दिल्ली में एमसीडी के चुनावों से पहले बीजेपी की प्रदेश इकाई में चल रही अंदरूनी कलह के बीच पार्टी यहां असली खेल खेलने जा रही है. जी हां, बीजेपी के नेता अब खेल खेलेंगे, खुद भी खेलेंगे और अपने कार्यकर्ताओं को भी खिलाएंगे. हालांकि ये खेल सियासी नहीं, बल्कि कबड्डी, खो-खो, बास्केटबॉल, फुटबॉल, वॉलीबॉल और बॉडी बिल्डिंग के होंगे.
दिल्ली बीजेपी ने 'खेल दिल्ली खेल' नाम से ग्रामीण खेल कॉम्पीटीशन शुरू करने वाली है, जो 26 फरवरी से शुरू होकर 4 मार्च तक चलेगा. ये टूर्नामेंट 280 मंडलों, 14 ज़िलों और 7 लोकसभा क्षेत्रों के स्तर पर होगा. इन छह टूर्नामेंट्स के लिए रजिस्ट्रेशन का काम पूरा हो चुका है और मंडलों की टीम भी बन गई हैं. ये टीम ज़िला स्तर पर क्वालीफाई करेंगी और फिर जिले की विजेता टीमों के लिए लोकसभा स्तर पर क्वालीफाइंग राउंड होंगे.
दिल्ली बीजेपी के मुताबिक, कार्यकर्ताओं में जोश भरने और टीम भावना से काम करने को लेकर उन्हें जागरूक बनाने के लिए 'खेल दिल्ली खेल' कॉम्पीटीशन करवाई जा रही है. दिल्ली बीजेपी के अध्यक्ष मनोज तिवारी की दिलचस्पी इस काम्पीटीशन में है और वह खुद इसकी मॉनीटरिंग कर रहे हैं.
पार्टी की कोशिश एमसीडी चुनाव के पहले अपने कार्यकर्ताओं को एक्टिव करने की है और उसे लगता है कि चुनावी मैदान में उतरने से पहले उनकी प्रैक्टिस अगर खेल के मैदान में भी होगी, तो कार्यकर्ताओं के साथ पार्टी की सेहत भी सुधर सकती है. क्योंकि कबड्डी की तरह सियासत में भी खूब टांग खिचाई होती है और कब कौन किसे खो कर दे, खो-खो के खेल से ज्यादा राजनीति में ज्यादा देखने को मिलता है.