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पूर्व CM श्रीकृष्ण सिंह की जयंती पर राजनीति गर्म, बीजेपी का कांग्रेस पर हमला

श्रीकृष्ण सिंह की जयंती को लेकर राज्य में जमकर राजनीति हो रही है. कांग्रेस और बीजेपी दोनों एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं. अब बीजेपी ने कांग्रेस पर जमकर हमला बोला है.

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बिहार के उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी (फोटो-सुजीत झा)
बिहार के उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी (फोटो-सुजीत झा)

बिहार के प्रथम मुख्यमंत्री श्रीकृष्ण सिंह की जयंती को लेकर राज्य में जमकर राजनीति हो रही है. कांग्रेस और बीजेपी दोनों श्रीकृष्ण सिंह के रास्ते पर चलने की बात कर रहे हैं और एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप लगा रहे हैं. ये सही है कि जब तक श्रीकृष्ण सिंह बिहार के मुख्यमंत्री रहे तब तक बिहार देश के टॉप राज्यों में शामिल रहा है लेकिन आज स्थित ये है कि बिहार नीचे से पहले या दूसरे स्थान पर रहता है.

बीजेपी इसके लिए कांग्रेस को ही जिम्मेदार बताती है तभी तो बिहार के उपमुख्यमंत्री सुशील मोदी कहते हैं कि एक कांग्रेस श्रीकृष्ण बाबू की थी तो दूसरी कांग्रेस लालू प्रसाद की है. श्रीकृष्ण बाबू की कांग्रेस के दौर में बिहार में उद्योग स्थापित हुए और विकास हुआ जबकि दूसरी वाली कांग्रेस के दौरान एक-एक कर सभी बंद हुए. आज की कांग्रेस को तो श्रीकृष्ण बाबू का नाम लेने का भी नैतिक अधिकार नहीं है. 15 साल के जंगल राज के दौरान बिहार की बर्बादी के लिए राष्ट्रीय जनता दल के साथ कांग्रेस भी जिम्मेदार है.

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बीजेपी ने गुरुवार को पटना में श्रीकृष्ण बाबू की जयंती मनाई और जमकर कांग्रेस और आरजेडी पर हमला बोला. इससे पहले 21 अक्टूबर को कांग्रेस ने इसी अवसर पर बीजेपी और नीतीश कुमार पर जमकर हमला बोला था. इस साल श्रीकृष्ण बाबू की 131वीं जयंती मनाई जा रही है. लोकसभा चुनाव नजदीक है इसलिए दोनों पार्टियां अपने आप को श्रीकृष्ण सिंह के रास्ते पर चलने की बात कह रही हैं.

दूसरी तरफ सवर्ण वोटरों को भी अपने-अपने पक्ष में करने की जुगत भी दिखी. वैसे तो सवर्णों को बीजेपी का ही वोटर माना जाता है लेकिन आरक्षण के मुद्दे को लेकर थोड़े नाराज हैं.

इस कार्यक्रम के आयोजनकर्ता बीजेपी नेता विवेक ठाकुर ने कहा कि बहुत लोग बरगलाने की कोशिश करेंगे. उन्होंने कहा कि कांग्रेस और आरजेडी के लोगों को श्रीकृष्ण सिंह की जयंती मनाने का कोई हक नही हैं.

सुशील मोदी ने कहा कि श्रीकृष्ण बाबू के कार्यकाल में स्थापित बरौनी का खाद कारखाना लालू प्रसाद के कार्यकाल में बंद हो गया, जिसे चालू कराने के लिए 7500 करोड़ की लागत से नरेंद्र मोदी की सरकार ने काम प्रारंभ कर दिया और अगले दो साल में यह कारखाना चालू हो जाएगा. जबकि श्रीकृष्ण बाबू के निधन के बाद 25 वर्षों तक सत्ता में रहने के बावजदू कांग्रेस कुछ नहीं कर पाई.

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इस अवसर पर केंद्रीय समाजिक न्याय राज्य मंत्री रामदास अठावले ने कहा कि आर्थिक रूप से पिछड़े सवर्णों को भी 25 प्रतिशत आरक्षण मिलना चाहिए. अठावले ने अपनी बातें कविता के जरिए कही. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी का है नारा, इसीलिए जाग रहा है भारत सारा, बिहार में श्री बाबू थे चमकने वाला तारा, इसीलिए 2019 में बजा देंगे हम कांग्रेस का 12.

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