scorecardresearch
 

कांग्रेस ने की बिहार में पूर्ण लॉकडाउन की मांग, कहा- नीतीश से स्थिति संभल नहीं रही

कांग्रेस नेता और एमएलसी प्रेमचंद्र मिश्रा ने कहा है कि नीतीश कुमार सरकार से बिहार में कोरोना के हालात संभल नहीं रहे हैं, ऐसे में सरकार के पास केवल लॉकडाउन लगाने का ही विकल्प बचा है.

Advertisement
X
प्रतीकात्मक तस्वीर
प्रतीकात्मक तस्वीर
स्टोरी हाइलाइट्स
  • कोरोना के कारण बिहार में बिगड़ रही है स्थिति
  • एक दिन में आने वाले मामलों ने पुराने रिकॉर्ड तोड़े
  • राज्यपाल ने बुलाई है सर्वदलीय बैठक

बिहार में तेजी से बिगड़ते कोरोना की स्थिति से निपटने के लिए कांग्रेस ने पूरे प्रदेश में अब लॉकडाउन लगाने की मांग उठाई है. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और एमएलसी प्रेमचंद्र मिश्रा ने कहा है कि नीतीश कुमार सरकार से बिहार में कोरोना के हालात संभल नहीं रहे हैं और ऐसे में सरकार के पास केवल लॉकडाउन लगाने का ही विकल्प बचा है.

बता दें कि बिहार में बिगड़ते कोरोना के हालात पर चर्चा करने और आगे की रणनीति तैयार करने को लेकर 17 अप्रैल को राज्यपाल फागू चौहान के नेतृत्व में एक सर्वदलीय बैठक बुलाई गई है, मगर इस महत्वपूर्ण बैठक से पहले ही कांग्रेस ने सरकार पर दबाव बनाना शुरू कर दिया है और मांग की है कि राजधानी पटना समेत पूरे प्रदेश में लॉकडाउन के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है.

कांग्रेस एमएलसी प्रेमचंद्र मिश्रा ने कहा “बिहार सरकार पिछले साल ये दलील दे दी थी कि उन्हें कोरोनावायरस से निपटने के लिए तैयारी का मौका नहीं मिला, मगर पिछले चार-पांच दिनों से राजधानी पटना समेत बिहार में जो स्थिति बनी है जहां अस्पतालों में बेड नहीं है, ऑक्सीजन सिलेंडर की भी किल्लत है और श्मशान घाट में भी जगह नहीं है, इससे स्पष्ट है कि बिहार सरकार हालात पर नियंत्रण करने में लाचार हो गई है. सरकार को समझ में नहीं आ रहा है कि क्या करना है क्या नहीं करना है और ऐसे में लॉकडाउन लगाने में देरी क्यों की जा रही है यह समझ से परे है”

Advertisement

आपको बता दें कि देश भर में लगातार दूसरे दिन कोरोना के दो लाख से अधिक नए मामले सामने आए हैं. बिहार में भी कोरोना के कारण स्थितियां बदतर होती हा रही हैं बिहार में बीते 24 घंटे में कुल 6,133 नए मामले आए हैं जबकि 24 घंटे में कुल 24 मौत हुई हैं. इस समय बिहार में कुल 29,078 एक्टिव केस हैं.

 

Advertisement
Advertisement