Dera Sacha Sauda: क्या हनीप्रीत डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम की गद्दी संभालेंगी? क्या 29 अप्रैल को हनीप्रीत, राम रहीम की गंद्दी संभालने जा रही हैं? कई दिनों से सोशल मीडिया पर पूछे जा रहे इन सवालों पर अब विराम लगता नजर आ रहा है. इन सवालों का खंडन खुद हनीप्रीत की तरफ से आया है.
दरअसल, सोशल मीडिया पर राम रहीम के समर्थक लगातार हनीप्रीत से सवाल कर रहे थे कि क्या वे राम रहीम की गुरुगद्दी पर विराजमान होने वाली हैं. हनीप्रीत के इंस्टाग्राम अकाउंट पर कई यूजर इससे जुड़े सवाल पूछ रहे थे. हनीप्रीत से एक यूजर ने पूछा कि क्या वे 29 अप्रैल को गुरुगद्दी पर बैठने जा रही हैं? इस सवाल के जवाब में हनीप्रीत ने कहा, 'गुरुगद्दी पर पापाजी (राम रहीम) ही विराजमान थे और वही विराजमान रहेंगे. हनीप्रीत ने आगे कहा कि पापाजी ने अपने लेटर में भी लिखा था कि वह ही गुरू हैं और वही गुरू रहेंगे.
अस्पताल में राम रहीम से मिलने आती थीं हनीप्रीत
सजायाफ्ता होने के बाद राम रहीम कोरोना पीड़ित हो गया था. तबीयत बिगड़ने पर डेरा प्रमुख को सुनारिया जेल से पहले रोहतक पीजीआई और फिर उसके बाद गुरुग्राम के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था. अस्पताल में भर्ती राम रहीम से मिलने के लिए हनीप्रीत भी अस्पताल पहुंचती थीं. इतना ही नहीं हनीप्रीत ने राम रहीम के अटेंडेंट के तौर पर अपना कार्ड बनवा लिया था. अटेंडेंट के तौर पर कार्ड बनवाने के बाद हनीप्रीत को राम रहीम से मिलने उसके कमरे तक जाने की अनुमति मिल गई थी.
हत्या और रेप के मामले में मिली है 20 साल की सजा
गौरतलब है कि गुरमीत राम रहीम को अगस्त 2017 में सीबीआई की विशेष अदालत ने साध्वी से रेप और हत्या के मामले में दोषी करार देते हुए 20 साल कैद की सजा सुनाई थी. गुरमीत राम रहीम को पूर्व डेरा प्रबंधक रंजीत सिंह की हत्या के मामले में भी अदालत ने उम्र कैद की सजा दी थी.