बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव 28 जुलाई को बोधगया से 100 किलोमीटर की साइकिल यात्रा शुरू करेंगे. ‘एनडीए भगाओ, बेटी बचाओ’ के नाम से शुरू की जाने वाली ये यात्रा बोधगया से पटना तक की होगी.
बिहार में रेप की बढ़ती घटनाओं पर नीतीश सरकार को घेरने के लिए तेजस्वी ने साइकिल यात्रा निकालने का फैसला किया है. सरकार के खिलाफ विपक्ष के इस अभियान से जुड़ने के लिए तेजस्वी ने ट्विटर पर बिहार के लोगों के नाम खुली चिट्ठी भी पोस्ट की है.
तेजस्वी यादव का कहना है कि वे तीन दिन में 100 किलोमीटर की साइकिल यात्रा पूरी कर लेंगे. तेजस्वी यादव के मुताबिक इस यात्रा का उद्देश्य राज्य में कानून और व्यवस्था की स्थिति बिगड़ने पर नीतीश सरकार को बेनकाब करना है.बिहारवासियों के नाम मेरा खुला पत्र!
बिहार में बढ़ते अपराध, लूट, अपहरण और बलात्कार को रोकने में विफल नीतीश सरकार के ख़िलाफ साईकिल मार्च में शामिल होने का आह्वान।
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi)
तेजस्वी यादव ने शुक्रवार को एक ट्वीट में ये भी कहा- ‘बिहार में हाहाकार और बलात्कार, आंखें खोलो चाचा नीतीश कुमार.’
बिहार में हाहाकार और बलात्कार
आँखे खोलो चाचा नीतीश कुमार।
Leave the chair of be fair!
Save dignity of daughters !!
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi)
तेजस्वी यादव ने कहा कि मुजफ्फरपुर के बालिका गृह में 29 लड़कियों के साथ जो हुआ, उससे पूरा देश उद्वेलित है. तेजस्वी के मुताबिक उनकी साइकिल यात्रा का उद्देश्य इस घटना पर सभी का ध्यान खींचना है.
तेजस्वी ने आरोप लगाया कि पिछले कुछ महीने से बालिका गृह में चल रहे सेक्स रैकेट में कुछ नौकरशाह और नेता भी शामिल है. आरजेडी नेता ने दावा किया कि उनके दबाव में ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार इस मामले की जांच सीबीआई को मजबूर हुए हैं.
तेजस्वी ने कहा, ‘कुछ घंटे पहले तक नीतीश मुजफ्फरपुर घटना की जांच सीबीआई को सौंपने के लिए हिचक रहे थे. मेरे ग्राउंड जीरो पर पहुंचते ही उन्होंने यू-टर्न लिया और जांच सीबीआई को सौंप दी.’
ने कहा कि वे इस मुद्दे को भी उठाएंगे कि पटना और दिल्ली में डबल इंजन सरकार होने के बावजूद बिहार को विशेष दर्जा नहीं दिया गया. तेजस्वी के मुताबिक बिहार के नाम देश के सबसे खराब शासित राज्य का अपयश भी जुड़ गया है. तेजस्वी ने कहा कि राज्य में सूखे की स्थिति की वजह से किसान बदहाल हैं लेकिन उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं है.