महाराष्ट्र के नागपुर में घरेलू हिंसा और तीन तलाक का मामला सामने आया है. तहसील पुलिस थाना क्षेत्र में रहने वाली एक मुस्लिम विवाहिता ने अपने पति और सास के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है. पीड़िता का आरोप है कि बेटी पैदा होने के बाद उसे लगातार प्रताड़ित किया गया और आखिर में पति ने तीन बार तलाक बोलकर उसे घर से निकाल दिया. पुलिस के अनुसार, मस्कासाथ इतवारी निवासी 32 वर्षीय रुखसार शेख ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराई है. रुखसार की शादी 31 मई 2024 को इमरान रशीद शेख से हुई थी. बताया जा रहा है कि इमरान की यह दूसरी शादी थी.
पीड़िता ने पुलिस को बताया कि शादी के शुरुआती दिनों में सबकुछ सामान्य था, लेकिन कुछ समय बाद उसकी सास सईदा बेगम रशीद शेख उसे परेशान करने लगी. आरोप है कि सास अपने बेटे को बहू के खिलाफ भड़काती थी, जिसके बाद घर में विवाद बढ़ने लगे. रुखसार ने 11 अगस्त 2025 को बेटी आयरा को जन्म दिया. पीड़िता का आरोप है कि बेटी पैदा होने के बाद पति और सास का व्यवहार पूरी तरह बदल गया. दोनों उसे बेटी पैदा होने को लेकर ताने देने लगे और मानसिक रूप से प्रताड़ित करने लगे.
तीन तलाक और घरेलू हिंसा का मामला
पीड़िता के मुताबिक, पति इमरान कई बार उसके साथ मारपीट भी करता था. आरोप है कि 24 अप्रैल को इमरान ने रुखसार की बेरहमी से पिटाई की और जान से मारने की धमकी दी. इसी दौरान उसने तीन बार तलाक बोलकर उसे घर से बाहर निकाल दिया. घटना के बाद आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी. पुलिस की मदद से रुखसार को अस्पताल पहुंचाया गया. इसके बावजूद भी प्रताड़ना का सिलसिला नहीं रुका. पीड़िता का आरोप है कि 24 मई को भी उसके साथ मारपीट की गई.
पीड़िता ने थाने पहुंचकर मांगा इंसाफ
लगातार हो रही प्रताड़ना से परेशान होकर रुखसार ने आखिरकार पुलिस थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई. पुलिस ने पति इमरान रशीद शेख और सास सईदा बेगम के खिलाफ घरेलू हिंसा, मारपीट, जान से मारने की धमकी और मुस्लिम महिला विवाह संरक्षण कानून के तहत मामला दर्ज किया है. जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि इमरान पर पहली पत्नी को प्रताड़ित करने के आरोप भी लग चुके हैं. वहीं पीड़िता के परिजनों ने आरोपियों की जल्द गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई की मांग की है. फिलहाल तहसील पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है.