बीजेपी नेता शुभेंदु अधिकारी के पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या की खौफनाक वारदात के बाद से ही सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें शुभेंदु एक छोटे बच्चे को गोद में लिए हैं और एक महिला से बात कर रहे हैं. महिला रो-रोकर बंगाली भाषा में कुछ कह रही है जिस पर शुभेंदु प्रतिक्रिया दे रहे हैं. कई लोगों का कहना है कि ये वीडियो हाल-फिलहाल का है, और चंद्रनाथ के परिवार से शुभेंदु की मुलाकात को दिखाता है.
एक एक्स यूजर ने इसे पोस्ट करते हुए लिखा, "अपने पीए चंद्रनाथ रथ की हत्या होने के बाद बंगाल में शुभेंदु अधिकारी बेहद गुस्से में हैं."
वहीं, एक अन्य व्यक्ति ने लिखा, "फूट कर रो पड़े शुभेंदु अधिकारी! याचना नहीं अब रण होना चाहिये, सेक्युलर कीड़ों की पहचान करना ही होगा, वरना ऐसे ही मारे जाओगे..!"
ऐसे ही दो पोस्ट्स का आर्काइव्ड वर्जन यहां और यहां देखा जा सकता है.

लेकिन आजतक फैक्ट चेक ने पाया कि ये वीडियो अप्रैल 2025 का है जब शुभेंदु, पहलगाम हमले में जान गंवाने वाले कोलकाता के बितान अधिकारी नामक युवक के परिवार से मिलने गए थे.
कैसे पता लगाई सच्चाई?
हमने देखा कि वायरल पोस्ट पर कुछ लोगों ने कमेंट करते हुए लिखा कि ये वीडियो पहलगाम हमले के समय का है. इस जानकारी के साथ कीवर्ड सर्च करने पर ये हमें शुभेंदु अधिकारी के 23 अप्रैल, 2025 के एक एक्स पोस्ट में मिला. पोस्ट के कैप्शन के मुताबिक, ये कोलकाता का वीडियो है जब शुभेंदु ने पहलगाम हमले में मारे गए पश्चिम बंगाल के लोगों के परिवारों से मिलकर संवेदना जाहिर की थी.
इतनी बात तो यहीं साफ हो जाती है कि ये वीडियो हाल-फिलहाल का नहीं हो सकता.
खबरों के अनुसार 22 अप्रैल, 2025 को हुए पहलगाम हमले में मारे गए 26 लोगों में से तीन लोग बंगाल के थे.
न्यूज-18 की 24 अप्रैल, 2025 की रिपोर्ट में वायरल वीडियो का एक स्क्रीनशॉट देखा जा सकता है. रिपोर्ट के मुताबिक, ये वीडियो उस वक्त का है जब शुभेंदु, पहलगाम हमले में जान गंवाने वाले बितान अधिकारी के परिवार से मिले थे. शुभेंदु को देखकर बितान की पत्नी सोहिनी अधिकारी भावुक हो गई थीं. ये देखकर शुभेंदु ने उनके साढ़े तीन साल के बेटे गोद में लेकर उन्हें सांत्वना देते हुए कहा था कि वो उनके बेटे की पूरी जिम्मेदारी लेंगे.
एबीपी न्यूज की खबर के अनुसार, 40 वर्षीय बितान अमेरिका की एक आइटी कंपनी में काम करते थे. वो अपनी पत्नी और बच्चों के साथ छुट्टियां मनाने पहलगाम गए थे, जब ये खौफनाक घटना हुई और उनकी जान चली गई.
मूलरूप से पूर्व मेदिनीपुर के चांदीपुर के रहने वाले 41 वर्षीय चंद्रनाथ रथ दो दशकों से भी ज्यादा समय से शुभेंदु अधिकारी के करीबी थे. गोली मारे जाने के बाद चंद्रनाथ को एक निजी हॉस्पिटल ले जाया गया था जहां उनके परिवार के लोग और शुभेंदु - दोनों मौजूद थे. शुभेंदु ने इस वारदात को दो-तीन दिन तक रेकी करके की गई सुनियोजित हत्या बताया है.