दिल्ली सरकार ने कोरोना के मद्देनजर अस्पताल प्रबंधन के लिए एक नई रणनीति बनाई है. दिल्ली सरकार ने कोरोना के इलाज में लगे सभी सरकारी और बड़े प्राइवेट अस्पतालों के लिए एक- एक नोडल ऑफिसर नियुक्त किया है. दिल्ली सरकार के 11 अस्पतालों के लिए आईएएस अफसरों को नोडल ऑफिसर नियुक्त किया गया है.
जबकि 15 बड़े प्राइवेट अस्पतालों के लिए DANICS अधिकारियों को नोडल ऑफिसर नियुक्त किया गया है. इसके अलावा प्रोबेशन पीरियड में चल रहे और ट्रेनिंग ले रहे DANICS अधिकारियों को भी दिल्ली सरकार के अस्पतालों के साथ अटैच कर दिया गया है, जो IAS अफसर की मदद करेंगे.
दिल्ली सरकार की तरफ से जारी किए गए आदेश में IAS अफसरों के लिए कहा गया है कि ये अपने-अपने सरकारी अस्पताल में ही बैठेंगे और अपने स्टाफ का इस्तेमाल करेंगे. इन अधिकारियों का काम होगा कि वह अस्पताल के अंदर बेहतर प्रबंधन सुनिश्चित करें, देखें कि टेलीफोन लाइन/कॉल सेंटर बिना किसी रुकावट के काम करते रहें और जनता की शिकायतों के लिए एक बेहतर और प्रभावी सिस्टम सुनिश्चित करें.
जबकि प्राइवेट अस्पतालों में नियुक्त किए गए DANICS अधिकारियों से कहा गया है कि हॉस्पिटल का प्रबंधन देखें, देखें कि सरकार की तरफ से दिए गए निर्देश का सही से पालन हो और जनता की शिकायतों के लिए एक बेहतर और प्रभावी सिस्टम सुनिश्चित करें
सबसे अहम बात यह है कि सरकार की तरफ से जारी आदेश में कहा गया है की इन नोडल अधिकारियों के नाम और फोन नंबर अस्पताल में अहम जगह पर डिस्प्ले किए जाएं.
दिल्ली में आज वीकेंड लॉकडाउन भी लगाया गया है जो शुक्रवार रात से शुरू हुआ है और सोमवार सुबह जारी रहेगा. कोरोना को देखते हुए सीएम केजरीवाल ने एक अर्जेंट मीटिंग भी बुलाई है, जिसमें दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन भी शामिल होंगे.