एनसीपी नेता अजित पवार के साथ उड़ान भरने वाली फ्लाइट अटेंडेंट पिंकी माली को लेकर उनके परिवार में शोक की लहर है. प्लेन क्रैश में उनकी भी जान चली गई है. अजित पवार के साथ पिंकी माली की चौथी फ्लाइट थी. पिंकी के पिता शिवकुमार माली मूल रूप से उत्तर प्रदेश के जौनपुर के रहने वाले हैं. वर्ष 1989 में वह दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर ड्राई क्लीनर का काम करते थे. उन्होंने बताया कि तत्कालीन प्रधानमंत्री वी.पी. सिंह के कार्यकाल में उनसे एक छोटी सी गलती हो गई थी, जिसके बाद उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया. उन्हें कहा गया था कि यह गलती किसी अन्य फ्लाइट में होती तो माफ की जा सकती थी, लेकिन प्रधानमंत्री के विमान में ऐसा संभव नहीं था. इसके बाद वह ड्राइविंग का व्यवसाय करने लगे.
पिंकी माली से पिता की आखिरी बात
पिंकी माली ने हादसे से एक रात पहले अपने परिवार से फोन पर बात की थी. उन्होंने बताया था कि वह अजित पवार के साथ बारामती जा रही हैं और इसके बाद नांदेड़ के लिए रवाना होंगी. पिंकी के पिता शिवकुमार माली एनसीपी के कार्यकर्ता रहे हैं और अजित पवार से उनकी बातचीत भी होती थी. बताया गया है कि अजित पवार ने स्वयं शिवकुमार माली से बात कर उन्हें सांत्वना दी. हादसे की सूचना मिलते ही परिवार सदमे में है. माली परिवार को भरोसा दिलाया गया है कि पिंकी माली का पार्थिव शरीर मुंबई लाया जाएगा.
पिंकी के पास मॉडलिंग या एविएशन इंडस्ट्री का था विकल्प
शिवकुमार माली पहले एनसीपी से जुड़े थे, लेकिन बाद में उन्होंने एकनाथ शिंदे गुट की शिवसेना जॉइन कर ली थी. बेटी पिंकी के करियर को लेकर उन्होंने अहम भूमिका निभाई. स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद पिंकी के सामने मॉडलिंग या एविएशन इंडस्ट्री में जाने का विकल्प था. पिता के प्रोत्साहन पर उन्होंने एविएशन क्षेत्र को चुना.
परिवार का कहना है कि जब पिंकी ने आसमान में उड़ान भरनी शुरू की तो उन्हें बेहद गर्व महसूस हुआ. हादसे की खबर सामने आने के बाद जब यह पता चला कि दुर्घटनाग्रस्त विमान में अजित पवार भी थे, तो परिवार को अंदेशा हो गया कि पिंकी उसी फ्लाइट में होंगी. इसके बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा. फिलहाल प्रशासन और संबंधित एजेंसियां पूरे मामले की जांच में जुटी हैं और परिवार को हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया गया है.
अस्पताल के बाहर लोगों की भीड़
बारामती में हुए विमान हादसे के बाद जिस अस्पताल में एनसीपी नेता अजित पवार को लाया गया था, उसके बाहर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई. सैकड़ों समर्थक और स्थानीय नागरिक अस्पताल परिसर के बाहर पहुंच गए. घटना की खबर मिलते ही अजित पवार के चाचा शरद पवार, सांसद सुप्रिया सुले सहित परिवार के कई सदस्य भी तुरंत अस्पताल पहुंचे. मौके पर माहौल बेहद गमगीन नजर आया.
विमान हादसे की आधिकारिक जांच शुरू
अजित पवार से जुड़े इस विमान हादसे की औपचारिक जांच प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. नागरिक उड्डयन मंत्रालय के निर्देश पर एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (AAIB) के चार वरिष्ठ अधिकारी दिल्ली स्थित वीएसआर वेंचर्स के कार्यालय पहुंचे हैं. जांच टीम विमान की तकनीकी स्थिति, उड़ान से जुड़े रिकॉर्ड और दुर्घटना के कारणों की गहनता से पड़ताल कर रही है.