चिंग दस्ता
आज की परेड में फ्रांसीसी सेना का बैंड दस्ता भी भाग ले रहा है.
फ्लाई पास्ट
फ्लाई पास्ट में दो राफेल लड़ाकू विमान और एक एयरबस ट्राई एंगल फार्मेशन में रोमांचकारी उड़ान भरेंगे.

इसके बाद सेना के दस्ते
इसके बाद परेड में अलग-अलग राज्यों और विभाग से चयनित की गई झांकियां प्रदर्शित करेंगे. फिर भारतीय वायु सेना का बैंड मार्च करते हुए सलामी देगा.